लाइव न्यूज़ :

शहीद दिवस से एक दिन पहले मोदी सरकार ने शहीदों के परिवार को दी बड़ी राहत

By लोकमत समाचार हिंदी ब्यूरो | Updated: March 22, 2018 17:33 IST

सरकार द्वारा यह स्कीम तीनों सेनाओं के लिए चलाई जा रही है। 1971 में भारत और पाकिस्तान की बीच हुई लड़ाई के बाद से ही यह स्कीम लागू है।

Open in App

नई दिल्ली, 22 मार्चः देश की मोदी सरकार ने शहीद दिवस के ठीक एक दिन पहले शहीदों के परिवारों को बड़ी राहत दी है। दरअसल, रक्षा मंत्रालय ने शहीद, विकलांग, लापता अफसरों और जवानों के बच्चों की शिक्षा के लिए ट्यूशन और हॉस्टल फीस के भुगतान में तय की गई सीमा को समाप्त कर दिया है। इससे पहले 10000 रुपए ट्यूशन और हॉस्टल फीस प्रतिमाह सीमित थी।

1971 में हुई थी इस योजना की शुरुआत

आपको बता दें कि सरकार द्वारा यह स्कीम तीनों सेनाओं के लिए चलाई जा रही है। 1971 में भारत और पाकिस्तान की बीच हुई लड़ाई के बाद से ही यह स्कीम लागू है। पहले इसमें ट्यूशन और अन्य फीस का पूरा खर्च दिया जाता था, लेकिन बाद में इसे 10 रुपए सीमित कर दिए गए थे। जिसका काफी विरोध किया गया। इस मामले को लेकर सैनिक और पूर्व सैनिक दुख जता चुके हैं, जिसके बाद रक्षा मंत्रालय ने अपने आदेश को वापस लिया और अधिकारी रैंक से नीचे के शहीदों के बच्चों का पूरा शैक्षिक खर्च उठाने का फैसला किया। 

ये भी पढ़ें: शहीदी दिवस पर नरेंद्र मोदी के नाम खुला ख़त: भगत सिंह, सुखदेव, राजगुरु को क्यों नहीं मिला शहीद का दर्जा?

क्यों मनाया जाता है शहीद दिवस

गौरतलब है कि भारत में 23 मार्च को शहीद दिवस मनाया जाता है। इस दिन 1931 की रात भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु की देश-भक्ति को अपराध की संज्ञा देकर अंग्रेजों ने फांसी दे दी थी। ऐसा कहा जाता है कि तीनों वीर सपूतों को फांसी की सजा दिए जाने  के बाद लोगों में जनाक्रोश फैल गया था, जिसको देखते हुए अंग्रेजों ने उन्हें आधी रात को ही उन्हें फांसी दे दी थी। इतना ही नहीं अंग्रेजी सरकार ने रात के अंधेरे में ही सतलुज नदी में इनका अंतिम संस्कार भी कर दिया था। 

टॅग्स :रक्षा मंत्रालयनरेंद्र मोदीभगत सिंहशहीद दिवस
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

कारोबारMP-UP Sahyog Sammelan: मप्र-उप्र मिलकर लिखेंगे विकास की नई इबारत?, बाबा विश्वनाथ की शरण में सीएम डॉ. मोहन

भारत अधिक खबरें

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए

भारतघायल हूं इसलिए घातक हूं?, राघव ने एक्स पर किया पोस्ट, मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया गया झूठ भी सच लगने लगता, वीडियो

भारत‘फ्यूचर सीएम ऑफ बिहार’?, निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाओ, जदयू कार्यकर्ताओं ने पटना में लगाए पोस्टर