लाइव न्यूज़ :

नए साल पर खुशखबरी: 2017-2018 तक जीएसटी रिटर्न नहीं भरने वालों को नहीं देना होगा विलम्ब शुल्क

By भाषा | Updated: January 2, 2019 04:59 IST

Open in App

सरकार ने जुलाई 2017 से सितंबर 2018 के लिये सारांश और अंतिम बिक्री रिटर्न दाखिल नहीं करने वाली जीएसटी पंजीकृत कंपनियों को विलम्ब शुल्क से छूट दी है।

केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने कहा कि हालांकि इन कंपनियों को 31 मार्च 2019 तक 15 महीने की अवधि के लिये अपना रिटर्न भरने का समय दिया गया है।

जीएसटी परिषद ने 22 दिसंबर की बैठक में जुलाई 2017 और सितंबर 2018 के बीच जीएसटीआर-3बी, जीएसटीआर-1 और जीएसटीआर-4 को नहीं भरने तथा कर भुगतान नहीं करने के कारण लगने वाले विलम्ब शुल्क में छूट देने का निर्णय किया था।

जीएसटीआर-3बी बिक्री रिटर्न का सारांश है जबकि जीएसटीआर-1 अंतिम बिक्री रिटर्न है। जीएसटीआर-4 वे कंपनियां भरती हैं जिन्होंने ‘कंपोजीशन’ योजना का विकल्प चुना है। इसके तहत उन्हें तिमाही आधार पर रिटर्न भरने होते हैं।

देरी से रिटर्न भरने के लिये केंद्रीय जीएसटी (सीजीएसटी) और राज्य जीएसटी (एसजीएसटी) के मामले में विलंब शुल्क 25 रुपये प्रति दिन है।

हालांकि जिन कंपनियों को रिटर्न फाइल करनी है लेकिन उन पर कर ‘शून्य’ बनता है, उन्हें सीजीएसटी कानून और एसजीएसटी कानून के तहत 10-10 रुपये जुर्माने के रूप में देने होंगे।

सीबीआईसी ने कहा कि सीजीएसटी कानून की धारा-47 के तहत लगने वाला विलंब शुल्क उन पंजीकृत कंपनियों को नहीं देना होगा जिन्होंने जुलाई 2017 और सितंबर 2017 के लिये जीएसटी-3बी और जीएसटीआर-1 समय पर नहीं भरे। उन्हें यह रिटर्न 22 दिसंबर 2018 से 31 मार्च 2019 तक भरने होंगे।

जुलाई 2017 से सितंबर 2018 के दौरान जीएसटीआर-4 भरने वाली कंपनियों को भी समय पर रिटर्न जमा नहीं करने को लेकर जुर्माना नहीं देना होगा। लेकिन उन्हें यह रिटर्न 22 दिसंबर 2018 से 31 मार्च 2019 तक भरने होंगे।

टॅग्स :जीएसटीमोदीआयकर
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्ट365 दिन में 4000 करोड़ रुपए से ज्यादा की जीएसटी चोरी?, 1500 करोड़ रुपए एसटीएफ ने पकड़े

कारोबारIncome tax filing 2026: इनकम टैक्स पोर्टल में हुए हैं ये बदलाव, इन टिप्स को फॉलो करने से होगी समय और मेहनत की बचत

कारोबारITR Filing 2026: ITR दाखिल करने से पहले ये बातें जान लेना है बेहद जरूरी, जानें कब से शुरू हो रही है प्रक्रिया और कैसे बचाएं पेनाल्टी

कारोबारTDS Rules Change 2026: सीनियर सिटीजन्स के लिए अब जरूरी हुआ नया फॉर्म, जानें क्या है खास

कारोबारमार्च जीएसटी संग्रहः 8.8% की वृद्धि, 200000 करोड़ रुपये से अधिक कमाई, झमाझम बरसे पैसा?

पर्सनल फाइनेंस अधिक खबरें

भारतपाकिस्तानी सोशल मीडिया की झूठी जानकारी का इस्तेमाल कर पत्नी पर आरोप, सीएम सरमा ने कहा-फर्जी डॉक्यूमेंट्स के साथ जनता के सामने बात?

भारतमुंबई में IIMCAA कनेक्शन्स मीट, फिल्म निर्माता मनोज मौर्य की सिल्वर जुबली सम्मान से सम्मानित

भारतकौन थे डॉ. मणि छेत्री?, 106 वर्ष की आयु में निधन

भारतपश्चिम एशिया युद्धः ओमान तट के निकट ड्रोन बोट हमले में जान गंवाने वाले 25 वर्षीय नाविक दीक्षित सोलंकी का शव मुंबई लाया

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों