लाइव न्यूज़ :

मध्य प्रदेश हनी ट्रैप मामला: आरोपी महिला ने बताया किस सॉफ्टवेयर के जरिए नेताओं और अफसरों के फोन किए जाते थे टैप

By पल्लवी कुमारी | Updated: October 1, 2019 13:11 IST

मध्य प्रदेश हनी ट्रैप मामला: इंदौर नगर निगम के इंजीनियर हरभजन सिंह की शिकायत पर पुलिस ने 19 सितंबर को हनी ट्रैप गिरोह का खुलासा किया था। गिरोह की पांच महिलाओं समेत छह सदस्यों को भोपाल और इंदौर से 18 एवं 19 सितंबर को गिरफ्तार किया गया।

Open in App
ठळक मुद्दे19 सितंबर 2019 को हनी ट्रैप गिरोह का औपचारिक खुलासा किया था, जिसके बाद गिरोह की पांच महिलाओं समेत छह सदस्यों को भोपाल और इंदौर से गिरफ्तार किया गया था।हनी ट्रैप गिरोह के सदस्य अपने जाल में फंसे धनी और रसूखदार लोगों के साथ अंतरंग पलों का वीडियो बनाने के लिए कैमरे लिपिस्टिक कवर और चश्मों मे छुपाकर रखते थे।

मध्य प्रदेश हनी ट्रैप कांड में आये दिन नए-नए खुलासे हो रहे हैं। अब जांच कर एसआईटी ने इस बात का दावा किया है कि अफसरों और नेता का फोन टैप करने के लिए एक सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल किया जाता था। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी श्वेता विजय जैन ने बंगलूरू की प्राइवेट कंपनी को फोन टैप करने और सर्विलांस का काम सौंपा था। हालांकि कंपनी के नाम का खुलासा नहीं किया गया है। इस मामले का खुलासा तब हुआ जब इंदौर नगर निगम के अधीक्षण इंजीनियर हरभजन सिंह की शिकायत पर पुलिस ने 19 सितंबर 2019 को हनी ट्रैप गिरोह का औपचारिक खुलासा किया था। गिरोह की पांच महिलाओं समेत छह सदस्यों को भोपाल और इंदौर से गिरफ्तार किया गया था।

खबर के मुताबिक, बंगलूरू की कंपनी नेताओं और अफसर के फोन टैपिंग के लिए पिगासस सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करती थी। पिगासस सॉफ्टवेयर उस वक्त चर्चा में आ गया था, जब 2016 में  एंटी वायरस सॉफ्टवेयर और सिक्योरिटी फर्म ने अपने ब्लॉग पोस्ट में कहा था कि पिगासस एक बहुत ही बड़ा जासूसी सॉफ्टवेयर है। जिसकी मदद से  आईफोन-आईपैड से लेकर किसी भी एंड्रॉयड फोन को हैक किया जा सकता है। इसके जरिए 24 घंटे तक नजर रखा जाता है। 

लोगों के वीडियो बनाने के लिए लिपिस्टिक एवं चश्मे में लगाये गये थे कैमरे

हनी ट्रैप गिरोह के सदस्य अपने जाल में फंसे धनी और रसूखदार लोगों के साथ अंतरंग पलों का वीडियो बनाने के लिए कैमरे लिपिस्टिक कवर और चश्मों मे छुपाकर रखते थे। पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह इन्हीं वीडियो की मदद से धनी एवं रसूखदार लोगों को ब्लैकमेल करता था। 

जानें कैसे हुआ मध्य प्रदेश हनी ट्रैप मामले का खुलासा 

इंदौर नगर निगम के इंजीनियर हरभजन सिंह की शिकायत पर पुलिस ने 19 सितंबर को हनी ट्रैप गिरोह का खुलासा किया था। गिरोह की पांच महिलाओं समेत छह सदस्यों को भोपाल और इंदौर से 18 एवं 19 सितंबर को गिरफ्तार किया गया।

हनी ट्रैप और ब्लैकमेल कर इस इंजीनियर से तीन करोड़ रुपये मांगने के आरोप में पुलिस ने इन्दौर और भोपाल से पांच युवतियों आरती दयाल (29), मोनिका यादव (18) श्वेता जैन (पति विजय जैन) (39), श्वेता जैन (पति स्वप्निल जैन) (48) और बरखा सोनी (34) को भारतीय दंड संहिता की धारा 405/19, 419, 420, 384, 506, 120-बी एवं 34 के तहत गिरफ्तार किया। 

इंदौर की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) रूचिवर्धन मिश्र ने बताया कि जांचकर्ताओं को संदेह है कि इस गिरोह ने महिलाओं का इस्तेमाल कर राजनेताओं और नौकरशाहों समेत कई रसूखदारों को भी जाल में फंसाया था और इन लोगों से धन उगाही के अलावा अपनी अलग-अलग अनुचित मांगें जबरन मनवायीं। गिरोह खुफिया कैमरों से अंतरंग पलों के वीडियो बनाकर अपने "शिकार" को इस आपत्तिजनक सामग्री के बूते ब्लैकमेल करता था। इनमें से कई वीडियो क्लिप सोशल मीडिया में वायरल भी हुए हैं। 

टॅग्स :मध्य प्रदेश
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

भारतMohan Yadav Bankura Visit: ममता अब दीदी नहीं, 'अप्पी' हो गई हैं?, पश्चिम बंगाल में जमकर गरजे सीएम मोहन

कारोबार1 अप्रैल को झटका, मध्य प्रदेश में दूध महंगा, 2-4 रुपये प्रति लीटर का इजाफा?

कारोबारविश्वनाथ मंदिर और महाकालेश्वर मंदिर ट्रस्ट के बीच एमओयू, सीएम मोहन यादव बोले- नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आगे बढ़ रहा देश

कारोबारMP-UP Sahyog Sammelan: मप्र-उप्र मिलकर लिखेंगे विकास की नई इबारत?, बाबा विश्वनाथ की शरण में सीएम डॉ. मोहन

क्राइम अलर्ट अधिक खबरें

क्राइम अलर्टपटना परसा बाजारः 3 साल की बच्ची से यौन उत्पीड़न, रिश्तेदार सहित 2 आरोपी अरेस्ट, अस्पताल में भर्ती मासूम?

क्राइम अलर्टपत्नी की गला रेतकर हत्या और पति ने खुद को चाकू से वार कर आत्महत्या का किया प्रयास

क्राइम अलर्टएक वर्ष से शादी का झांसा देकर नाबालिग लड़की से रेप, 23 वर्षीय प्रियेस रंजन अरेस्ट, दहेज में मांगे 500000 रुपये

क्राइम अलर्ट2 साल से चचेरे भाई से अवैध संबंध, भाई मेराज अली ने पैर पकड़ा और माता रबिया खातून-पिता मोहम्मद मनीर ने तकिये से मुंह दबा कर बेटी को मार डाला

क्राइम अलर्टबिहार सिपाही भर्ती घोटालाः मुश्किल में पूर्व डीजीपी एसके सिंघल?, ईओयू ने किया जवाब तलब, गंभीर खामियां सामने