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अब मिनटों में मिलेगा खोया हुआ स्मार्टफोन, मोदी सरकार उठाने जा रही है ये कदम

By जोयिता भट्टाचार्या | Updated: June 20, 2019 11:54 IST

सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर में देश के सभी मोबाइल फोन्स का IEMI नंबर रजिस्टर किया गया है। अगर आपका फोन चोरी हो जाता है तो पुलिस में शिकायत करने के बाद यहां से आपके फोन को ब्लॉक कर दिया जाएगा।

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ठळक मुद्देमोबाइल फोन की चोरी को रोकने के लिए दूरसंचार मंत्रालय एक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर डेटाबेस तैयार करने की योजना बनाई जा रही हैरजिस्टर में देश के सभी मोबाइल फोन्स का IEMI नंबर रजिस्टर किया गया हैफोन ब्लॉक कर देने के बाद आपका फोन किसी भी दूसरे ऑपरेटर के नेटवर्क पर काम नहीं करेगा

आज कल भीड़भाड़ वाले इलाके में जाते ही फोन चोरी होने का डर लगा रहता है कि कहीं मोबाइलफोन चोरी न हो जाए। फोन खो जाने पर न सिर्फ पैसे का नुकसान होता है बल्कि तमाम जरूरी डेटा भी चोरी हो जाते हैं। ऐसे में देश भर में बड़े पैमाने पर मोबाइल फोन की चोरी को रोकने के लिए दूरसंचार मंत्रालय इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर डेटाबेस तैयार करने की योजना बनाई जा रही है।

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सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर में देश के सभी मोबाइल फोन्स का IEMI नंबर रजिस्टर किया गया है। अगर आपका फोन चोरी हो जाता है तो पुलिस में शिकायत करने के बाद यहां से आपके फोन को ब्लॉक कर दिया जाएगा। इसके लागू होने के बाद भारत में जिन यूजर्स के मोबाइल फोन चोरी हो गए हैं या खो गए हैं, वे पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कर एक हेल्पलाइन नंबर के जरिए दूरसंचार विभाग (DoT) को इंफॉर्म कर सकते हैं।

Mobile phone stole

किसी दूसरे ऑपरेटर पर भी नहीं करेगा काम

फोन ब्लॉक कर देने के बाद आपका फोन किसी भी दूसरे ऑपरेटर के नेटवर्क पर काम नहीं करेगा। इस डेटाबेस की वजह से पुलिस को भी यह फोन खोजने में आसानी होगी। देश में कहीं भी इस फोन का इस्तेमाल किए जाने पर पुलिस को इसकी जानकारी मिल जाएगी और वो आसानी से खोए हुए फोन को खोज निकालेगी।

ट्राई के आंकड़ों के मुताबिक मार्च 2019 तक भारत में 1.16 बिलियन वायरलेस सब्सक्राइबर थे। DoT ने जुलाई 2017 में इस परियोजना को लागू करने की अपनी योजना की घोषणा की थी।

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इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार डीओटी (DoT) ने कहा है कि “मोबाइल फोन की चोरी और क्लोनिंग एक गंभीर समस्या बन गई है। मोबाइल फोन की चोरी न केवल एक वित्तीय नुकसान है, बल्कि नागरिकों के निजी जीवन के साथ-साथ राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी खतरा है। बाजार में नकली मोबाइल फोन DoT के लिए एक और मुद्दा है। नकली मोबाइल फोन की एक बड़ी संख्या हमारे मोबाइल नेटवर्क में नकली IMEI नंबरों के साथ सक्रिय है। ”

mobile

जल्द हो सकता है लॉन्च

बता दें कि इस सर्विस का ट्रायल किया जा चुका है। सबसे पहले इसका ट्रायल महाराष्ट्र सर्कल में किया गया, जहां इसकी टेस्टिंग सक्सेसफुल रही। इसे देखते हुए दूरसंचार अब पूरे देश में लागू करने की सोच रहा है। दूरसंचार केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद एक से दो हफ्ते के अंदर इसे लॉन्च कर सकते हैं। 

इसी के साथ सरकार ने फोन का IMEI बदलने पर तीन साल की सजा की घोषित कर रखी है। इसके बावजूद अगर कोई फोन का IEMI (आईईएमआई) बदलता है तो उसे भी ब्लॉक कर दिया जाएगा। यानी कि किसी भी हालत में चोरी हुए फोन की रिपोर्ट दर्ज करने के बाद उसे इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा।

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