लाइव न्यूज़ :

ई-मेल और डिजिटल कैमरा पर पीएम नरेंद्र मोदी के बयान का सोशल मीडिया में यूँ उड़ रहा है मजाक

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: May 13, 2019 17:27 IST

इकॉनोमिस्ट रूपा सुब्रमण्या ने भी पीएम मोदी के इस बयान पर रिएक्शन देते हुए लिखा कि 1988 में विकसित पश्चिमी देशों में भी कुछ ही एकेडमिक और वैज्ञानिकों के पास ही ईमेल था, लेकिन मोदी ने किसी तरह 1988 में ही हिंदुस्तान में ईमेल का यूज कर लिया।

Open in App

अपने भाषण, कपड़ों और रैलियों से 2014 से लगातार चर्चा का केंद्र बने रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बादलों और रडार में कनेक्शन वाले अपने बयान के बाद अब एक नए बयान के कारण चर्चा मे हैं। सोशल मीडिया में उनके इंटरव्यू का एक हिस्सा तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल हो रहा बयान उसी इंटरव्यू का हिस्सा है जिसमें मोदी ने रडार से बचने के लिए बादलों वाली बात कहा था। मोदी ने इंटरव्यू में कहा कि पहली बार उन्होंने 1987-88 में डिजिटल कैमरे और ई-मेल का इस्तेमाल किया था। 

जानें पीएम मोदी का बयानदेश में मैंने पहली बार डिजिटल कैमरे का इस्तेमाल किया था, शायद 1987-88 में। उस समय काफी कम लोगों का ई-मेल रहता था। मेरे यहां वीरमगाम तहसील में आडवाणी जी की सभा थी। मैंने तब डिजिटल कैमरा में उनकी फोटो ली, तब मेरे पास डिजिटल कैमरा था। मैंने दिल्ली को फोटो ट्रांसमिट की, जिसके बाद उनकी कलर फोटो छपी। आडवाणी जी को बड़ा सरप्राइज हुआ कि दिल्ली में मेरी कलर फोटो आज की आज कैसे छपी?

सोशल मीडिया पर लोगों ने जमकर उड़ाया मजाकपीएम मोदी के 1987-88 में डिजिटल कैमरे से फोटो लेने और ई-मेल करने के इस बयान को सोशल मीडिया पर लोग खूब शेयर कर रहे हैं। ट्विटर पर लोग पीएम मोदी को झूठा बता रहे हैं। साथ ही उनसे जवाब भी मांग रहे हैं कि उन्होंने 1988 में डिजिटल कैमरे और ई-मेल का इस्तेमाल कैसे किया?

कांग्रेस ने कहाकांग्रेस ने भी अपने ट्विटर हैंडल से पीएम मोदी के इंटरव्यू की ये क्लिप शेयर की है। जिसमें उन्होंने लिखा- दोबारा मत पूछना कि कांग्रेस ने 60 सालों में क्या किया!

बॉलीवुड से भी आए रिएक्शनडिजिटल कैमरे वाले बयान पर बॉलीवुड एक्टर प्रकाश राज ने ट्वीट कर पीएम मोदी की चुटकी ली। उन्होंने लिखा, 'हम लोगों को जहां तक जानकारी है ऐसा 1990 के दशक में हुआ था, लेकिन हमारे चौकीदार के पास डिजिटल कैमरा और ईमेल की जानकारी 1980 के दशक में ही आ चुकी थी। जब वो बादलों से घिरे जंगल में महाभारत पढ़ रहे थे। उल्लू बनाने के भी हद होती है।।।भाई।' डायरेक्टर अनुराग कश्यप ने भी मोदी के बयान को लेकर ट्वीट किया है।

राजनेताओं की प्रतिक्रिया- बटुआ नहीं था, पर कैमरा थाएआईएमआईएम के नेता असदुद्दीन ओवैसी ने भी पीएम मोदी के डिजिटल कैमरे वाले बयान पर लिखा कि पीएम मोदी के पास बटुआ नहीं था (क्योंकि पैसे ही नहीं थे) लेकिन 1988 में डिजिटल कैमरा और ई-मेल था? अगर ये शर्मनाक नहीं है तो यह सब वाकई में हंसने लायक है। एक पीएम जो कुछ भी दिमाग में आया और बोल देते हैं, उन पर नेशनल सेक्यॉरिटी के मामले में भरोसा नहीं किया जा सकता है।

प्रोफेसर और स्कॉलर अशोक स्वान ने भी पीएम मोदी पर उनके बयान को लेकर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि मोदी किसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं और उन्हें उचित इलाज की जरूरत है।

इकॉनोमिस्ट रूपा सुब्रमण्या ने भी रिएक्शन दिया। उन्होंने ट्वीट में लिखा कि 1988 में विकसित पश्चिमी देशों में भी कुछ ही एकेडमिक और वैज्ञानिकों के पास ही ईमेल था, लेकिन मोदी ने किसी तरह 1988 में ही हिंदुस्तान में ईमेल का यूज कर लिया। जबकि 1995 में देश में लोगों के लिए ई-मेल को इंट्रोड्यूस किया गया।

टॅग्स :लोकसभा चुनावकैमरानरेंद्र मोदी
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

कारोबारMP-UP Sahyog Sammelan: मप्र-उप्र मिलकर लिखेंगे विकास की नई इबारत?, बाबा विश्वनाथ की शरण में सीएम डॉ. मोहन

भारतमाता शीतला मंदिर भगदड़ः अव्यवस्था-पुलिस सुस्ती?, श्रद्धालु बोले- 8 महिलाओं की मौत, प्रशासन जिम्मेदार?, वीडियो

ज़रा हटके अधिक खबरें

ज़रा हटकेपटना स्थित राज्य महिला आयोग के दफ्तर में प्रेमी जोड़े ने की शादी, लड़के ने आयोग के सदस्यों की मौजूदगी में लड़की की मांग भरी

ज़रा हटकेVIDEO: असम में योगी का बड़ा बयान, 'घुसपैठियों को बाहर करना ही होगा'

ज़रा हटकेVIRAL: गुब्बारे और बांसुरी बेचता है, लेकिन हुनर स्टेज लायक है! वायरल वीडियो

ज़रा हटकेIPL मैच में 20 रुपये का एक गिलास पानी! लखनऊ स्टेडियम में बवाल क्यों मचा?

ज़रा हटकेपाकिस्तान की 80% आबादी समलैंगिक और 20% उभयलिंगी?, ट्रांसजेंडर कार्यकर्ता हिना बलोच का बयान, वायरल वीडियो