नई दिल्लीः भारत सरकार ने नवरात्र और राम नवमी पर बड़ा तोहफा दिया है। भारत सरकार ने गुरुवार को सेना, नौ सेना और वायु सेना पदक से सम्मानित वीरता पुरस्कार विजेताओं को रेलवे में रियायत देने का आदेश जारी किया। आदेश के अनुसार ये पुरस्कार विजेता, उनके जीवनसाथी (पुनर्विवाह तक विधवा/विधुर) और अविवाहित मरणोपरांत पुरस्कार विजेताओं के माता-पिता, भारतीय रेलवे पर प्रथम श्रेणी, 2 एसी और एसी चेयर कार में एक साथी के साथ आजीवन निःशुल्क यात्रा के पात्र होंगे। मरणोपरांत पुरस्कार प्राप्त करने वाले अविवाहित व्यक्तियों के जीवनसाथी और माता-पिता को भी इसका लाभ दिया है।
फर्स्ट क्लास/2 AC/AC चेयर कार में एक साथी के साथ ज़िंदगी भर मुफ़्त यात्रा के तौर पर रेलवे रियायत दी जाएगी। साथ ही, भारतीय रेलवे और भारतीय सेना ने पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों के लिए सेवानिवृत्ति के बाद रोजगार के अवसर सृजित करने के लिए एक "सहयोग ढांचा" स्थापित किया है। इसमें रेलवे नौकरियों में महत्वपूर्ण समान आरक्षण और पॉइंट्समैन जैसे पदों के लिए त्वरित संविदा भर्ती शामिल है।
सेना और रेल मंत्रालय के वरिष्ठ के नेतृत्व में इस पहल का उद्देश्य सैन्य से नागरिक करियर में सुगम बदलाव सुनिश्चित करना है। रेल मंत्रालय के अनुसार यह रेलवे के भीतर रोजगार की संभावनाओं के बारे में जागरूकता भी बढ़ाएगा और सेवानिवृत्त कर्मियों की सहायता के लिए एक समर्पित सहायता प्रणाली का निर्माण करेगा।
पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए, लेवल-2/उससे ऊपर के पदों में 10% और लेवल-1 के पदों में 20% का क्षैतिज आरक्षण पूर्व सैनिकों के लिए निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त, लेवल-2/उससे ऊपर के पदों में 5% और लेवल-1 के पदों में 10% का आरक्षण पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित किया गया है।