औरंगाबाद निवासी श्रीमती नरेंद्र कौर छाबड़ा राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित हिंदी लेखिका हैं. आपकी कहानियां, लघु कथाएं, लेख, कविताएं आदि देश के सभी प्रमुख पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित होते हैं. आपके अनेक कहानी संकलन भी प्रकाशित हो चुके हैं.Read More
जब गुरु गोविंद सिंह जी ने देखा कि उनके पिता गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान के बावजूद भी औरंगजेब पर कुछ असर नहीं पड़ रहा तथा उसके जुल्म एवं अत्याचार दिन-प्रतिदिन बढ़ते ही जा रहे हैं, लोग लुक-छिप कर दिन व्यतीत कर रहे हैं ...
Lohri 2024 Dulla Bhatti Story in Hindi: एक पौराणिक कथा वर्षों से लोहड़ी के बारे में चली आ रही है। कहा जाता है गुजरांवाला तथा सियालकोट जो पाकिस्तान में है उनके बीच में घना जंगल था जहां एक डाकू रहता था जिसका नाम दुल्ला भट्टी था। ...
विषम परिस्थितियों का सामना करने के लिए गुरु नानक जी मनुष्य की आंतरिक शक्ति को जागृत करने का आह्वान करते हैं। वह निर्भय, निरंकार और निर्वैर परमात्मा में अखंड विश्वास करते थे और उसी विश्वास को प्रत्येक व्यक्ति के चित्त में जागृत करते थे। ...
गुरु ग्रंथ साहिब समग्र मानवता के लिए है. यह ग्रंथ केवल धार्मिक ज्ञान ही नहीं देता बल्कि उत्तर भारत के पांच सौ साल के सामाजिक, सांस्कृतिक, राजनीतिक व आर्थिक पहलुओं पर भी रोशनी डालता है. ...
आपको बता दें कि गुरु गोविंद सिंह जी के साथ मात्र चालीस सिख सैनिक थे और मुगलों की विशाल सेना लाखों में थी। साहिबजादा अजीत सिंह जो 17 वर्ष के थे और जुझार सिंह 14 वर्ष के थे, पिता से आज्ञा लेकर युद्ध के मैदान में उतरे थे और दोनों ने अपनी तलवार, युद्ध कौ ...