लाइव न्यूज़ :

खराब मौसम के कारण रोकी गई अमरनाथ यात्रा फिर हुई शुरू, अभी तक ढाई लाख ने किए दर्शन,अब तक 25 की मौत

By सुरेश एस डुग्गर | Updated: July 17, 2023 16:59 IST

अमरनाथ की यात्रा एक जुलाई से शुरू हुई थी। इस बार 62 दिन की यात्रा है जो 31 अगस्त को रक्षा बंधन वाले दिन संपन्न होगी। तीस जून को तीर्थयात्रा शुरू होने के बाद से गुफा में आने वाले तीर्थयात्रियों की कुल संख्या ढाई लाख से अधिक हो गई है।

Open in App
ठळक मुद्देअस्थायी रूप से निलंबित कर दी गई अमरनाथ यात्रा बहाल17 जुलाई की दोपहर तक ढाई लाख तीर्थयात्रियों ने पवित्र गुफा में हिमलिंग के दर्शन कर लिए थेयात्रा शुरू होने के बाद से 25 तीर्थयात्रियों की मौत हो चुकी है

जम्मू:  खराब मौसम के कारण पहलगाम और बालटाल मार्गों पर रविवार को अस्थायी रूप से निलंबित कर दी गई अमरनाथ यात्रा को आज बहाल कर दिया गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। इस बीच, 17 जुलाई की दोपहर तक ढाई लाख तीर्थयात्रियों ने पवित्र गुफा में हिमलिंग के दर्शन कर लिए थे। तीस जून को तीर्थयात्रा शुरू होने के बाद से गुफा में आने वाले तीर्थयात्रियों की कुल संख्या ढाई लाख से अधिक हो गई है।

अधिकारियों ने बताया कि खराब मौसम के कारण एहतियात के तौर पर रविवार तड़के दक्षिण कश्मीर में पारंपरिक नुनवान पहलगाम आधार शिविर और मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले के बालटाल से यात्राएं अस्थायी रूप से निलंबित कर दी गईं थीं। कई जगहों पर फिसलन थी। अधिकारी ने बताया कि जैसे ही मौसम में सुधार हुआ, तीर्थयात्रियों को दोनों तरफ के पड़ाव स्थलों से आगे बढ़ने की अनुमति दे दी गई।

उन्होंने कहा कि महिलाओं और साधुओं सहित बड़ी संख्या में तीर्थयात्री सुबह दुमेल के रास्ते अमरनाथ गुफा तीर्थयात्रा के लिए बालटाल आधार शिविर से रवाना हुए। हालांकि, बारिश के कारण एहतियात के तौर पर उन्हें स्टापिंग प्वाइंट पर रोक दिया गया। उन्होंने कहा कि मौसम में सुधार होते ही यात्रा फिर से शुरू हो गई। बारिश रुकने के बाद यात्रा पहलगाम के पारंपरिक मार्ग पंजतरणी और अन्य पड़ाव स्थलों से होते हुए फिर से शुरू हुई।

अगर मौसम की मेहरबानी बनी रही तो एक सप्ताह में यात्रा तीन लाख का आंकड़ा पार कर जाएगी। यात्रा के लिए देश के कोने-कोने से श्रद्धालु व साधु जम्मू पहुंच रहे हैं। सोमवार सुबह जम्मू के यात्री निवास भगवती नगर से 6216 श्रद्धालुओं का 15वां जत्था रवाना हुआ।

अमरनाथ की यात्रा एक जुलाई से शुरू हुई थी। इस बार 62 दिन की यात्रा है जो 31 अगस्त को रक्षा बंधन वाले दिन संपन्न होगी। अधिकारियों ने बताया कि आज जो जत्था रवाना हुआ उसमें 4204 पुरुष, 1871 महिलाएं, 16 बच्चे, 78 साधु और 47 साध्वियां शामिल थीं। इस साल 30 जून से यात्रा शुरू होने के बाद से 25 तीर्थयात्रियों की मौत हो चुकी है। इनमें से  24 की मौत प्राकृतिक कारणों से हुई, जबकि एक महिला तीर्थयात्री की रविवार को पत्थर लगने से मौत हो गई। महिला तीर्थयात्री को बचाने की कोशिश में दो पुलिसकर्मी भी घायल हो गए।

टॅग्स :अमरनाथ यात्राJammuजम्मू कश्मीरArmy
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारदर्द कोई समझे, रील्स से बर्बादी तक?, कैसे पर्यटक और कंटेंट क्रिएटर्स पंपोर सरसों खेतों को पहुंचा रहे हैं नुकसान?

कारोबारईरान में फिर से फंसे सैकड़ों कश्मीरी छात्र?, 7 दिन के लिए बंद अजरबैजान सीमा

भारतगंदरबल एनकाउंटर: 7 दिन में रिपोर्ट पेश करो?, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने एक्स पर लिखा

भारतअमरनाथ यात्रा पर पहलगाम नरसंहार की परछाई?, सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता, 29 जून को पूजा और 17 जुलाई से शुरू?

भारतJammu-Kashmir: पाक की ओर से जम्मू सीमा पर गोलीबारी, भारतीय रिमोटली पायलटेड एयरक्राफ्ट पर हमले की कोशिश नाकाम

भारत अधिक खबरें

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए