लाइव न्यूज़ :

जम्‍मू-श्रीनगर राजमार्ग खुला, भारी वाहनों को मनाही; कश्मीर में सेब व्यापार को नुकसान

By सुरेश एस डुग्गर | Updated: September 10, 2025 12:02 IST

Jammu-Srinagar Highway: जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग के लंबे समय तक बंद रहने से कश्मीर के बाजारों में भारी उथल-पुथल मची हुई है। व्यापारियों ने भारी नुकसान और आवश्यक वस्तुओं की कमी की सूचना दी है।

Open in App

Jammu-Srinagar Highway: 15 दिनों के अथक प्रयासों के उपरांत जम्‍मू-श्रीनगर राजमार्ग को एकतरफा हल्‍के वाहनों के लिए खोल दिए जाने के उपरांत कश्‍मीरियों की जान में जान तो आई है पर अभी भी इस पर भारी वाहनों की आवाजाही स्‍थगित होने के कारण कश्‍मीर में जरूरी वस्‍तुओं की किल्‍लत महसूस की जाने लगी है। यही नहीं राजमार्ग के बंद रहने का नतीजा सेब के व्‍यापारियों को भुगतना पड़ रहा है जिनकी फसलें रास्‍ते में सड़ने लगी हैं।यह सच है कि जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग के लंबे समय तक बंद रहने से कश्मीर के बाज़ारों में भारी नुकसान और जरूरी वस्तुओं की कमी की खबरें आ रही हैं।

दरअसल कहते हैं कि सिलाई की सुई से लेकर हेलीकाप्टर तक कश्मीर में लगभग हर चीज बाहर से आती है। 15 दिनों से ज्‍यादा समय से राजमार्ग बंद होने के कारण, न सिर्फ किसान, बल्कि व्यापारी भी इसकी मार झेल रहे हैं, क्योंकि आपूर्ति कम हो गई है और बाजार अभूतपूर्व संकट का सामना कर रहे हैं।

कश्मीर ट्रेडर्स एंड मैन्युफैक्चरर्स फेडरेशन (केटीएमएफ) के अध्यक्ष यासीन खान ने इसकी पुष्टि की है कि राजमार्ग बंद के कारण व्यापार "पूरी तरह से चौपट" हो गया है।

उनका कहना था कि जरूरी सामान की कमी हो रही है, कुछ दुकानें बंद हो गई हैं, और हालांकि सटीक अनुमान नहीं लगाया जा सकता, लेकिन भारी नुकसान दिखाई दे रहा है। वे कहते थे कि लगभग हर क्षेत्र प्रभावित है क्योंकि कश्मीर बाहरी आपूर्ति पर निर्भर है, जिसमें चावल और तेल से लेकर पेट्रोलियम उत्पाद और इलेक्ट्रानिक्स तक शामिल हैं।

जबकि चैंबर आफ कामर्स एंड इंडस्ट्री कश्मीर (सीसीआईके) के अध्यक्ष तारिक गनी कहते थे कि नुकसान करोड़ों में है। उनका कहना था कि स्‍टाक खत्म होने से सिर्फ एक व्यापारी ही नहीं, बल्कि सभी बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। उत्पादों की अनुपलब्धता के कारण कमी बढ़ रही है।

उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जरूरी सामान ट्रेन से क्यों नहीं लाया जा रहा है। वे कहते थे कि अगर ट्रेन सेवाएं शुरू हो गई हैं, तो रेल के जरिए भी सामान क्यों नहीं आ रहा? जरूरी चीजों के दाम पहले से ही आसमान छू रहे हैं।लाल चौक ट्रेडर्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष मोहम्मद सलीम के बकौल, कई दुकानदार भारी कमी का सामना कर रहे हैं, जबकि जिनके पास बचा हुआ स्टाक है, वे दाम बढ़ा रहे हैं। वे कहते थे कि हाल ही में जीएसटी में बढ़ोतरी ने उनके घाटे को और बढ़ा दिया है, जिससे व्यापारी भारी दबाव में हैं।

टॅग्स :जम्मू कश्मीरSrinagarएप्पलभूस्खलन
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारदर्द कोई समझे, रील्स से बर्बादी तक?, कैसे पर्यटक और कंटेंट क्रिएटर्स पंपोर सरसों खेतों को पहुंचा रहे हैं नुकसान?

कारोबारईरान में फिर से फंसे सैकड़ों कश्मीरी छात्र?, 7 दिन के लिए बंद अजरबैजान सीमा

भारतगंदरबल एनकाउंटर: 7 दिन में रिपोर्ट पेश करो?, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने एक्स पर लिखा

भारतअमरनाथ यात्रा पर पहलगाम नरसंहार की परछाई?, सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता, 29 जून को पूजा और 17 जुलाई से शुरू?

भारतJammu-Kashmir: पाक की ओर से जम्मू सीमा पर गोलीबारी, भारतीय रिमोटली पायलटेड एयरक्राफ्ट पर हमले की कोशिश नाकाम

भारत अधिक खबरें

भारतMadhya Pradesh: अनूपपुर ज़िले में चार-मंज़िला होटल गिरने से मलबे में कई लोगों के फँसे होने की आशंका, एक की मौत

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप