लाइव न्यूज़ :

कर्नाटक: बेंगलुरु भैंस रेसिंग खेल 'कंबाला' की मेजबानी के लिए तैयार, पढ़ें पूरी डिटेल

By अनुभा जैन | Updated: October 18, 2023 14:37 IST

विधायक अशोक कुमार राय ने बताया कि कंबाला आयोजक अब जानवरों के प्रति किसी भी प्रकार की क्रूरता से बचने और उनके साथ अच्छा व्यवहार सुनिश्चित करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करेंगे।

Open in App

बेंगलुरु: दक्षिण कन्नड़, उडुपी और केरल के कासरगोड जिले में लोकप्रिय भैंस रेसिंग खेल कंबाला नवंबर में गार्डन सिटी “नम्मा बेंगलुरु“ में आयोजित किया जा रहा है। इस खेल में लगभग 125 जोड़ी भैंसों और इतनी ही संख्या में जॉकी के भाग लेने की उम्मीद है। भैंसें एक ट्रक में कार्यक्रम स्थल तक पहुंचेंगी। शक्ति के भैंसे मिजर पुट्टा और मिजर अप्पू छह सीजन से लगातार पदक जीत रहे हैं।

अनुमान है कि इस आयोजन पर 6 करोड़ रुपये खर्च होंगे और इसमें 6-7 लाख लोगों के आने की संभावना है। समय के साथ कम्बाला एक महत्वपूर्ण स्पोर्ट बन गया है। पहले यह खेल केवल तटीय कर्नाटक के छोटे शहरों और तालुकाओं में आयोजित किया जाता था लेकिन अब इसे शहरों में भी आयोजित किया जा रहा है।

पहले, विजेताओं को पुरस्कार के रूप में फल और सब्जियाँ दी जाती थीं, लेकिन अब उन्हें सोने और नकदी के स्मृति चिन्ह से सम्मानित किया जाता है। विजेताओं का चयन गति और वे कितनी ऊंचाई से पानी छिड़कते हैं, के आधार पर किया जाता है।

कंबाला अकादमी के अध्यक्ष और दक्षिण कन्नड़ कंबाला समिति के संस्थापक सचिव गुणपाल कदंबा ने कहा कि कंबाला की मुख्य रूप से दो किस्में हैं। पारंपरिक समारोह धान के खेतों में आयोजित किया जाता है और भैंसों की दक्षता और कौशल के अनुसार छह श्रेणियों में आयोजित किया जाता है।

और, दूसरी ओर, आधुनिक कम्बाला पानी और कीचड़, फ्लडलाइट, लेजर बीम और आधुनिक सुविधाओं वाली प्रौद्योगिकियों से भरी चार फुट गहरी जमीनी टरेक पर आयोजित किया जाता है।

प्रत्येक दौर में एक जॉकी के साथ भैंसों के दो जोड़े प्रतिस्पर्धा करते हैं, और अंततः विजेता अगले दौर में पहुंच जाते हैं। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए कार्यक्रम स्थल पर पशु चिकित्सक और एम्बुलेंस भी तैनात रहेंगे।

गौरतलब है कि जानवरों पर क्रूरता को देखते हुए साल 2014 में सुप्रीम कोर्ट ने कंबाला पर प्रतिबंध लगा दिया था। हालाँकि, 2017 में जनता और राजनीतिक नेताओं द्वारा बनाए गए अत्यधिक दबाव के कारण, खेल वैध हो गया।

विधायक अशोक कुमार राय ने बताया कि कंबाला आयोजक अब जानवरों के प्रति किसी भी प्रकार की क्रूरता से बचने और उनके साथ अच्छा व्यवहार सुनिश्चित करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करेंगे।

टॅग्स :बेंगलुरुकर्नाटकBuffalo
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टप्रोफेसर राजू से चक्कर और नंबर भी खूब दे रहे तुम्हे?, सहपाठियों ने अफवाहें फैलाकर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया, 22 वर्षीय मेडिकल छात्रा निकिता ने दी जान?, सुसाइड नोट मिला

क्राइम अलर्ट'मैं कसूरवार हूं', बच्चे की मौत का गम नहीं सह पाई मां, टेक-सिटी बेंगलुरु में महिला इंजीनियर ने की खुदखुशी

क्राइम अलर्टAI के कारण अमेरिका में नौकरी खो दी?, मुस्लिम लड़की शाज़िया सिराज से शादी, बेरोजगार सॉफ्टवेयर इंजीनियर बानू चंद्र रेड्डी और पत्नी ने दी जान, सुसाइड नोट में लिखा-परिवार ने नहीं दिया साथ?

क्राइम अलर्टशादी से पहले कई लड़के से संबंध, विवाह के बाद 'अमीर' दोस्तों के साथ शराब पार्टी?, सास आशा और ससुर माधव कृष्ण ने घर किया बर्बाद, पति ने परेशान होकर पत्नी पर लगाए आरोप

क्राइम अलर्टदरवाजा नहीं खोल रहा, पड़ोसियों ने देखा तो उड़े होश?, फांसी लगाकर सॉफ्टवेयर इंजीनियर पति भानु चंद्र रेड्डी कुंटा ने दी जान, 17वीं मंजिल से कूदकर पत्नी शाजिया सिराज ने की आत्महत्या

पूजा पाठ अधिक खबरें

पूजा पाठPanchang 04 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 04 April 2026: कुंभ राशिवालों को अचानक धनलाभ मिलने की संभावना, जानें सभी राशियों का फल

पूजा पाठGrah Gochar April 2026: अप्रैल में 4 राशिवालों के लिए बनेंगे कई राजयोग, ये ग्रह गोचर दे रहे हैं शुभ संकेत

पूजा पाठPanchang 03 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 03 April 2026: आज अवसर का लाभ उठाएंगे कर्क राशि के लोग, जानें अन्य सभी राशियों का भविष्य