लाइव न्यूज़ :

कोयला संकट से जूझ रहे ओडिशा के उद्योगों की मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप की अपील

By भाषा | Updated: October 9, 2021 17:40 IST

Open in App

भुवनेश्वर, नौ अक्टूबर उद्योग संगठन उत्कल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री लिमिटेड (यूसीसीआई) ने ओडिशा सरकार से राज्य स्थित उद्योगों को कोयले की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करने का आग्रह किया है। यूसीसीआई का कहना है कि इन उद्योंगों को अपनी इकाइयों चलाने के लिए कोयले के भारी संकट का सामना करना पड़ रहा है।

मुख्यमंत्री नवीन पटनायक को लिखे पत्र में यूसीसीआई ने शुक्रवार को कहा, "हम राज्य में मौजूदा कोयले के गंभीर संकट की स्थिति पर आपका ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं। कई इकाइयों के पास इस ईंधन का भंडार नहीं है।"

पत्र में कहा गया है कि जहां छोटे और मझोले उद्योगों की परेशानी दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है, वहीं इस्पात संयंत्र, एल्युमीनियम स्मेल्टर और अन्य बड़े उद्योग एक ऐसे स्तर पर काम कर रहे हैं, जहां यही स्थिति जारी रही, तो उनका परिचालन लाभप्रद नहीं रह जायेगा।

चूंकि राज्य के लघु और मझोले उद्योगों वाली ये इकाइयाँ लाखों लोगों को रोजगार प्रदान करती हैं, इसलिए यूसीसीआई ने आशंका जताई कि कोयले की कमी की स्थिति इन लोगों का रोजगार प्रभावित हो सकता है।

यूसीसीआई के अध्यक्ष ब्रह्म मिश्रा ने कहा कि हालांकि राज्य में प्रचुर मात्रा में कोयला भंडार है, लेकिन ओडिशा स्थित स्थानीय उद्योग कोयले की कमी का सामना कर रहे हैं और कोयला / बिजली आयात करने के लिए मजबूर हैं, क्योंकि उन्हें कोयले का पर्याप्त हिस्सा नहीं मिल रहा है।

राज्य में कोयला भंडार देश के जमा भंडार का लगभग 25 प्रतिशत है, और कोल इंडिया लिमिटेड (सीआईएल) की सहायक कंपनी महानदी कोलफील्ड्स लिमिटेड (एमसीएल) 15 करोड़ टन कोयले का उत्पादन करती है। ओडिशा स्थित बिजली संयंत्रों (16,000 मेगावॉट) को प्रतिवर्ष 9-9.5 करोड़ टन कोयले की आवश्यकता होती है, जो कि लागत दक्ष टिकाऊ उद्योग संचालन के लिए ओडिशा के कोयला उत्पादन का 60 प्रतिशत हिस्सा है।

यूसीसीआई ने कहा कि ओडिशा के 65 प्रतिशत से अधिक कोयले की आपूर्ति अन्य राज्यों में स्थित बिजली संयंत्रों को की जा रही है। इसलिए ओडिशा स्थित स्थानीय उद्योग कोयले की कमी का सामना कर रहे हैं और वे कोयला / बिजली आयात करने के लिए मजबूर हैं क्योंकि उन्हें ओडिशा के कोयला उत्पादन का 45 प्रतिशत से कम हिस्सा मिल रहा है।

यूसीसीआई ने राज्य सरकार से स्थानीय उद्योगों को कोयले की आपूर्ति बढ़ाने के लिए एमसीएल और सीआईएल को आवश्यक निर्देश देने के लिए कोयला मंत्रालय से बातचीत करने का अनुरोध किया है।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

पूजा पाठPanchang 11 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 11 April 2026: आज वृषभ समेत इन 4 राशिवालों के लिए रहेगा शनि भारी, अचानक आ सकती है बड़ी परेशानी

पूजा पाठBohag Bihu 2026: कब है रोंगाली बिहू? जानिए क्यों खास हैं उत्सव के ये 7 दिन

भारतमहात्मा ज्योतिराव फुलेः 200वें जयंती, भारत के दिव्य पथ-प्रदर्शक

भारतBaramati Bypoll 2026: राजनीतिक पतन के बाद बारामती में समर्थन

कारोबार अधिक खबरें

कारोबार10 अप्रैल सोने का भाव?, जानिए 18, 22 और 24 कैरेट के लिए आपको कितना पैसा देना होगा?

कारोबारकिसान को 9000, महिला को 3000 और ग्रेजुएट युवा को 3,000 रुपये?, भाजपा का 'संकल्प पत्र' जारी, अमित शाह ने खेला दांव, वीडियो

कारोबारनेपाल में पेट्रोल 17, किरोसिन-डीजल 25 रुपया महंगा?, सिलेंडर की कीमत में 100 रुपये की बढ़ोतरी, नई दरें 10 अप्रैल से लागू

कारोबारAgricultural Land Tax Rules: बिना टैक्स चुकाए कैसे बेचें अपनी कृषि भूमि? जानें टैक्स बचाने के कानूनी रास्ते

कारोबारPetrol-Diesel Price Today: ग्लोबल टेंशन के बीच तेल कंपनियों ने जारी किए नए दाम, जानें आज कितनी ढीली होगी जेब