छत्रपति संभाजीनगरः महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पूर्व मुख्यमंत्री विलासराव देशमुख का सम्मान करती है, क्योंकि उन्होंने राज्य के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनका यह बयान प्रदेश भाजपा प्रमुख रवींद्र चव्हाण की हालिया टिप्पणी को लेकर उपजे विवाद के मद्देनजर आया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि विलासराव देशमुख की निशानियां उनके गृह नगर लातूर में ‘‘मिटा दी जाएंगी।’’ चव्हाण ने सोमवार को ये टिप्पणियां की थीं।
इस पर कांग्रेस द्वारा तीखी प्रतिक्रियाएं व्यक्त किये जाने और पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे एवं बॉलीवुड अभिनेता रितेश देशमुख की भावुक प्रतिक्रिया के बाद, चव्हाण ने मंगलवार को माफी मांग ली। पंद्रह जनवरी को होने वाले महानगरपालिका चुनावों से पहले लातूर में विजय संकल्प सभा की रैली को संबोधित करते हुए फडणवीस ने कहा, ‘‘लातूर ने महाराष्ट्र को कई बड़े नेता दिए हैं, जिनमें (पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री) शिवराज पाटिल चाकूरकर और (पूर्व मुख्यमंत्री) शिवाजीराव पाटिल नीलांगेकर शामिल हैं। चाकूरकर ने लातूर के नगर परिषद प्रमुख के रूप में सेवा दी। वह लोकसभा अध्यक्ष भी बने।’’
फडणवीस ने कहा कि लातूर को नयी पहचान देने वाले पूर्व मुख्यमंत्री विलासराव देशमुख, एक ऐसा नाम है जिसका सम्मान दलगत भावना से ऊपर उठकर किया जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले नेताओं में उनका नाम प्रमुख है। देशमुख पर चव्हाण की टिप्पणी को लेकर उपजे विवाद पर फडणवीस ने कहा, ‘‘दो दिन पहले यहां भ्रम और अव्यवस्था का माहौल था।
हमारे (भाजपा के) प्रदेश अध्यक्ष (चव्हाण) यहां आए थे। वह कहना चाहते थे कि राजनीतिक रूप से हम यहां एक नया रिकॉर्ड बनाना चाहते हैं। लेकिन शायद उन्होंने गलत शब्दों का इस्तेमाल किया और बाद में माफी मांग ली।’’ उन्होंने कहा, ‘‘कांग्रेस पार्टी से हमारा मतभेद है, लेकिन हम विलासराव देशमुख का सम्मान करते हैं क्योंकि वह महाराष्ट्र के एक महत्वपूर्ण नेता हैं।
हमें अपने दिवंगत नेता गोपीनाथ मुंडे को भी याद रखना चाहिए, जिनका जन्म यहां नहीं हुआ था, लेकिन उन्होंने लातूर के लिए काम किया।’’ मुख्यमंत्री ने कहा कि लातूर की रेल कोच फैक्ट्री जल्द ही चालू हो जाएगी और यहां वंदे भारत ट्रेन के डिब्बों का निर्माण भी किया जाएगा, जिससे 10,000 लोगों को रोजगार मिलेगा।
उन्होंने लातूर से मुंबई तक एक नये एक्सप्रेसवे की भी घोषणा की, जिससे क्षेत्र के औद्योगिक विकास में मदद मिलेगी। भाजपा लातूर महानगरपालिका की सभी 70 सीटों पर गठबंधन के बिना चुनाव लड़ रही है। विपक्षी कांग्रेस भी सभी सीटों पर चुनाव लड़ रही है।
अपने गठबंधन पर विचार करना भाजपा का काम है: श्रीकांत शिंदे
शिवसेना सांसद श्रीकांत शिंदे ने बुधवार को कहा कि एआईएमआईएम या कांग्रेस के साथ अपने गठबंधन पर विचार करने का काम भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का है, लेकिन उनकी पार्टी कांग्रेस का विरोध करती रहेगी। पिछले महीने हुए नगर निगम चुनावों के बाद सत्तारूढ़ भाजपा ने अपने कट्टर प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस और अजीत पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के साथ ‘अंबरनाथ विकास आघाडी’ के बैनर तले गठबंधन करके ठाणे जिले में अंबरनाथ नगर पालिका परिषद का नेतृत्व संभाला और सहयोगी शिवसेना को दरकिनार कर दिया।
भाजपा ने अकोला जिले के अकोट नगर पालिका परिषद में भी अखिल भारतीय मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) और अन्य पार्टियों के साथ इसी तरह का गठबंधन किया। पत्रकारों से बात करते हुए श्रीकांत शिंदे ने कहा कि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने 2022 में अविभाजित शिवसेना के कांग्रेस के साथ गठबंधन को लेकर पार्टी नेतृत्व के खिलाफ बगावत की थी।
‘‘यह भाजपा पर निर्भर करता है कि वह इस बारे में सोचे…, चाहे अंबरनाथ में एआईएमआईएम के साथ गठबंधन करे या कांग्रेस के साथ। हमने हमेशा कांग्रेस के साथ हाथ मिलाने का विरोध किया है, इसीलिए एकनाथ शिंदे ने इस प्रवृत्ति के खिलाफ विद्रोह किया था। यहां तक कि शिवसेना के संस्थापक बालासाहेब भी कांग्रेस के विरोधी थे।’’
उन्होंने कहा, ‘‘कांग्रेस के प्रति हमारा विरोध पहले भी था और आगे भी रहेगा।’’ श्रीकांत शिंदे उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के पुत्र हैं। अंबरनाथ नगर पालिका परिषद उनके कल्याण लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है। भाजपा ने 60 सदस्यीय अंबरनाथ नगर परिषद में कांग्रेस और राकांपा के साथ चुनाव के बाद समझौता किया और 31 सीट पर बहुमत हासिल किया, जबकि शिवसेना 27 सदस्यों के साथ सबसे बड़ी पार्टी है। कांग्रेस ने बुधवार को अंबरनाथ में अपने सभी 12 नवनिर्वाचित पार्षदों और ब्लॉक अध्यक्ष को भाजपा के साथ गठबंधन करने के आरोप में पार्टी से निलंबित कर दिया।