लाइव न्यूज़ :

न्यायालय ने आम्रपाली के घर खरीदारों से बकाया चुकाने को कहा, नहीं तो रद्द हो सकते हैं फ्लैट

By भाषा | Updated: September 3, 2021 22:27 IST

Open in App

उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को आगाह किया कि आम्रपाली समूह के ऐसे फ्लैट खरीदार जो भुगतान योजना के अनुसार अपना बकाया नहीं चुका रहे हैं, उन्हें किसी भी तरह के भ्रम में नहीं रहना चाहिए क्योंकि उनके फ्लैट को रद्द किया जा सकता है और ऐसे फ्लैट को नहीं बिका हुआ माना जाएगा। न्यायमूर्ति यू यू ललित और न्यायमूर्ति अजय रस्तोगी की एक विशेष पीठ ने कहा कि घर खरीदारों की धारणा है कि अदालत उनके रुके हुए फ्लैटों के निर्माण को सुगम बना रही है और पैसे का प्रबंधन कर रही है और वे अपने हिसाब से, जब चाहें, अपने बकाया का भुगतान कर सकते हैं। पीठ ने कहा, "उन्हें अपनी भुगतान योजनाओं का सख्ती से पालन करना होगा अन्यथा उनकी इकाई के आवंटन को रद्द कर किया जाएगा और उन्हें बिना बिका माना जाएगा।"पीठ ने घर खरीदारों का जिक्र करते हुए कहा, "यह बहुत कुछ ऐसा है जैसे आपको लस्सी दी गई है और अब आप उसके ऊपर मलाई चाहते हैं।" न्यायालय ने यह टिप्पणी तब की जब ‘कोर्ट रिसीवर’ के रूप में नियुक्त वरिष्ठ अधिवक्ता आर वेंकटरमणि ने कहा कि 9,538 फ्लैटों की सूची में कुछ गलतियां देखी गई हैं, जिन पर दावे नहीं किए गए है या काल्पनिक नाम पर बुक किए गए हैं या बेनामी संपत्ति हैं। उन्होंने कहा कि इसे ठीक किया जा रहा है और अंतिम दो-तीन दिनों में सूची प्रकाशित कर दी जाएगी। अधिवक्ता एमएल लाहोटी ने कहा कि उन्होंने हाल ही में एनबीसीसी के अधिकारियों के साथ कुछ चर्चा की जिसमें उन्होंने कहा है कि अगर उन्हें 200 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए जाते हैं, तो कंपनी आम्रपाली समूह की रुकी हुई परियोजनाओं में करीब 2000-2500 फ्लैटों को दिसम्बर, 2021 तक सौंपने की स्थिति में होगी। फ्लैट खरीदारों की ओर से पेश हुए अधिवक्ता अंचित श्रीपत अधिवक्ता लाहोटी की सहायता कर रहे थे। पीठ ने लाहोटी से पूछा कि क्या सभी खरीदार, विशेष रूप से इन 2000-2500 इकाइयों के, भुगतान योजना के अनुसार 15 अक्टूबर तक अपना बकाया चुका पाएंगे। पीठ ने कहा कि वह यह निर्देश दे सकती है कि यदि खरीदार अपने बकाए का भुगतान करने में नाकाम रहते हैं तो फ्लैटों का उनका हक रद्द किया जा सकता है।पीठ ने कहा कि खरीदार फ्लैट चाहते हैं लेकिन पैसे का भुगतान नहीं करना चाहते हैं। वे बस यह चाहते हैं कि एनबीसीसी फ्लैटों का निर्माण कर उन्हें सौंप दे।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टमालदा में 7 न्यायिक अधिकारी को बनाया बंधक?, बागडोगरा हवाई अड्डे से मुख्य आरोपी अधिवक्ता मोफक्करुल इस्लाम अरेस्ट, अब तक 35 अरेस्ट, वीडियो

भारत7 न्यायिक अधिकारी और 9 घंटे तक बंधक?, मतदाता सूची से नाम हटाने पर बवाल, सीजीआई सूर्यकांत ने कहा-रात 2 बजे से निगरानी कर रहा?

भारतहिम्मत कैसे हुई ऐसा करने की?, वादी के पिता ने सीजेआई के भाई को फोन किया, नाराज न्यायाधीश ने कहा- क्या वह मुझे आदेश देंगे?

क्राइम अलर्टगुरुग्राम में 3 साल की बच्ची से बलात्कार?, उच्चतम न्यायालय ने कहा- आयुक्त से लेकर सब-इंस्पेक्टर तक नाकाम?, कानून का जरा भी सम्मान तो तबादला करो

भारतकानून की भावना का भी ध्यान रखना जरूरी

भारत अधिक खबरें

भारतLPG Cylinder Update: सिलेंडर के लिए अब लंबी वेटिंग खत्म! दिल्ली में बस ID कार्ड दिखाओ और 5KG सिलेंडर पाओ

भारतबाबा विश्वनाथ और ‘काशी कोतवाल’ काल भैरव में दर्शन-पूजन, सीएम योगी आदित्यनाथ पहुंचे मंदिर, वीडियो

भारतपश्चिम बंगाल चुनावः 4660 अतिरिक्त मतदान केंद्र?, कुल संख्या 85379 और 23 और 29 अप्रैल को 2 चरणों में पड़ेंगे वोट

भारतTamil Nadu Election 2026: क्या CBSE का नया सिलेबस भाषा विवाद की जड़? सीएम स्टालिन ने कहा- "भाषा थोपने का सुनियोजित प्रयास"

भारतFire Accident: ONGC मुंबई हाई प्लेटफॉर्म पर भीषण आग, 10 लोग घायल; राहत और बचाव कार्य जारी