No country can bear the burden of illegal population explosion, government's intention is to identify illegal migrants: Naqvi | कोई भी देश अवैध जनसंख्या के विस्फोट का बोझ नहीं उठा सकता, सरकार की मंशा अवैध प्रवासियों की पहचान करनाः नकवी
नकवी ने कहा कि एनआरसी मामले को लेकर कोई ‘‘साम्प्रदायिक राजनीति’’ नहीं की जानी चाहिए।

Highlightsसरकार विकास, सशक्तिकरण और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए पूरी ईमानदारी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार एनआरसी मामले को पूरी तरह राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रीय हित का ही मामला समझती है।

भाजपा के वरिष्ठ नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) को लेकर ‘‘दुविधा या भय’’ का माहौल नहीं होना चाहिए क्योंकि इससे भारतीयों की नागरिकता को खतरा पैदा नहीं होता है।

उन्होंने कहा कि अवैध प्रवासियों की पहचान करने में कोई भेदभाव नहीं किया जाएगा। नकवी ने रामपुर में ‘जन चौपाल’ में कहा कि लोगों को अपनी नागरिकता साबित करने के कई अवसर मिलेंगे। अल्पसंख्यक मामलों के केंद्रीय मंत्री नकवी ने इस बात को दुर्भाग्यपूर्ण बताया कि कुछ निहित स्वार्थों वाले लोग ‘‘दुविधा, डर और घबराहट’’ का माहौल पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।

नकवी के कार्यालय ने उनके हवाले से जारी बयान में कहा, ‘‘हमें इस प्रकार के तत्वों के षड्यंत्र को लेकर सावधान रहना चाहिए।’’ उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की मंशा अवैध प्रवासियों की पहचान करना है। नकवी ने कहा, ‘‘कोई भी देश अवैध जनसंख्या के विस्फोट का बोझ नहीं उठा सकता। अवैध प्रवासियों की समस्या लंबे समय से रही है। लोग लंबे समय से विदेशियों की घुसपैठ का विरोध करते रहे हैं। हम इसे नजरअंदाज नहीं कर सकते।’’

उन्होंने कहा कि वास्तविक नागरिकों के अधिकारों की रक्षा हर कीमत पर की जानी चाहिए। मंत्री ने कहा कि एनआरसी प्रक्रिया 2013 से उच्चतम न्यायालय के दिशानिर्देश में चल रही है। असम देश का एकमात्र राज्य है जहां एनआरसी के अद्यतन की प्रक्रिया की गई। इस प्रक्रिया के बाद 19 लाख से अधिक लोगों का नाम अंतिम सूची से बाहर रखा गया। यह सूची 31 अगस्त को प्रकाशित की गई। भाजपा नेताओं ने संकेत दिया है कि एनआरसी संबंधी प्रक्रिया कर्नाटक और हरियाणा जैसे अन्य राज्यों में भी की जा सकती है। नकवी ने कहा कि एनआरसी मामले को लेकर कोई ‘‘साम्प्रदायिक राजनीति’’ नहीं की जानी चाहिए।

उन्होंने कहा कि मोदी सरकार एनआरसी मामले को पूरी तरह राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रीय हित का ही मामला समझती है। सरकार विकास, सशक्तिकरण और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए पूरी ईमानदारी से काम कर रही है। नकवी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू-कश्मीर का विशेष राज्य का दर्जा समाप्त करने जैसे कई ऐतिहासिक फैसले किए। जम्मू-कश्मीर संबंधी फैसले का इंतजार देशवासी 70 साल से कर रहे थे। मंत्री ने कहा कि अवैध गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम में संशोधन करके राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करना प्रधानमंत्री की राष्ट्रवादी इच्छाशक्ति का परिणाम है। 


Web Title: No country can bear the burden of illegal population explosion, government's intention is to identify illegal migrants: Naqvi
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