लाइव न्यूज़ :

'आयुष्मान भारत' में बड़ा फर्जीवाड़ाः गुजरात के एक ही परिवार में 1700 आयुष्मान कार्ड, कई जगह हुआ फर्जी इलाज का भुगतान

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: January 3, 2020 14:13 IST

फर्जी कार्ड बनाकर पैसे वसूलने के ज्यादा मामले उत्तर प्रदेश, गुजरात, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, हरियाणा, उत्तराखंड और झारखंड में सामने आए हैं। फिलहाल देशभर में 2 लाख से ज्यादा फर्जी कार्ड बनाने की बात समाने आई है।

Open in App
ठळक मुद्देआयुष्मान कार्ड पर पांच लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलता है जिसका पैसा सरकार देती है। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है।

आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। इस योजना के तहत करीब 2 लाख फर्जी कार्ड बनाए जाने की बात सामने आई है। दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट के मुताबिक गुजरात के एक ही परविार में 1700 आयुष्मान कार्ड हैं, वहीं छत्तीसगढ़ के एक परिवार के 57 लोगों ने इस योजना के तहत आंख की सर्जरी करवा ली। माना जा रहा है कि इस मामला की विस्तृत जांच होने के बाद फर्जीवाड़े का खुलासा हो सकता है। मामला पीएमओ कार्यालय व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन के पास पहुंच गया है।

फर्जी कार्ड बनाकर पैसे वसूलने के ज्यादा मामले उत्तर प्रदेश, गुजरात, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, हरियाणा, उत्तराखंड और झारखंड में सामने आए हैं। फिलहाल देशभर में 2 लाख से ज्यादा फर्जी कार्ड बनाने की बात समाने आई है। आयुष्मान कार्ड पर पांच लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलता है जिसका पैसा सरकार देती है। 

आयुष्मान भारत में फर्जीवाड़े के कुछ उदाहरणः-

- गुजरात में एक अस्पतला में आरोग्य मित्र ने एक ही परिवार के नाम पर 1700 लोगों के कार्ड बना दिए। 

- छत्तीसगढ़ के एएसजी अस्पताल में एक परिवार के नाम पर 109 कार्ड बन गए और इसमें 57 लोगों ने इलाज भी करवा लिया। 

- पंजाब में दो परिवार के नाम पर 200 कार्ड बना दिए गए। 

- मध्य प्रदेश में एक परिवार के नाम पर 322 कार्ड बना दिए गए। 

गुजरात में हुई थी गिरफ्तारी

आयुष्मान भारत प्रधान मंत्री जन आरोग्य योजना के तहत फर्जी स्वास्थ्य कार्ड जारी करने के आरोप में राजकोट में छह लोगों को गिरफ्तार किया गया था। एक अधिकारी ने बताया कि आरोपी ने राजकोट के एक सरकारी स्कूल में एक शिविर का आयोजन करके फर्जी कार्ड जारी किए और प्रत्येक व्यक्ति से 700 रुपये शुल्क लिए। एक अधिकारी ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर राजकोट नगर निगम के स्वास्थ्य समिति के अध्यक्ष जैमीन ठकर ने संबंधित स्थल पर छापा मारा और पुलिस को फोन किया।

आपको बता दें कि केंद्र सरकार की यह महत्वाकांक्षी योजना सितंबर 2018 में शुरू की गई थी। इस योजना के तहत देशभर में अबतक 70 लाख लोग इलाज करवा चुके हैं। सरकार ने इसके लिए 4592 करोड़ रुपये का भुगतान किया है।

टॅग्स :नरेंद्र मोदी
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

कारोबारMP-UP Sahyog Sammelan: मप्र-उप्र मिलकर लिखेंगे विकास की नई इबारत?, बाबा विश्वनाथ की शरण में सीएम डॉ. मोहन

भारत अधिक खबरें

भारतKotma Building Collapses: 4 मंजिला इमारत हुई जमींदोज, 2 लोगों की मलबे में दबकर मौत; कई अब भी फंसे

भारतगोदाम में भर रहे थे नाइट्रोजन गैस?, विस्फोट में 4 की मौत और 2 घायल

भारतPAN Card Update: घर बैठे सुधारें पैन कार्ड में मोबाइल नंबर या नाम, बस 5 मिनट में होगा पूरा काम; देखें प्रोसेस

भारत'Three Allegations, Zero Truth': आम आदमी पार्टी द्वारा राज्यसभा की भूमिका से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा का जवाब

भारतMadhya Pradesh: अनूपपुर ज़िले में चार-मंज़िला होटल गिरने से मलबे में कई लोगों के फँसे होने की आशंका, एक की मौत