निर्मला सीतारमण भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता और वर्तमान में भारत की रक्षामंत्री हैं। 2017 में रक्षामंत्री का पदभार संभालने से पहले उनके पास वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय का स्वतंत्र प्रभार था। इसके अलावा वो वित्त एवं कारपोरेट मामलों की राज्यमंत्री भी रह चुकी हैं। निर्मला सीतारमण के विषय में कहा जाता है कि वो भारत की पहली पूर्णकालिक महिला रक्षामंत्री हैं। निर्मला का जन्म तमिलनाडु के मदुरै में हुआ था। उन्होंने मद्रास के तिरुचिरापल्ली से शुरुआती पढ़ाई की और उसके बाद सीतालक्ष्मी रामास्वामी कॉलेज से इकोनॉमिक्स में बीए की पढ़ाई की। इसके बाद जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय से इकोनॉमिक्स में एमए की पढ़ाई की है। वो चंद्रबाबू नायडू की कम्यूनिकेशन एडवाइजर भी रह चुकी हैं और बाद में उन्होंने बीजेपी ज्वॉइन कर ली। Read More
वस्त्र और महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने संसद भवन परिसर में बजट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा, ‘‘इस बजट में अर्थव्यवस्था की सभी प्रकार की चुनौतियों का समाधान देने का प्रयास किया गया है।’’ ...
वित्त मंत्री ने कहा कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे तीन साल में बनकर तैयार हो जाएगा। इसके अलावा दो और एक्सप्रेस हाइवे परिजनाएं भी तीन साल के भीतर पूरी कर ली जाएंगी। उन्होंने कहा कि चेन्नई परियोजना पर भी काम शुरू किया जाएगा। ...
बजट प्रस्तावों से सिगरेट, तंबाकू समेत आयात किए जाने वाले उत्पाद जैसे खाद्य तेल, पंखा, टेबल, फुटवियर (जूते-चप्पल) और फर्नीचर महंगे होंगे। इसके अलावा, घर में इस्तेमाल होने वाले छोटे-छोटे इलेक्ट्रॉनिक सामान, रोजाना जरूरत की चीजें जैसे पेन, कॉपी, हेयर ड् ...
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा शनिवार को लोकसभा में पेश किए गए आम बजट के मुताबिक कुल रक्षा आवंटन में 1.13 लाख करोड़ रुपये पूंजीगत व्यय के लिए दिए गए हैं। ...
कांग्रेस ने वित्त वर्ष 2020-21 के लिए पेश आम बजट को पूरी तरह खोखला करार देते हुए शनिवार को दावा किया कि बजट में कुछ ठोस नहीं है और इससे साबित होता है कि मोदी सरकार अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने की उम्मीद छोड़ चुकी है। ...
बंबई शेयर बाजार का सेंसेक्स शनिवार को 988 अंक का गोता लगाकर 40,000 अंक से नीचे आ गया। विशेषज्ञों ने कहा कि निवेशकों को उम्मीद थी कि सरकार सुस्त पड़ती अर्थव्यवस्था को रफ्तार देने के लिए कदम उठाएगी। बजट को लेकर उनकी उम्मीदें काफी ऊंची थीं। ...
हालांकि गले में तकलीफ के कारण सीतारमण बजट भाषण के अंतिम दो पन्ने नहीं पढ़ पायीं। हल्के हल्दी रंग की धारीदार साड़ी पहने निर्मला सीतारमण चटख लाल रंग के ‘बही खाते’ में बजट दस्तावेज लेकर लोकसभा पहुंचीं। ...