लाइव न्यूज़ :

रुझान देख उछल रही है कांग्रेस, शायद भूल गई 'हार' को 'जीत' में बदलने का दम रखते हैं बीजेपी के 'चाणक्य' अमित शाह

By विकास कुमार | Updated: December 11, 2018 13:45 IST

भाजपा के लिए झटका छत्तीसगढ़ ही हैं क्योंकि पार्टी के नेताओं को ये मालूम था कि राजस्थान में वसुंधरा राजे के खिलाफ जबरदस्त माहौल है। इसलिए ऐसा नहीं लगता है कि ये मोदी लहर के खिलाफ मैंडेट है। राहुल गांधी के लिए लेकिन ये राहत की बात है कि कांग्रेस को थोड़ा संजीवनी मिला है।

Open in App

पांच राज्यों के नतीजे आने शुरू हो गए हैं। शुरूआती रुझानों में कांग्रेस सभी राज्यों में भाजपा पर भारी पड़ती हुई दिख रही है। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में कांग्रेस के सरकार बनने के संकेत दिख रहे हैं। कांग्रेस के कार्यकर्ता जश्न में डूब गए हैं। लेकिन अगर बहुत ज्यादा डूब गए हैं तो जरा ठहर जाए। मध्य प्रदेश में भाजपा भी कड़ी टक्कर दे रही है और अभी उतार-चढ़ाव वाले रुझान में कभी-कभी आगे भी निकल जा रही है। राजस्थान में भी भाजपा की सीटें शुरूआती रुझानों से बढ़ती हुई दिख रही हैं। और अन्य की संख्या 25 तक पहुंच गई है। 

मध्य प्रदेश और राजस्थान में कूल मिलाकर तस्वीर कभी भी बदल सकती है। राजस्थान में कांग्रेस सिंगल लार्जेस्ट पार्टी क्वे रूप में उभरेगी इसमें कोई शक नहीं है लेकिन पूर्ण बहुमत नहीं आने की स्थिति में अमित शाह का मैनेजमेंट और भाजपा के अथाह संसाधन के सामने टिक पाना मुश्किल होगा। ऐसे में कांग्रेस को उस तरह का समझौता करना पड़ सकता है जैसा कर्नाटक में करना पड़ा था। हां इतना तय है कि कांग्रेस को भी सरकार बनाने के लिए जोड़-तोड़ का सहारा लेना पड़ सकता है. 

सबसे ज्यादा चौंकाने वाला फैसला छत्तीसगढ़ से आया है। जहां एग्जिट पोल के नतीजे फेल हो चुके हैं। रमन सिंह को एंटी-इनकमबंसी का सामना करना पड़ रहा है। बताया जाता है कि वहां के किसान जो चावल की खेती करते थे वो रमन सिंह से नाराज थे। कांग्रेस यहां पूर्ण बहुमत से सरकार बनाती हुई दिख रही है। 

मध्य प्रदेश और राजस्थान पर ही भाजपा और अमित शाह का सबसे ज्यादा जोर होगा। क्योंकि छत्तीसगढ़ की बाजी इनके हांथ से निकल चुकी है। मध्य प्रदेश में जनता शिवराज सिंह चौहान को उतना ही मजबूत नेता मानती है जितना गुजरात में नरेन्द्र मोदी को माना जाता था। किसानों की नाराजगी का सामना करना पड़ रहा था लेकिन वहां के किसानों को ये मालूम है कि शिवराज के नेतृत्व में ही उनकी हालत सुधरी है। इसलिए मध्य प्रदेश में मामा को इतना हलके में नहीं लिया जा सकता है। 

भाजपा के लिए झटका छत्तीसगढ़ ही हैं क्योंकि पार्टी के नेताओं को ये मालूम था कि राजस्थान में वसुंधरा राजे के खिलाफ जबरदस्त माहौल है। इसलिए ऐसा नहीं लगता है कि ये मोदी लहर के खिलाफ मैंडेट है। राहुल गांधी के लिए लेकिन ये राहत की बात है कि कांग्रेस को थोड़ा संजीवनी मिला है। लेकिन जश्न में डूबने की जरुरत नहीं है। क्योंकि अमित शाह अभी बाकी है। 

टॅग्स :विधानसभा चुनावमध्य प्रदेश चुनावराजस्‍थान चुनावनरेंद्र मोदीअमित शाहकांग्रेसराहुल गांधी
Open in App

संबंधित खबरें

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

कारोबारवायनाड पुनर्वासः 200 से अधिक लोगों की मौत और 5.38 करोड़ रुपये खर्च?, कांग्रेस ने धनराशि का हिसाब किया सार्वजनिक

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतअल्पसंख्यकों पर हमला करने वाले लोगों के साथ सीएम विजयन?, राहुल गांधी ने कहा- 140 में से 100 सीट जीतकर बनाएंगे सरकार?, भाजपा 0 पर आउट?

कारोबारकेरलम विधानसभा चुनावः वृद्ध आबादी 16.5 प्रतिशत?, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा सबसे बड़े चुनावी मुद्दे?, देखिए किस दल ने क्या दिया तोहफा?

भारत अधिक खबरें

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं

भारतLadki Bahin Yojana Row: महाराष्ट्र में 71 लाख महिलाएं अयोग्य घोषित, विपक्ष ने किया दावा, सरकार की जवाबदेही पर उठाए सवाल

भारतयूपी बोर्ड ने 2026-27 के लिए कक्षा 9 से 12 तक NCERT और अधिकृत पुस्तकें अनिवार्य कीं

भारतपाकिस्तान के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ के कोलकाता पर हमले की धमकी वाले बयान पर सोशल मीडिया पर 'धुरंधर' अंदाज़ में आई प्रतिक्रिया

भारतबिहार में CM नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग को लेकर महिलाओं ने शुरू किया सत्याग्रह