1 / 8-देवशयनी एकादशी को सबसे शुभ एकादशियों में से एक माना जाता है। (प्रतीकात्मक तस्वीर)2 / 8-देवशयनी एकादशी आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की 11वीं तिथि को आती है। (प्रतीकात्मक तस्वीर)3 / 8-हिंदू शास्त्रों के अनुसार, चार महीने की अवधि के दौरान कोई भी शुभ कार्य नहीं किया जाता है जब भगवान विष्णु क्षीर सागर में विश्राम करते हैं। (प्रतीकात्मक तस्वीर)4 / 8-द्रिक पंचांग के अनुसार देवशयनी एकादशी 17 जुलाई 2024 को मनाई जा रही है। (प्रतीकात्मक तस्वीर)5 / 8-हिंदू पौराणिक कथाओं के अनुसार, देवउठनी एकादशी पर भगवान विष्णु जागते हैं तभी शुभ कार्य शुरू होते हैं। (प्रतीकात्मक तस्वीर)6 / 8-देवशयनी एकादशी से चातुर्मास शुरू होता है जोकि चार महीने तक चलता है। इस दौरान किसी तरह का कोई शुभ कार्य नहीं किया जाता है। शादी, गृह प्रवेश, मुंडन या अन्य किसी तरह के शुभ कार्य इस दौरान नहीं होंगे। (प्रतीकात्मक तस्वीर)7 / 8-देवशयनी एकादशी के दिन सात्विक भोजन करना चाहिए। इस दिन मांस, प्याज, लहसुन आदि का सेवन नहीं करना चाहिए क्योंकि इन चीजों से मन में नकारात्मक विचार आ सकते हैं। (प्रतीकात्मक तस्वीर)8 / 8-देवशयनी एकादशी के शुभ दिन पर, भक्तों को चावल का सेवन नहीं करना चाहिए क्योंकि एकादशी के दिन चावल खाना सख्त वर्जित है। (प्रतीकात्मक तस्वीर)