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'मुझे कोई प्रॉब्लम नहीं, खुद लिया नाम वापस, हमसब मोदी जी में समा गए हैं', उमा भारती ने भूमिपूजन में जाने पर विपक्ष को दिया जवाब

By पल्लवी कुमारी | Updated: August 5, 2020 05:48 IST

Ram Mandir Bhoomi Poojan: अयोध्या में आज यानी 5 अगस्त को भव्य राम मंदिर निर्माण के लिए भूमिपूजन होने जा रहा है। पीएम मोदी आज अयोध्या राम मंदिर भूमिपूजन में हिस्सा लेने जाएंगे।

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ठळक मुद्देउमा भारती ने कहा, 'हम सब मोदी जी में समा गए हैं...मोदी जी का भूमिपूजन में होना ही हमारा होना है।'उमा भारती आज भले ही राम मंदिर कार्यक्रम में शामिल नहीं हो रही हैं लेकिन वह अयोध्या में सरयू के किनारे मौजूद रहेंगी।

अयोध्या: राम मंदिर आंदोलन में अहम भूमिका निभाने वाली बीजेपी की वरिष्ठ नेता और मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती आज (5 अगस्त) भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल नहीं होगीं। लेकिन उमा भारती ने जानकारी दी है कि वह अयोध्या में सरयू नदी के किनारे राम मंदिर भूमिपूजन के वक्त रहेंगी। उमा भारती के भूमि पूजन में शामिल ना होने को लेकर विपक्ष के कई नेताओं ने सवाल उठाए हैं। जिसका जवाब देते हुए उमा भारती ने कहा है वह अपनी मर्जी ने भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल नहीं हो रही हैं। उमा भारती ने कहा है कि उन्होंने खुद भूमि पूजन कार्यक्रम से नाम वापस लिया है। 

न्यूज चैनल से बात करते हुए उमा भारती ने राम मंदिर भूमिपूजन में जाने के विपक्ष के सवालों पर कहा, ''मुझे कोई प्रॉब्लम नहीं है, मैं बहुत खुश हूं, मैंने खुद नाम वापस लिया है। मैं चाहती हूं कि उस कार्यक्रम में कम से कम लोग रहें। विपक्ष का मुझे कोई जवाब नहीं देना...कौन सा विपक्ष...ये एक महान कार्य हो रहा है...राम मंदिर का भूमिपूजन हो रहा है...इसमें ये अहंकार पालना कि मुझे नहीं बुलाया गया.. ये उचित नहीं है। आपका सपना आपकी इच्छा पूरी हुई है, इसका आनंद लीजिए।''

उमा भारती ने कहा, 'हम सब मोदी जी में समा गए हैं...मोदी जी का वहां होना ही हमारा होना है। हम अपने आप को मोदी जी से अलग नहीं समझते हैं।'

उमा भारती ने ट्वीट कर भी कहा है,'' मैं अयोध्या में रहूंगी और शिलान्यास वाले मुहूर्त पर शिलान्यास वाले स्थान से बहुत दूर उसी समय सरयू के किनारे मौजूद रहूंगी।''

उमा भारती ने ट्वीट कर ये भी कहा है, ''मेरी अपनी बहुत ही निजी राय में जो अतिथिगण मंच पर मौजूद हैं उनके साथ पूजा कराने वाले पंडित के अलावा कोई कार्यक्रम स्थल पर नहीं होना चाहिए। राम अनादि से अनंत तक हैं।  पूरे विश्व एवं अयोध्या के साधु-संत एवं राम भक्त राम में ही समाये हुए हैं इसलिए हम जहां भी होंगे हम उस कार्यक्रम में भागीदार हो जाएंगे। मैं भी अयोध्या न जाती किंतु मुझे आने की सूचना मिली उससे मेरा जाने का मन बना फिर तो यह राम का, सरयू का, अयोध्या का बुलावा था। इसलिए मैं वहां पर रहूंगी, सरयू के किनारे रहूंगी एवं रामलला के दर्शन करके वापस लौट आऊंगी।''

टॅग्स :उमा भारतीराम मंदिरअयोध्याभारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद मामला
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