लाइव न्यूज़ :

महाराष्ट्र के औरंगाबाद और उस्मानाबाद का नाम बदला, उद्धव ठाकरे कैबिनेट ने दी मंजूरी, कांग्रेस ने पुणे का नाम बदलने की रखी मांग

By विनीत कुमार | Updated: June 29, 2022 19:04 IST

महाराष्ट्र सरकार ने औरंगाबाद शहर का नाम बदलकर उसे 'संभाजीनगर' रखने को मंजूरी दे दी है। साथ ही उस्मानाबाद का भी नाम बदलने को मंजूरी दी गई है।

Open in App
ठळक मुद्देऔरंगाबाद शहर का नाम बदलकर उसे 'संभाजीनगर' रखने और उस्मानाबाद का नाम 'धाराशिव' करने को मंजूरी।उद्धव ठाकरे सरकार ने कैबिनेट मीटिंग में बुधवार को लिया बड़ा फैसला।नवी मुंबई हवाई अड्डे का नाम बदलकर स्वर्गीय डीबी पाटिल अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे रखने को भी मंजूरी।

मुंबई: महाराष्ट्र में सियासी संकट के बीच उद्धव ठाकरे सरकार ने बुधवार को बड़ा फैसला लिया। राज्य की कैबिनेट ने औरंगाबाद शहर का नाम बदलकर उसे 'संभाजीनगर' रखने को मंजूरी दे दी। साथ ही उस्मानाबाद का नाम 'धाराशिव' कर दिया गया है। इसके अलावा नवी मुंबई हवाई अड्डे का नाम बदलकर स्वर्गीय डीबी पाटिल अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे रखने को मंजूरी दी गई है। 

इस बीच महाराष्ट्र कांग्रेस की ओर से बताया गया कि कैबिनेट मीटिंग में कांग्रेस के मंत्रियों ने पुणे शहर का भी नाम बदलने की मांग रखी। उन्होंने मांग की कि पुणे का नाम जिजाउ नगर रखा जाए। उप मुख्यमंत्री अजित पवार और कैबिनेट मंत्री छगन भुजबल कोरोना वायरस से संक्रमित होने के कारण बैठक में ऑनलाइन शामिल हुए।

उद्धव ठाकरे कैबिनेट की ओर से ये फैसले उस समय लिए गए हैं जब सरकार खतरे में है। शिवसेना के एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में कई विधायक बगवात कर चुके हैं। कई दिनों से जारी सियासी ड्रामे के बीच राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने उद्धव सरकार को गुरुवार को  फ्लोर टेस्ट का सामना करने के लिए कहा है। शिवसेना ने हालांकि इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।

दूसरी ओर एकनाथ शिंदे ने बुधवार को दावा किया कि उन्हें 50 विधायकों का समर्थन हासिल है और विधानसभा में संख्याबल की ‘किसी भी परीक्षा’ में वह उत्तीर्ण होंगे। शिंदे के अनुसार उन्हें समर्थन करने वाले विधायकों में शिवसेना के बागी सदस्य और निर्दलीय विधायक शामिल हैं। 

शिंदे ने कहा, ‘हमें कोई नहीं रोक सकता क्योंकि लोकतंत्र में संख्याबल और बहुमत सबसे अहम होता है। उन्होंने कहा, ‘किसी को भी देश के संविधान और नियमों से परे जाने की जरूरत नहीं है। यह महाराष्ट्र और हिंदुत्व की प्रगति के लिए है। बहुमत हमारे साथ है।’

टॅग्स :महाराष्ट्रऔरंगाबादPuneउद्धव ठाकरे
Open in App

संबंधित खबरें

भारतराष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टीः उत्तरार्द्ध में उत्तराधिकार के लिए संघर्ष

क्राइम अलर्ट2 क्रेडिट सोसायटी, 132 खाते, ₹62.74 करोड़ लेन-देन?, 'धर्मगुरु' ने कैसे दौलत बनाई?

क्राइम अलर्ट2022 में 37 वर्षीय विकास रामदास दिवाटे ने की थी आत्महत्या, सुसाइड नोट में अशोक खरात का जिक्र, स्वयंभू धर्मगुरु को लेकर खुल रहे राज

क्राइम अलर्टचंदोली गांवः महिलाओं से यौन संबंध और छेड़छाड़?, शिवदत्ता आश्रम 'महाराज' नवनाथ गावली के खिलाफ मामला

क्राइम अलर्ट8 महिला श्रमिकों की मौत, नागपुर-मुंबई एक्सप्रेसवे पर ट्रक-टेम्पो में टक्कर

भारत अधिक खबरें

भारतElection 2026: केरल में चुनावी हिंसा! शशि थरूर के काफिले पर हमला, गनमैन को भी पीटा, 5 धरे गए

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

भारतवाराणसी का रोम-रोम हुआ रोमांचित, दर्शकों ने देखा कैसा था सम्राट विक्रमादित्य का सुशासन, देखें Photos

भारतदिल्ली और उत्तरी भारत के कुछ हिस्सों में महसूस हुए भूकंप के झटके, अफगानिस्तान में आया भूकंप

भारतकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ग्रीनविच मीन टाईम को महाकाल स्टेंडर्ड टाईम में बदलने पर दिया जोर