नवरात्रि यानी 'नौ-रात'। हिन्दू धर्म में ये त्योहार वर्ष में चार बार आता है-चैत्र, आषाढ़, आश्विन और माघ। चैत्र में चैत्र नवरात्रि और अश्विन में इस पर्व को शारदीय नवरात्रि के नाम से जाना जाता है। इन दो नवरात्रि से ठीक पहले गुप्त नवरात्रि आते हैं, जिन्हें गुप्त एवं तांत्रिक साधनाओं के लिए जाना जाता है। लेकिन हिन्दू परिवारों में चैत्र और शारदीय नवरात्रि का महत्व है और इसे ही विशेष रूप से मनाया जाता है। Read More
Ram Navami 2025: 'चैत्र नवरात्रि' की अष्टमी तिथि के पावन अवसर पर आज जनपद बलरामपुर के तुलसीपुर स्थित आदिशक्ति माँ पाटेश्वरी देवी शक्तिपीठ में भक्तवत्सला माँ भगवती के दर्शन-पूजन का सौभाग्य प्राप्त हुआ। ...
Chaitra Navratri 2025:चैत्र नवरात्रि का शुभ हिंदू त्योहार 30 मार्च से शुरू हो रहा है। यहां आपको उपवास के दौरान क्या करना चाहिए और क्या नहीं करना चाहिए, इसकी जानकारी दी गई है। ...
Chaitra Navratri 2025:इसका मतलब है कि देवी के आगमन से सुख, समृद्धि और शांति आएगी। यह दर्शाता है कि अच्छी बारिश होगी, जिससे फसलें लहलहाएंगी और किसान समृद्ध होंगे। ...