लाइव न्यूज़ :

यात्रा परामर्श वापस लिये जाने के बावजूद असम से कोई वाहन मिजोरम में प्रवेश नहीं कर रहा: शीर्ष अधिकारी

By भाषा | Updated: August 6, 2021 20:17 IST

Open in App

आइजोल, छह अगस्त मिजोरम के मुख्य सचिव लालनुनमाविया चुआंगो ने शुक्रवार को कहा कि हिमंत बिस्व सरमा सरकार द्वारा जारी एक यात्रा परामर्श वापस लेने के बावजूद असम से कोई भी वाहन राज्य में नहीं आया है।

चुआंगो ने यह भी कहा कि मिजोरम असम सरकार के साथ "लगातार संपर्क" में है, जिसने राष्ट्रीय राजमार्ग -306 के जरिये यातायात की आवाजाही फिर से शुरू करने के लिए आवश्यक कदम उठाने का वादा किया है।

असम के कछार जिले में कुछ संगठनों ने 26 जुलाई को अंतराज्यीय सीमा पर एक खूनी संघर्ष के बाद वाहनों को मिजोरम में प्रवेश करने से कथित रूप से रोक दिया था। उक्त संघर्ष में सात लोगों की जान चली गई थी।

भौतिक नाकाबंदी और प्रदर्शन अगले कुछ दिनों में समाप्त हो गए, लेकिन ट्रक चालक परोक्ष तौर पर ताजा हिंसा के डर से अशांत क्षेत्रों में जाने को तैयार नहीं हैं।

असम सरकार ने बाद में एक परामर्श जारी करके लोगों से मिजोरम की यात्रा करने से बचने को कहा था। उसने बृहस्पतिवार को दोनों पक्षों के बीच बातचीत के बाद इसे वापस ले लिया था।

चुआंगो ने कहा, ‘‘यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि यात्रा परामर्श वापस लिए जाने के बावजूद कोई भी वाहन या यात्री असम से मिजोरम में प्रवेश नहीं कर रहा है। सरकार केंद्र और असम से लगातार संपर्क में है। मैंने असम के मुख्य सचिव से भी बात की है, जिन्होंने हमें आश्वासन दिया है कि सड़क साफ करने के उपाय किए जाएंगे।’’

मिजोरम में अधिकारियों ने आरोप लगाया कि असम के हैलाकांडी जिले में राज्य से जुड़ी रेल पटरियां कम से कम तीन स्थानों पर क्षतिग्रस्त हैं। उन्होंने कहा कि ‘गैर आधिकारिक’ नाकाबंदी से चिकित्सा खेप और कोविड-19 उपकरण सहित सभी आपूर्ति रुक गई है।

मिजोरम के सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री लालरुत्किमा ने कहा कि गैर-आदिवासियों सहित 30 से अधिक लोग वर्तमान में नाकाबंदी के कारण सिलचर के मिजोरम हाउस में फंसे हुए हैं। उन्होंने कहा कि मिजोरम के कई निवासी भी गुवाहाटी में फंसे हुए हैं।

संपर्क करने पर कछार पुलिस अधीक्षक रमनदीप कौर ने पीटीआई-भाषा को फोन पर बताया कि असम सरकार लोगों को मिजोरम की यात्रा करने के लिए प्रोत्साहित कर रही है, लेकिन कई लोग ‘‘प्रतिक्रिया के डर से’’ इसको लेकर अनिच्छुक हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘परामर्श वापस लेने से पहले ही, सरकार ने लोगों को मिजोरम की यात्रा करने के लिए प्रोत्साहित किया। ऐसा लगता है कि उनमें से कुछ अनिच्छुक हैं क्योंकि उन्हें हमला होने का डर है।’’

कौर ने यह भी कहा कि सिलचर और लैलापुर के बीच किसी स्थान पर अज्ञात लोगों द्वारा दो वाहनों में तोड़फोड़ की गई, जब उन्होंने बृहस्पतिवार को मिजोरम की ओर जाने की कोशिश की थी। उन्होंने कहा कि घटना की जांच शुरू कर दी गई है।

मिजोरम और असम सरकारें बृहस्पतिवार को सदियों पुराने सीमा विवाद का ‘‘स्थायी समाधान’’ खोजने और दोनों पक्षों के बीच तनाव को कम करने के लिए अंतरराज्यीय वाहनों की आवाजाही को फिर से शुरू करने सहित उपाय करने पर सहमत हुई थीं।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

क्रिकेटइंडियन प्रीमियर लीग में भुवनेश्वर कुमार ने जड़ा 'दोहरा शतक', ऐसा करने वाले दुनिया के दूसरे गेंदबाज, जानें पहले पायदान पर कौन?

क्रिकेट37 के साथ सबसे आगे CSK?, आईपीएल में सबसे ज्यादा 200 से अधिक रन बनाने वाली टीमें, देखिए टॉप-5 लिस्ट

क्राइम अलर्टमैडम दुकान के सामने गाड़ी मत लगाओ, ग्राहक को आने में दिक्कत होगी?, 78 वर्षीय दुकानदार को महिला उपनिरीक्षक ने थप्पड़ मारा, प्राथमिकी दर्ज

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों

पूजा पाठPanchang 06 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

भारत अधिक खबरें

भारतउच्च शिक्षा और अनुसंधान की चुनौतियां

भारतआदिवासी खेल: नई प्रतिभाओं की तलाश में एक सार्थक पहल

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं

भारतLadki Bahin Yojana Row: महाराष्ट्र में 71 लाख महिलाएं अयोग्य घोषित, विपक्ष ने किया दावा, सरकार की जवाबदेही पर उठाए सवाल