लाइव न्यूज़ :

Abu Dhabi First Hindu Temple: 14 फरवरी को पीएम मोदी करेंगे उद्घाटन, अबू धाबी का पहला हिंदू मंदिर, जानें 20 बड़ी बातें, क्या है खासियत

By सतीश कुमार सिंह | Updated: February 13, 2024 13:45 IST

Abu Dhabi First Hindu Temple: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी बुधवार को इस मंदिर का उद्घाटन करेंगे।

Open in App
ठळक मुद्देअबू मुरीखा क्षेत्र में स्थित यह मंदिर 700 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से बना है।शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान द्वारा दान की गई 13.5 एकड़ जमीन पर बनाया गया है।2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की देश यात्रा के दौरान जमीन दान की थी।

Abu Dhabi First Hindu Temple: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के लिए रवाना हो गए। 2015 के बाद से पीएम मोदी की UAE की यह सातवीं और पिछले आठ महीनों में तीसरी यात्रा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 14 फरवरी को अबू धाबी में प्रतिष्ठित बीएपीएस हिंदू मंदिर का उद्घाटन करने वाले हैं। आध्यात्मिक नेता महंत स्वामी महाराज मंदिर के उद्घाटन की अध्यक्षता करेंगे, जो मध्य पूर्व में पहला पारंपरिक हिंदू पत्थर मंदिर है। मंदिर के उद्घाटन से पहले 12 फरवरी को सद्भाव के लिए एक प्रतीकात्मक 'यज्ञ' आयोजित किया गया।

आइए जानें मंदिर और इसके उद्घाटन के बारे में 20 प्रमुख बातें (explore 10 key things about the temple and its inauguration)-

1ः अबू मुरीखा क्षेत्र में स्थित यह मंदिर 700 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से बना है। गुलाबी राजस्थान बलुआ पत्थर और सफेद इतालवी संगमरमर पत्थर को भारत में तराशा गया और बाद में संयुक्त अरब अमीरात में इकट्ठा किया गया।

2ः यह मंदिर अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान द्वारा दान की गई 13.5 एकड़ जमीन पर बनाया गया है। उन्होंने 2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की देश यात्रा के दौरान जमीन दान की थी।

3ः बीएपीएस या बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था एक हिंदू संप्रदाय है। भगवान कृष्ण के अवतार के रूप में स्वामीनारायण के प्रति अपनी श्रद्धा के लिए जाने जाने वाले इस संप्रदाय ने निर्माण का नेतृत्व किया।

4ः यह डिज़ाइन वैदिक वास्तुकला और मूर्तियों से प्रेरित है। मंदिर के सात शिखरों में से प्रत्येक संयुक्त अरब अमीरात के एक अमीरात का प्रतीक है।

5ः 2017 में पीएम मोदी ने आधारशिला रखी थी। यूएई सरकार ने जनवरी 2019 में 13.5 एकड़ जमीन और आवंटित की।

6ः मंदिर के अंदर अन्य स्थानों के अलावा प्रार्थना कक्ष, एक आगंतुक केंद्र और विषयगत उद्यान हैं।

7ः फाउंडेशन में करीब 100 सेंसर लगे हैं। इसके अलावा, भूकंपीय गतिविधि आदि की जांच करने के लिए विभिन्न अन्य क्षेत्रों में अधिक सेंसर हैं।

8ः अयोध्या राम मंदिर की तरह इस मंदिर को बनाने में लोहे और स्टील का इस्तेमाल नहीं किया गया है।

9ः उद्घाटन समारोह को सुचारू बनाने के लिए एक पंजीकरण पोर्टल स्थापित किया गया है। परिवहन की व्यवस्था की जा रही है। यह कार्यक्रम संयुक्त अरब अमीरात में 150 भारतीय सामुदायिक संगठनों द्वारा आयोजित किया जा रहा है।

10ः मंदिर में बच्चों के लिए कक्षाएं, प्रदर्शनी केंद्र और खेल क्षेत्र भी होंगे।

11ः गंगा और यमुना का पवित्र जल, राजस्थान का गुलाबी बलुआ पत्थर, भारत से पत्थरों को लाने में इस्तेमाल किए लकड़ी के बक्सों से बना फर्नीचर अबू धाबी का पहला हिंदू मंदिर देश के विभिन्न हिस्सों के योगदान से बना वास्तुकला का एक चमत्कार है।

12ः मंदिर के दोनों ओर गंगा और यमुना का पवित्र जल बह रहा है जिसे बड़े-बड़े कंटेनर में भारत से लाया गया है। मंदिर प्राधिकारियों के अनुसार, जिस ओर गंगा का जल बहता है वहां पर एक घाट के आकार का एम्फीथिएटर बनाया गया है। भारत में बने घाटों की यादें ताजा हो जाएं। भारत में गंगा और यमुना नदियों को दर्शाती हैं।

13ः ‘त्रिवेणी’ संगम बनाने के लिए मंदिर की संरचना से रोशनी की किरण आएगी जो सरस्वती नदी को दर्शाएगी।

14ः दुबई-अबू धाबी शेख जायेद हाइवे पर अल रहबा के समीप स्थित बोचासनवासी श्री अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था (बीएपीएस) द्वारा निर्मित हिंदू मंदिर करीब 27 एकड़ जमीन पर बनाया गया है।

15ः मंदिर के अग्रभाग पर बलुआ पत्थर पर उत्कृष्ट संगमरमर की नक्काशी है, जिसे राजस्थान और गुजरात के कुशल कारीगरों द्वारा 25,000 से अधिक पत्थर के टुकड़ों से तैयार किया गया है। मंदिर के लिए उत्तरी राजस्थान से अच्छी-खासी संख्या में गुलाबी बलुआ पत्थर अबू धाबी लाया गया है।

16ः मंदिर के निर्माण के लिए 700 से अधिक कंटेनर में दो लाख घन फुट से अधिक ‘पवित्र’ पत्थर लाया गया है। गुलाबी बलुआ पत्थर भारत से लाया गया है। पत्थर पर नक्काशी वहां के मूर्तिकारों ने की है और इसे यहां के श्रमिकों ने लगाया है। इसके बाद कलाकारों ने यहां डिजाइन को अंतिम रूप दिया है। जिन लकड़ी के बक्सों और कंटेनर में पत्थरों को अबू धाबी लाया गया है, उनका मंदिर में फर्नीचर बनाने में इस्तेमाल किया गया है।

17ः मंदिर का निर्माण कार्य 2019 से चल रहा है। मंदिर के लिए जमीन संयुक्त अरब अमीरात ने दान में दी है। संयुक्त अरब अमीरात में तीन और हिंदू मंदिर हैं जो दुबई में स्थित हैं।

18ः अद्भुत वास्तुशिल्प और नक्काशी के साथ एक बड़े इलाके में फैला बीएपीएस मंदिर खाड़ी क्षेत्र में सबसे बड़ा मंदिर होगा।

19ः प्रधानमंत्री मोदी आज से संयुक्त अरब अमीरात की दो दिवसीय यात्रा शुरू करेंगे।

20ः यह 2015 के बाद से इस खाड़ी देश की उनकी सातवीं और पिछले आठ महीने में तीसरी यात्रा है।

 

टॅग्स :UAEनरेंद्र मोदीNarendra Modi
Open in App

संबंधित खबरें

विश्वकर्ज़ में डूबे पाकिस्तान के लिए भारी मुसीबत, यूएई ने इसी महीने 3.5 अरब डॉलर का लोन चुकाने को कहा

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

कारोबारपश्चिम एशिया में 10,000 से अधिक कर्मचारी?, टाटा समूह ने सहायता योजना की शुरू

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

विश्व अधिक खबरें

विश्ववैज्ञानिकों ने हमारे सौरमंडल के बाहर 45 पृथ्वी जैसे ग्रहों को खोज निकाला

विश्वअसल समस्या ट्रम्प हैं या दुनिया का दरोगा बनने की अमेरिकी मनोदशा?

विश्वअबू धाबी में रोकी गई ईरानी मिसाइलों के मलबे की चपेट में आने से घायल 12 लोगों में 5 भारतीय शामिल

विश्व2027 में रिटायरमेंट और 2026 में जबरन हटाया?, सेना प्रमुख जनरल रैंडी जॉर्ज पर गाज?, ईरान युद्ध के बीच अमेरिकी रक्षा में हलचल

विश्वअमेरिका-इजरायल के वार बेअसर? हमलों के बावजूद ईरान की मिसाइल क्षमता बरकरार: रिपोर्ट