नई दिल्लीः पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय (एमओपीएनजी) की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बुधवार को कहा कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई वृद्धि नहीं हुई है। मोदी सरकार ने पीएनजी उपभोक्ता के लिए घोषणा की है। नए गैस कनेक्शन लेने पर 500 रुपये तक गैस फ्री और सिक्योरिटी चार्ज कुछ नहीं लगेगा। 31 मार्च तक नए कस्टमर फायदा उठा सकते हैं। शर्मा ने बुधवार को कहा कि गैस सिलेंडर को लेकर अफवाहों पर विश्वास न करें। अब तक 26 राज्यों को 22,000 टन वाणिज्यिक एलपीजी आवंटित की जा चुकी है और पिछले 25 दिनों में 2.5 लाख नए एलपीजी कनेक्शन दिए गए हैं।
सरकार गैस नेटवर्क के विस्तार में तेजी लाने और एक ही ईंधन पर निर्भरता कम करने के उद्देश्य से जारी नए आदेश के तहत सरकार ने यह अनिवार्य कर दिया है कि जिन घरों में पाइपलाइन से प्राकृतिक गैस की सुविधा उपलब्ध है, वहां उपभोक्ताओं द्वारा इसका उपयोग न करने पर घरों में खाना पकाने के लिए इस्तेमाल होने वाली एलपीजी की आपूर्ति बंद कर दी जाएगी।'
पेट्रोलियम मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि केंद्र सरकार पाइपलाइन से आने वाली प्राकृतिक गैस (पीएनजी) को प्राथमिकता दे रही है, साथ ही यह भी बताया कि पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है और ईंधन की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। शर्मा ने बताया कि सरकार घरेलू स्तर पर पीएनजी की 100 प्रतिशत आपूर्ति सुनिश्चित कर रही है।
देश भर में पाइपलाइन बिछाने और विस्तार करने तथा प्राकृतिक गैस के बुनियादी ढांचे को विकसित करने के लिए एक अधिसूचना, सुव्यवस्थित और समयबद्ध ढांचा जारी किया है। पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच एलपीजी और ईंधन की कमी को लेकर जताई जा रही चिंताओं को दूर करते हुए, उन्होंने जनता से किसी भी अफवाह पर विश्वास न करने और घबराहट में खरीदारी से बचने का आग्रह किया।
सुजाता शर्मा ने कहा, “रिफाइनरियां अपनी पूरी क्षमता से काम कर रही हैं। हमारे पास प्रति वर्ष 26 करोड़ टन कच्चे तेल को रिफाइन करने की क्षमता है। पिछले दो दिनों में खुदरा दुकानों और पेट्रोल पंपों के बाहर लंबी कतारें देखी गई हैं और हमने लोगों को घबराकर खरीदारी करते हुए देखा है। मैं देश को आश्वस्त करना चाहती हूं कि हमारे पास पर्याप्त पेट्रोल और डीजल है।
पेट्रोल पंपों या पेट्रोल पंपों को आपूर्ति करने वाले टर्मिनलों में कोई कमी नहीं है। अफवाहों पर विश्वास न करें और घबराकर खरीदारी करने से बचें। डीजल और पेट्रोल की कीमतों में कोई वृद्धि नहीं की गई है।” उन्होंने आगे कहा, “घरेलू PNG कनेक्शन सरकार की प्राथमिकता है और उपभोक्ताओं को 100 प्रतिशत आपूर्ति उपलब्ध कराई जा रही है। उपभोक्ताओं को 100 प्रतिशत CNG भी उपलब्ध कराई जा रही है।”
शर्मा ने कहा, "पिछले 25 दिनों में 2.5 लाख नए कनेक्शन (PNG) दिए गए हैं। इसके अलावा, लगभग 2.20 लाख कंज्यूमर LPG से PNG पर शिफ्ट हुए हैं। इसके अलावा, 2.5 लाख नए एप्लीकेशन या रजिस्ट्रेशन मिले हैं। LPG की बात करें तो किसी भी डिस्ट्रीब्यूटरशिप पर कोई कमी नहीं है।
ऑनलाइन बुकिंग अच्छी है... लगभग 26 राज्यों ने अब तक 22,000 टन कमर्शियल LPG एलोकेट की है और यह एलोकेट पूरे देश में है। इस क्वांटिटी में राज्य सरकारों द्वारा एलोकेट किया गया एलोकेट और हमारी ऑयल मार्केटिंग कंपनियों द्वारा दी गई क्वांटिटी भी शामिल है। इन सभी कोशिशों का नतीजा है कि कल लगभग 30,005 किलोग्राम सिलेंडर बांटे गए।
केरोसिन की बात करें तो भारत सरकार ने सभी राज्य सरकारों को एक अल्टरनेटिव फ्यूल ऑप्शन के तौर पर एक्स्ट्रा एलोकेट किया है और लगभग 16 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में एलोकेट ऑर्डर जारी किए गए हैं... फिलहाल, भारत सरकार और राज्य सरकारें दोनों ही ब्लैक मार्केटिंग और जमाखोरी को रोकने की कोशिश कर रही हैं और इस मामले में राज्य सरकारों की भूमिका बहुत ज़रूरी है।
कल अलग-अलग राज्यों में लगभग 2700 छापे मारे गए और लगभग 2000 सिलेंडर ज़ब्त किए गए। पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्रालय की जॉइंट सेक्रेटरी (मार्केटिंग और ऑयल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने कहा, "... घरेलू PNG कनेक्शन भारत सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है और इनकी 100% सप्लाई की जा रही है।
इसी तरह, ट्रांसपोर्टेशन के लिए इस्तेमाल होने वाली CNG भी 100% कंज्यूमर्स को उपलब्ध कराई जा रही है... कई कंपनियों ने कई इंसेंटिव्स की घोषणा की है, जैसे ₹500 तक की फ्री गैस या सिक्योरिटी डिपॉजिट में छूट। राज्य सरकारों को भी लिखा गया है, उन्हें 10% कमर्शियल गैस और एक्स्ट्रा LPG देने का ऑफर दिया गया है।
दिल्ली में ही एक ऑर्डर जारी किया गया है, जिसमें रोड रेस्टोरेशन चार्ज माफ कर दिया गया है और 24X7 पाइपलाइन के काम की इजाजत दी गई है... कल भारत सरकार ने PNG कनेक्शन को बढ़ावा देने के लिए एक और गजट नोटिफिकेशन जारी किया। इसका मुख्य मकसद सभी राज्यों में PNG कनेक्शन के लिए एप्लीकेशन फीस और अप्रूवल टाइमलाइन को आसान बनाना है..."
उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण ने गैस, एलपीजी शुल्क लगाने को लेकर होटल, रेस्तरांओं को किया आगाह
केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) ने बुधवार को होटल और रेस्तरांओं को चेतावनी दी कि वे एलपीजी शुल्क और ईंधन लागत वसूली जैसे अतिरिक्त शुल्क न लगाएं। प्राधिकरण ने कहा कि ये अनुचित व्यापार गतिविधियां हैं और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्राधिकरण ने इसे उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 के तहत अनुचित व्यापार गतिविधियां करार दिया है और बताया है कि ‘मेन्यू’ में उल्लेखित मूल्य में केवल लागू कर ही जोड़े जा सकते हैं।