Women’s Reservation Bill: पीएम ने कहा था कि भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के अपने सपने को साकार करने के लिए महिलाओं को इस यात्रा में शामिल करने का मौका दिया जाना चाहिए. ...
जनप्रतिनिधि तीस लाख से भी अधिक मतदाताओं का प्रतिनिधित्व करता हो और कोई एक, दो या तीन लाख लोगों के ही वोटों से चुना जाता हो तो इसे किसी भी हालत में तर्कसंगत नहीं कहा जा सकता. ...
इसमें दिल्ली में नि:शुल्क बंगले, आजीवन यात्रा विशेषाधिकार, एक कार्यकाल के बाद पेंशन, सुरक्षा, कर्मचारी और बुनियादी ढांचे का विस्तार भी जोड़ दें, तो पांच वर्षों में कुल खर्च आसानी से 40-50 हजार करोड़ रुपए तक पहुंच सकता है. ...
Jan Aakrosh March: यह पदयात्रा 131वें संशोधन विधेयक के पारित न होने के विरोध में आयोजित की गई थी, जिसका उद्देश्य 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' के तहत महिलाओं के लिए आरक्षण व्यवस्था को लागू करना था। ...
2023 में संसद ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित कर दिया. मांग उठी थी कि वर्ष 2024 में ही आरक्षण लागू कर दिया जाए लेकिन शायद वो संभव नहीं था. सरकार इसे 2029 में लागू करने पर अडिग थी लेकिन अब अड़ंगा लग गया है. ...