लाइव न्यूज़ :

71 सेवानिवृत्त नौकरशाहों ने लिखा पीएम मोदी को पत्र, राजनीतिक लाभ के लिए परिश्रमी और ईमानदार अधिकारियों को परेशान न करें

By भाषा | Updated: October 5, 2019 20:58 IST

सरकार ने आईएनएक्स मीडिया को एफआईपीबी मंजूरी देने के मामले में पिछले महीने सीबीआई को नीति आयोग की पूर्व मुख्य कार्याधिकारी सिंधुश्री खुल्लर, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय के पूर्व सचिव अनूप के. पुजारी, वित्त मंत्रालय में तत्कालीन निदेशक प्रबोध सक्सेना और आर्थिक मामले विभाग में पूर्व अवर सचिव रबींद्र प्रसाद पर मुकदमा चलाने की मंजूरी दे दी थी।

Open in App
ठळक मुद्देपूर्व नौकरशाहों ने ‘‘संकीर्ण राजनीतिक लाभ’’ के लिए सेवानिवृत्त एवं सेवारत नौकरशाहों को ‘‘चुनिंदा ढंग से निशाना बनाए जाने’’ पर भी चिंता जताई।पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम पर मुकदमा चलाने की मंजूरी पहले ही दे दी थी जिसके बाद उन्हें सीबीआई ने गिरफ्तार कर लिया था।

आईएनएक्स मीडिया मामले में वित्त मंत्रालय के चार पूर्व अधिकारियों पर मुकदमा चलाने पर चिंता व्यक्त करते हुए 71 सेवानिवृत्त नौकरशाहों ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र लिखा और कहा कि इस तरह की कार्रवाई परिश्रमी और ईमानदार अधिकारियों को महत्वपूर्ण निर्णय लेने में हतोत्साहित करेगी।

उन्होंने मांग की कि एक उचित समय अवधि होनी चाहिए जिसके बाद फाइलें दोबारा नहीं खोली जानी चाहिए। पत्र पर पूर्व कैबिनेट सचिव के एम चंद्रशेखर, पूर्व विदेश सचिव एवं पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार शिवशंकर मेनन, पूर्व विदेश सचिव सुजाता सिंह और पंजाब के पूर्व नौकरशाह जूलियो रिबेरियो जैसे सेवानिवृत्त नौकरशाहों के हस्ताक्षर हैं।

पूर्व नौकरशाहों ने ‘‘संकीर्ण राजनीतिक लाभ’’ के लिए सेवानिवृत्त एवं सेवारत नौकरशाहों को ‘‘चुनिंदा ढंग से निशाना बनाए जाने’’ पर भी चिंता जताई। सरकार ने आईएनएक्स मीडिया को एफआईपीबी मंजूरी देने के मामले में पिछले महीने सीबीआई को नीति आयोग की पूर्व मुख्य कार्याधिकारी सिंधुश्री खुल्लर, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय के पूर्व सचिव अनूप के. पुजारी, वित्त मंत्रालय में तत्कालीन निदेशक प्रबोध सक्सेना और आर्थिक मामले विभाग में पूर्व अवर सचिव रबींद्र प्रसाद पर मुकदमा चलाने की मंजूरी दे दी थी।

सरकार ने इस साल फरवरी में पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम पर मुकदमा चलाने की मंजूरी पहले ही दे दी थी जिसके बाद उन्हें सीबीआई ने गिरफ्तार कर लिया था। पत्र में कहा गया है कि यदि परिश्रमी और ईमानदार अधिकारियों को तत्कालीन सरकार के नीतिगत निर्णयों को क्रियान्वित करने के अलावा बिना किसी गलती के चुनिंदा ढंग से निशाना बनाया जाता है तो सेवारत अधिकारी स्वाभाविक रूप से हतोत्साहित होंगे। 

टॅग्स :मोदी सरकारनरेंद्र मोदीआईएनएक्स मीडियापी चिदंबरमभारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

भारतTamil Nadu Election 2026: क्या CBSE का नया सिलेबस भाषा विवाद की जड़? सीएम स्टालिन ने कहा- "भाषा थोपने का सुनियोजित प्रयास"

भारतImport Duty Cut: सरकार ने आज से 41 वस्तुओं पर हटाया आयात शुल्क, चेक करें पूरी लिस्ट

भारतऊर्जा संकट में भी आत्मविश्वास कायम रहने का क्या है राज ?

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारत अधिक खबरें

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए

भारतघायल हूं इसलिए घातक हूं?, राघव ने एक्स पर किया पोस्ट, मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया गया झूठ भी सच लगने लगता, वीडियो

भारत‘फ्यूचर सीएम ऑफ बिहार’?, निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाओ, जदयू कार्यकर्ताओं ने पटना में लगाए पोस्टर