वॉशिंगटन: ईरान ने शुक्रवार को कुवैत की मीना अल-अहमदी तेल रिफाइनरी पर ड्रोन से हमले किए, जिससे वहां आग लग गयी। सरकारी कंपनी कुवैत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन ने हमले की पुष्टि करते हुए एक बयान जारी किया और कहा कि दमकलकर्मी आग पर काबू पाने में जुटे हैं। इस बीच, पेंटागन में अचानक हुए फेरबदल के बीच अमेरिकी सेना प्रमुख जनरल रैंडी जॉर्ज को सेवानिवृत्त होने के लिए मजबूर होना पड़ा। ईरान के साथ जारी युद्ध के बीच संयुक्त राज्य अमेरिका ने अपने सैन्य नेतृत्व में एक बड़ा बदलाव किया है। अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने जॉर्ज को तत्काल सेवानिवृत्त होने का आदेश दिया है।
ट्रंप प्रशासन के इस फैसले से पेंटागन में भारी हलचल मच गई है। यह अचानक उठाया गया कदम पेंटागन में चल रहे फेरबदल को दर्शाता है। पेंटागन के प्रवक्ता शॉन पार्नेल ने कहा, "जनरल रैंडी ए. जॉर्ज तत्काल प्रभाव से सेना के 41वें चीफ ऑफ स्टाफ के पद से सेवानिवृत्त हो रहे हैं। जॉर्ज द्वारा राष्ट्र के लिए दशकों तक की गई सेवा के लिए उनका आभारी है। सेवानिवृत्ति जीवन के लिए शुभकामनाएं देते हैं।"
जनरल रैंडी जॉर्ज का कार्यकाल 2027 तक था। उन्हें समय से पहले पद छोड़ना पड़ा है। ट्रंप प्रशासन और रक्षा सचिव हेगसेथ सेना के शीर्ष पर ऐसे व्यक्ति को नियुक्त करना चाहते हैं, जो उनकी विचारधारा के अनुरूप कार्य करे। रैंडी जॉर्ज की नियुक्ति जो बाइडेन के कार्यकाल में हुई थी और उन्हें पूर्व रक्षा सचिव लॉयड ऑस्टिन का करीबी माना जाता था, जिसे उनके इस्तीफे का एक मुख्य कारण बताया जा रहा है।
यह भी कहा जा रहा है कि उन्होंने ईरान पर सैन्य हमले का विरोध किया था। इसी वजह से उन्हें जबरन सेवानिवृत्त होना पड़ रहा है। यह बदलाव ऐसे समय में आया है, जब अमेरिकी सेना ईरान के खिलाफ एक बड़े सैन्य अभियान में लगी हुई है। युद्धकाल में किसी सैन्य प्रमुख को बदलना एक असामान्य घटना मानी जाती है।
पेंटागन के प्रवक्ता शॉन पार्नेल ने सेवानिवृत्ति की पुष्टि करते हुए कहा, "हम जनरल जॉर्ज की दशकों की सेवा के लिए आभारी हैं, लेकिन अब नेतृत्व में बदलाव का समय आ गया है।" रैंडी जॉर्ज के बाद, जनरल क्रिस्टोफर लेनव के अमेरिकी सेना की कमान संभालने की संभावना है। लेनव वर्तमान में वाइस चीफ ऑफ स्टाफ हैं और हेगसेथ के करीबी माने जाते हैं।