लाइव न्यूज़ :

जम्मू-कश्मीर में आज से हटाया गया टूरिस्टों के प्रवेश पर लगा प्रतिबंध, जानिए क्या हैं मौजूदा हालात

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: October 10, 2019 12:03 IST

इस मामले में जम्मू कश्मीर सरकार ने एक सुरक्षा एडवायजरी भी जारी की है। इसमें टूरिस्टों से निवेदन किया गया है कि कश्मीर घूमने आने के इच्छुक लोगों को सभी जरूरी मदद मुहैया कराई जाएगी। राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने भी टूरिस्टों से राज्य में आने की अपील की है।

Open in App
ठळक मुद्दे5 अगस्त को जब आर्टिकल-370 हटाया गया था, तभी टूरिस्टों को कश्मीर से जाने की पहली एडवाइजरी जारी की गई थीअब सरकार ने सैलानियों को 10 अक्तूबर से कश्मीर की यात्रा पर आने का बुलावा दिया गया है।

जम्मू कश्मीर आने के इच्छुक पर्यटकों के लिए खुशखबरी है। सरकार ने टूरिस्टों के प्रवेश पर लगा प्रतिबंध हटा लिया है। 10 अक्टूबर से टूरिस्ट जम्मू कश्मीर में घूम सकेंगे। गौरतलब है कि पर्यटकों के जम्मू-कश्मीर में प्रवेश पर रोक लगा दी गई थी। यही नहीं जो पर्यटक उस वक्त जम्मू-कश्मीर में मौजूद थे, उन्हें भी तुरंत वहां से वापस जाने के निर्देश जारी कर दिए गए थे। राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने समीक्षा बैठक के बाद प्रतिबंध हटाने का फैसला किया है।

इस मामले में जम्मू कश्मीर सरकार ने एक सुरक्षा एडवायजरी भी जारी की है। इसमें टूरिस्टों से निवेदन किया गया है कि कश्मीर घूमने आने के इच्छुक लोगों को सभी जरूरी मदद मुहैया कराई जाएगी। राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने भी टूरिस्टों से राज्य में आने की अपील की है।

मौजूदा समय में कश्मीर के अधिकांश थानों से प्रतिबंध हटा लिए गए हैं। लेकिन इंटरनेट और मोबाइल पर प्रतिबंध अभी भी जारी है। ऐसे में टूरिस्टों के आने के सवाल पर तंज कसे जा रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब मोबाइल और इंटरनेट काम ही नहीं कर रहे हैं तो टूरिस्ट को कश्मीर आने के लिए एडवाइजरी जारी करने का क्या मतलब है?

जम्मू-कश्मीर  के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने राज्य के गृह विभाग को एक निर्देश जारी किया है। इसमें पिछले 5 अगस्त को जारी उस एडवाइजरी को वापस लेने के लिए कहा गया है, जिसमें पर्यटकों को कश्मीर घाटी छोड़ देने की सलाह दी गई थी। इसकी जगह पर अब सरकार ने सैलानियों को 10 अक्तूबर से कश्मीर की यात्रा पर आने का बुलावा दिया गया है।

गौरतलब है कि 5 अगस्त को जब आर्टिकल-370 हटाया गया था, तभी टूरिस्टों को कश्मीर से जाने की पहली एडवाइजरी जारी की गई थी और उसी दिन से वहां पर इंटरनेट और मोबाइल सेवाएं भी ठप पड़ी हुई हैं, जो आज भी चालू नहीं हो पाए हैं। ऐसे में टूरिज्म कारोबार से जुड़े लोग सरकार के नए निर्देश का मजाक उड़ाने लगे हैं।

टॅग्स :जम्मू कश्मीरसत्यपाल मलिक
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारदर्द कोई समझे, रील्स से बर्बादी तक?, कैसे पर्यटक और कंटेंट क्रिएटर्स पंपोर सरसों खेतों को पहुंचा रहे हैं नुकसान?

कारोबारईरान में फिर से फंसे सैकड़ों कश्मीरी छात्र?, 7 दिन के लिए बंद अजरबैजान सीमा

भारतगंदरबल एनकाउंटर: 7 दिन में रिपोर्ट पेश करो?, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने एक्स पर लिखा

भारतअमरनाथ यात्रा पर पहलगाम नरसंहार की परछाई?, सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता, 29 जून को पूजा और 17 जुलाई से शुरू?

भारतJammu-Kashmir: पाक की ओर से जम्मू सीमा पर गोलीबारी, भारतीय रिमोटली पायलटेड एयरक्राफ्ट पर हमले की कोशिश नाकाम

भारत अधिक खबरें

भारतकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ग्रीनविच मीन टाईम को महाकाल स्टेंडर्ड टाईम में बदलने पर दिया जोर

भारतदलित समुदाय के 22 फीसदी वोट पर जमीन अखिलेश की निगाह , 14 अप्रैल पर अंबेडकर जयंती पर गांव-गांव में करेगी कार्यक्रम

भारतराघव चड्ढा पर आतिशी का बड़ा आरोप, 'BJP से डरते हैं, अगला कदम क्या होगा?'

भारतउत्तर प्रदेश उपचुनाव 2026ः घोसी, फरीदपुर और दुद्धी विधानसभा सीट पर पड़ेंगे वोट?, 2027 विस चुनाव से पहले सेमीफाइनल, सीएम योगी-अखिलेश यादव में टक्कर?

भारतTamil Nadu Polls: बीजेपी कैंडिडेट्स की लिस्ट में अन्नामलाई का नाम नहीं, 'सिंघम' किए गए साइडलाइन या नई जिम्मेदारी की तैयारी