लाइव न्यूज़ :

Adani Group Company: 7 कंपनियों को कारण बताओ नोटिस, सेबी ने अडाणी समूह पर कसा शिकंजा, ये कंपनी शामिल

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: May 3, 2024 19:19 IST

Adani Group Company: कंपनियों ने कहा कि लागू कानूनों और विनियमों का कोई भौतिक गैर-अनुपालन नहीं हुआ है और इसका कोई भौतिक परिणामी प्रभाव नहीं है।

Open in App
ठळक मुद्देसेबी की जांच के परिणाम का भविष्य में वित्तीय विवरणों पर असर पड़ सकता है। अडाणी ग्रीन एनर्जी ने अभी तक अपनी आय की घोषणा नहीं की है।अडाणी समूह ने सभी आरोपों और किसी भी गलत काम से इनकार किया है।

Adani Group Company: अडाणी समूह की दस सूचीबद्ध कंपनियों में से सात को भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) से संबंधित पक्षों के बीच लेनदेन के कथित उल्लंघन और सूचीबद्धता नियमों का अनुपालन नहीं करने के लिए कारण बताओ नोटिस मिला है। कंपनियों ने शेयर बाजारों को इस नोटिस के बारे में सूचना दी है। बाजार नियामक सेबी का नोटिस पाने वाली कंपनियों में अडाणी समूह की प्रमुख कंपनी अडाणी एंटरप्राइजेज के साथ अडाणी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड, अडाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन, अडाणी पावर, अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस, अडाणी टोटल गैस और अडाणी विल्मर शामिल हैं।

इन कंपनियों ने जनवरी-मार्च तिमाही और वित्त वर्ष 2023-24 के अपने-अपने वित्तीय परिणामों से संबंधित टिप्पणियों में सेबी की तरफ से जारी नोटिस का खुलासा किया है। सभी कंपनियों ने कमोबेश एक ही तरह के बयानों में कहा कि लागू कानूनों और विनियमों का कोई भी गैर-अनुपालन का कोई भी ठोस मामला नहीं है और उन पर इसका कोई कोई खास प्रभाव नहीं पड़ेगा।

हालांकि, अडाणी ग्रीन एनर्जी, अडाणी टोटल गैस और अडाणी विल्मर के अलावा बाकी चार कंपनियों के ऑडिटरों ने वित्तीय विवरणों पर एक पात्र विचार रखते हुए कहा है कि सेबी की जांच के परिणामों का भविष्य में उनके वित्तीय विवरणों पर असर पड़ सकता है। वहीं समूह की सीमेंट कंपनियों- अंबुजा सीमेंट और एसीसी ने इस संबंध में सेबी से कोई भी नोटिस न आने की बात कही है।

समूह की मीडिया कंपनी एनडीटीवी ने सेबी का नोटिस मिलने के बारे में कोई बयान नहीं दिया है। अडाणी समूह की दस सूचीबद्ध कंपनियों में से सात को सेबी का नोटिस उस जांच का हिस्सा है, जो अमेरिकी ‘शॉर्ट सेलर’ और वित्तीय शोध कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च द्वारा जनवरी, 2023 में समूह के खिलाफ जारी रिपोर्ट के बाद शुरू हुआ था।

इस रिपोर्ट में अडाणी समूह पर कंपनियों के शेयरों के भाव में हेराफेरी और कॉरपोरेट धोखाधड़ी के आरोप लगाए गए थे। हालांकि अडाणी समूह ने हिंडनबर्ग रिसर्च के सभी आरोपों को आधारहीन और किसी भी गलत काम से इनकार किया था। लेकिन रिपोर्ट आने के बाद शेयर बाजार में उसकी कंपनियों के शेयरों में भारी गिरावट आई।

समूह के सम्मिलित बाजार मूल्य में करीब 150 अरब डॉलर की भारी गिरावट आ गई थी। हालांकि कुछ महीने बाद ही समूह की कंपनियों के शेयरों ने बाजार में वापसी करनी शुरू कर दी थी और अब तक नुकसान की काफी हद तक भरपाई हो चुकी है। सेबी का कारण बताओ नोटिस किसी कंपनी के खिलाफ अभियोग नहीं है। दरअसल इसमें कंपनियों से संबंधित मामले में स्पष्टीकरण मांगा जाता है कि उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई क्यों नहीं की जानी चाहिए।

टॅग्स :Adani Enterprisesभारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी)SEBI
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारगौतम अदानी ने बिहार में 60 हजार करोड़ के निवेश का किया ऐलान, कहा- स्कूल और कॉलेज स्तर के प्रोजेक्ट भी होंगे शामिल

कारोबारVerSe Innovation ने P.R. रमेश को स्वतंत्र निदेशक और ऑडिट समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया, जानें क्या है कंपनी का प्लान

कारोबारईरान वार के बीच खुशखबरी?,  प्राकृतिक गैस दाम 119.90 से घटाकर 82.95 रुपये प्रति घन मीटर?, 16 मार्च की सुबह 6 बजे से लागू

कारोबारयुद्ध ही युद्धः धैर्य बनाए रखे निवेशक?, सेबी चेयरमैन तुहिन कांत पांडेय ने कहा-समय के साथ बाजार स्थिर होंगे?

कारोबारगौतम अदाणी की जीवन यात्रा बड़े सपने देखने वाले युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत?, पवार ने कहा-मुंबई आए और शून्य से की शुरुआत, आज व्यवसाय 23 राज्यों में फैला

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारMeta Layoffs: वर्क फ्रॉम होम और फिर सुबह 4 बजे आया 'छंटनी का फरमान'; मेटा ने 8 हजार कर्मचारियों को नौकरी से हटाया

कारोबारGold Price Today: सोने का भाव आज का 20 मई 2026, जानें दिल्ली, मुंबई समेत बड़े शहरों में सोने की कीमत

कारोबारFuel Price Today: 20 मई को पेट्रोल, डीजल और CNG की नई कीमतें घोषित, यहाँ जानें शहरवार ताजा दरें

कारोबारबुलेट ट्रेन परियोजना को व्यावहारिक बनाने की चुनौती

कारोबारइटली और भारत के बीच रणनीतिक साझेदारी?, 2029 तक व्यापार को 20 अरब यूरो से आगे ले जाना