पिछले कुछ दिनों में महाराष्ट्र में भूस्खलन और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे लगातार दौरा कर रहे हैं। आज रत्नागिरी के चिपलून में एक संवाददाता सम्मेलन में सीएम ठाकरे ने कहा कि राज्य सरकार भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए राज्य में बाढ़ प्रबंधन प्रणाली लागू करेगी। महाराष्ट्र में भारी बारिश के बाद हुई भूस्खलन की घटनाओं में अब तक 112 लोगों की जान जा चुकी हैं जबकि 100 से ज्यादा लोग अब भी लापता हैं। राज्य में करीब 1.35 लाख लोगों को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से निकाला गया है।
'बारिश नई बात नहीं लेकिन इस बार जो हुआ अकल्पनीय'
मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने रविवार को रत्नागिरी जिले के चिपलून शहर का दौरा किया, जहां इस सप्ताह मूसलाधार बारिश से काफी नुकसान हुआ है। चिपलून का मुख्य बाजार दो दिन तक 10 से 12 फीट पानी में डूबा रहा। उद्धव ठाकरे ने कहा, 'बारिश, बाढ़, पानी यहां के लोगों के लिए कोई नई बात नहीं है लेकिन इस बार जो हुआ वह अकल्पनीय था, पानी इतने तेजी से बढ़ा की लोग अपना सामान भी नहीं बचा पाए।'
सीएम उद्धव ठाकरे ने कहा, 'हड़बड़ी में और केवल दिखाने के लिए मुआवजे का एलान नहीं किया जाएगा, हमें पूरे राज्य से आंकड़े मिल रहे है, पूरी जानकारी आने पर ही एलान किया जाएगा, हम यह भी देखेंगे की केंद्र सरकार क्या मदद कर सकती है।' ठाकरे ने NDRF की तरह SDRF को भी मजबूत बनाने की बात कही।