लाइव न्यूज़ :

जापान में लगातार आठवें साल गिरी जन्मदर, घटती जनसंख्या बनी चिंता की बड़ी वजह

By आशीष कुमार पाण्डेय | Updated: February 28, 2024 14:20 IST

जापान सरकार ने जन्मदर के आंकड़े घोषित करते हुए कहा कि तेजी से घटती जन्मदर राष्ट्र के लिए गंभीर चिंता का विषय है।

Open in App
ठळक मुद्देजापान में लगातार आठवें साल जन्मदर में कमी दर्ज की गयी हैजापान सरकार ने जन्मदर के आंकड़े घोषित करते हुए कहा कि यह राष्ट्र के लिए चिंता का विषय हैजापान सरकार ने बताया है कि यह जन्मदर 1899 के बाद से सबसे न्यूनतम जन्मदर है

टोक्यो:जापान में लगातार आठवें साल जन्मदर में कमी दर्ज की गयी है। जापान सरकार ने जन्मदर के आंकड़े घोषित करते हुए कहा कि तेजी से घटती जन्मदर राष्ट्र के लिए गंभीर चिंता का विषय है। अगर अगले कुछ सालों में यह प्रवृत्ति नहीं बदली तो जापान का भविष्य सुखद नहीं होगा।

ब्रिटेन की समाचार वेबसाइट द गार्जियन के अनुसार जापान में वर्ष 2023 में कुल 7,58,631 बच्चे पैदा हुए जो पिछले साल से करीब 5.1 प्रतिशत कम हैं। जापान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने मंगलवार को ये आंकड़े जारी किए। यह जन्मदर 1899 के बाद से जापान की सबसे न्यूनतम जन्मदर है।

जापान सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार विवाह करने की दर भी पिछले 90 साल के निम्नतम स्तर पर पहुंच चुकी है। वर्ष 2023 में 4,89,281 जोड़ों ने शादी की जो पिछले साल से 5.9 प्रतिशत कम है।  विवाह दर में कमी के परिणामस्वरूप जापान में शिशु जन्मदर भी गिरती जा रही है।

जापानी मे हुए एक ताजा सर्वे के अनुसार बढ़ती बेरोजगारी और महंगाई जैसे कारणों से परिवार की जिम्मेदारी निभाने में असमर्थ महसूस करते हैं और इस कारण विवाह से बचते हैं।  जापान सरकार के मुख्य सचिव योशिमासा हयाशी ने मीडिया से कहा कि जापान की जन्मदर "गंभीर स्थिति" में पहुंची चुकी है।

यदि जापान में वर्ष 2030 तक जन्मदर गिरने का क्रम जारी रहा तो राष्ट्र की युवा आबादी इतनी कम हो जाएगी कि देश की स्थिति गंभीर हो जाएगी। 

जापान के प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा ने कहा कि जापान की गिरती जन्मदर देश की सबसे बड़ी समस्या है। जापान की शिशु जन्मदर 50 साल पहले करीब 21 लाख प्रतिवर्ष थी। उसके बाद से जापान की जन्मदर में कमी आती जा रही है, लेकिन पिछले कुछ सालों में इसमें बहुत तेजी से गिरावट हुई है। पहले विश्लेषक मान रहे थे कि करीब 7.60 लाख की जन्मदर वर्ष 2035 तक होगी लेकिन नौ साल पहले ही जन्मदर इस निम्न स्तर तक पहुंच गयी।

जापान की कुल आबादी 12.50 करोड़ है। एक अनुमान के मुताबिक वर्ष 2027 तक 8.70 करोड़ रह जाएगी और इसमें 40 प्रतिशत आबादी 65 वर्ष से ज्यादा उम्रवालों की होगी।

टॅग्स :जापानTokyo
Open in App

संबंधित खबरें

विश्वआखिर क्यों जापानी पत्रकार को इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने किया अरेस्ट?, विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी ने कहा- एक रिहा, अभी भी जेल में दूसरा शख्स

कारोबारजापान, ऑस्ट्रेलिया ने कहा- नो?, 7 देशों से युद्धपोत भेजने की मांग?, होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को झटका?

विश्वकुरोसावा की राशोमन, जॉर्जेस सीमेनॉन की किताबें और नीचा नगर

कारोबारभारत के साथ कारोबार बढ़ाने को लेकर बेताब दुनिया

विश्वJapan election: निचले सदन की 465 सीट, सनाए ताकाइची के नेतृत्व वाला सत्तारूढ़ गठबंधन को 274 सीटें?, पीएम मोदी ने दी बधाई

विश्व अधिक खबरें

विश्वअबू धाबी में रोकी गई ईरानी मिसाइलों के मलबे की चपेट में आने से घायल 12 लोगों में 5 भारतीय शामिल

विश्व2027 में रिटायरमेंट और 2026 में जबरन हटाया?, सेना प्रमुख जनरल रैंडी जॉर्ज पर गाज?, ईरान युद्ध के बीच अमेरिकी रक्षा में हलचल

विश्वअमेरिका-इजरायल के वार बेअसर? हमलों के बावजूद ईरान की मिसाइल क्षमता बरकरार: रिपोर्ट

विश्वNASA Artemis II: पृथ्वी पीछे छूटी, लक्ष्य सामने! मानव इतिहास में पहली बार आर्टेमिस II 'वहां' जाने की तैयारी, जहां कोई नहीं पहुंचा

विश्वकौन कहता है कि अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ता!