पटनाः बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार को राज्य के बुजुर्गों को उनके घर पर ही स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए एक नयी योजना शुरू करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग को इस योजना को प्राथमिकता देते हुए लागू करने का निर्देश दिया है। यह योजना नीतीश कुमार सरकार की ‘सात निश्चय’ पहल के तहत आती है।
घर पर ही अत्यावश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध-
1. नर्सिंग सहायता की सुविधा।
2. घर पर ही पैथोलॉजी जांच की सुविधा।
3. ब्लड प्रेशर जांच और ई॰सी॰जी॰ जांच की सुविधा।
4. फिजियोथेरेपी की सुविधा।
5. आपातकालीन स्थिति में सभी प्रकार की चिकित्सकीय सहायता।
कुमार ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लिखा, ‘‘हमारा प्रयास यह सुनिश्चित करना है कि राज्य के जरूरतमंद वरिष्ठ नागरिकों को आवश्यकता के समय उनके घर पर ही नर्सिंग सहायता, घर पर पैथोलॉजी जांच, रक्तचाप (बीपी) की जांच, ईसीजी टेस्ट, फिजियोथेरेपी और आपातकालीन स्थितियों में अन्य प्रकार की चिकित्सा सहायता सहित आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।’’ उन्होंने लिखा कि स्वास्थ्य विभाग को यह सुनिश्चित करने के लिए तेजी से काम करने का निर्देश दिया गया है कि राज्य के वरिष्ठ नागरिकों को उनके घरों पर ही स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
बिहार मंत्रिमंडल ने हाल में बिहार को विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने के उद्देश्य से 2025 से 2030 तक अगले पांच वर्षों के लिए ‘सात निश्चय-3’ कार्यक्रम को लागू करने की मंजूरी दी है। राज्य सरकार 2015 से अब तक दो ‘सात निश्चय’ कार्यक्रम पहले ही लागू कर चुकी है।