सुप्रीम कोर्ट भारत का सर्वोच्च न्यायिक फोरम है। सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश के अतिरिक्त 30 अन्य न्यायमूर्ति होते हैं। जिनके पास संविधान समीक्षा समेत अनेक शक्तियां होती हैं। सुप्रीम कोर्ट के पास किसी संबैधानिक मसले पर स्वतः संज्ञान लेने की भी शक्तियां होती हैं। भारत की सुप्रीम कोर्ट भारत की राजधानी नई दिल्ली में स्थित है। सुप्रीम कोर्ट के वर्तमान चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा हैं।भारत के संविधान के चैप्टर पांच के पांचवें भाग द्वारा निर्धारित संवैधानिक निकाय है। इसकी स्थापना 26 जनवरी 1950 में हुई थी। जैसा कि भारतीय संविधान द्वारा कहा गया है, सुप्रीम कोर्ट का काम संविधान के रक्षक के तौर पर काम करना है, संघीय सरकार के प्राधिकार द्वारा स्थापित अदालत और अपील के लिए यह सबसे ऊपरी अदालत है। Read More
याचिका में कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने इस कानून को निरस्त करने की मांग की है। उन्होंने इस विवादास्पद कानून को असंवैधानिक और निजता के अधिकार और समानता के अधिकार का उल्लंघन बताया है। ...
शिवसेना सांसद संजय राउत ने 'सामना' में कहा कि महाराष्ट्र विधानसभा और लोकसभा के अध्यक्षों ने पार्टी के विधायक और सांसदों के बागी गुट को मान्यता देकर संवैधानिक लोकतंत्र का गला घोंटा है। ...
रूस और यूक्रेन के बीच छिड़ी जंग के कारण पढ़ाई छोड़ देश वापस लौटे भारतीय छात्र अपनी मांगो को लेकर दिल्ली के रामलीला मैदान में 23 जुलाई से 27 जुलाई तक भूख हड़ताल पर हैं। छात्रों ने प्रधानमंत्री मोदी से गुहार लगाई है कि उन्हें देश के मेडिकल कॉलेजों में ...
उद्योगपति मुकेश अंबानी और उनके परिवार को मुंबई में दी जा रही सुरक्षा जारी रखने के लिए सर्वोच्च न्यायलय ने केंद्र सरकार को इजाजत दे दी है। चीफ जस्टिस एनवी रमण, जस्टिस कृष्ण मुरारी और जस्टिस हिमा कोहली की बेंच ने अंबानी परिवार को दी जा रही सुरक्षा को ल ...
सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले में अहम फैसला सुनाते हुए एक अविवाहित महिला को 24 सप्ताह के बाद गर्भपात कराने की अनुमति दी। यह मामला दिल्ली हाई कोर्ट से सुप्रीम कोर्ट पहुंचा था। ...
न्यायमूर्ति एम आर शाह और न्यायमूर्ति बी वी नागरत्न की पीठ ने एक मामले की सुनवाई करते हुए यह कहा। उल्लेखनीय है कि मामले में 2020 में मई महीने में शीर्ष न्यायालय ने प्रवासी श्रमिकों की समस्याओं और दशा का संज्ञान लिया था। ...
वाराणसी में ज्ञानवापी मस्जिद-विश्वनाथ मंदिर विवाद के मामले में सर्वोच्च न्यायलयय ने कहा है कि इस मामले में निचली अदालत में सुनवाई जारी है इसलिए वह फैसले का इंतजार करेंगे। शीर्ष अदालत ने ज्ञानवापी मामले में सुनवाई अक्टूबर के पहले हफ्ते तक के लिए टाल द ...