लाइव न्यूज़ :

नौवां बजट पेश करेंगी वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण?, जानिए कौन हैं ये 7 अधिकारी, तैयार कर रहे हैं लेखा-जोखा?

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: January 26, 2026 18:52 IST

Budget 2026-27: विभाग ऋण वृद्धि, डिजिटलीकरण और सामाजिक सुरक्षा पहल सहित सरकार के आर्थिक एजेंडे को आगे बढ़ाने में सहायक है।

Open in App
ठळक मुद्देBudget 2026-27: मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का तीसरा पूर्ण बजट होगा।Budget 2026-27: विभाग का नेतृत्व करने वाली पहली महिला आईएएस अधिकारी हैं।Budget 2026-27: उम्मीदों के बीच, राजस्व जुटाने में उनकी भूमिका काफी महत्वपूर्ण है।

नई दिल्लीः वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अपना लगातार नौवां बजट पेश करने की तैयारी कर रही हैं और इस काम में वित्त मंत्रालय के नौकरशाहों की एक अनुभवी टीम उनकी सहायता कर रही है। वित्त मंत्री 7.4 प्रतिशत की वृद्धि दर और अनिश्चित भू-राजनीतिक माहौल की पृष्ठभूमि में एक फरवरी को लोकसभा में बजट पेश करेंगी। यह मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का तीसरा पूर्ण बजट होगा।

बजट 2026-27 को तैयार करने की प्रक्रिया में शामिल प्रमुख अधिकारी निम्नलिखित हैं:

1. अनुराधा ठाकुर, आर्थिक मामलों की सचिव: ठाकुर बजट की मुख्य वास्तुकार हैं। विभाग के प्रमुख के रूप में वह संसाधनों के आवंटन और 2026-27 के लिए व्यापक आर्थिक ढांचे को तय करने वाली प्रमुख अधिकारी हैं। वह बजट प्रभाग का नेतृत्व करती हैं, जो बजट दस्तावेजों को तैयार करने के लिए जिम्मेदार है। हिमाचल प्रदेश कैडर की 1994 बैच की आईएएस अधिकारी ठाकुर का यह पहला बजट होगा, क्योंकि उन्होंने एक जुलाई, 2025 को इस विभाग की कमान संभाली थी। वह इस विभाग का नेतृत्व करने वाली पहली महिला आईएएस अधिकारी हैं।

2. अरविंद श्रीवास्तव, राजस्व सचिव: श्रीवास्तव कर प्रस्तावों (बजट भाषण का भाग-बी) के लिए जिम्मेदार हैं। उनकी टीम प्रत्यक्ष कर (आयकर, कॉर्पोरेट कर) और अप्रत्यक्ष कर (जीएसटी, सीमा शुल्क) का प्रबंधन करती है। हालांकि राजस्व सचिव के रूप में यह उनका पहला बजट होगा, लेकिन श्रीवास्तव वित्त मंत्रालय में अपने पिछले कार्यकाल में बजट प्रभाग के संयुक्त सचिव रह चुके हैं। इसके बाद, वह प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) चले गए थे, जहां उन्होंने अन्य मामलों के साथ वित्त मंत्रालय से जुड़े कार्यों को देखा। सीमा शुल्क और टीडीएस युक्तिकरण की उम्मीदों के बीच, राजस्व जुटाने में उनकी भूमिका काफी महत्वपूर्ण है।

3. वुमलुनमंग वुअलनाम, व्यय सचिव: वह 'खजाने के संरक्षक' के रूप में सरकारी खर्च, सब्सिडी को तर्कसंगत बनाने और केंद्रीय योजनाओं के कार्यान्वयन की निगरानी करते हैं। उनका विभाग राजकोषीय घाटे को प्रबंधित करने के लिए राजकोषीय अनुशासन लागू करता है और अगले वित्त वर्ष के लिए मार्गदर्शन प्रदान करता है।

4. एम नागराजू, वित्तीय सेवा सचिव: वित्तीय सेवा विभाग सरकार की वित्तीय समावेशन और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं को चलाने में शामिल है। उनका विभाग सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों, बीमा कंपनियों और पेंशन प्रणालियों की वित्तीय सेहत की निगरानी करता है। यह विभाग ऋण वृद्धि, डिजिटलीकरण और सामाजिक सुरक्षा पहल सहित सरकार के आर्थिक एजेंडे को आगे बढ़ाने में सहायक है।

5. अरुणिष चावला, निवेश और सार्वजनिक संपत्ति प्रबंधन विभाग (दीपम) सचिव: सरकार के विनिवेश और निजीकरण के मसौदे के लिए जिम्मेदार। वह केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों (सीपीएसई) में हिस्सेदारी बेचकर प्राप्त होने वाले गैर-कर राजस्व लक्ष्यों का प्रबंधन करते हैं।

6. के मोसेस चालई, सार्वजनिक उद्यम विभाग सचिव: इस विभाग के प्रमुख के रूप में वह चुनिंदा सार्वजनिक उपक्रमों की पूंजीगत व्यय योजनाओं और बजटीय आवंटन का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने के लिए जिम्मेदार हैं। उनका विभाग परिसंपत्ति मौद्रिकरण और सरकारी कंपनियों के समग्र वित्तीय स्वास्थ्य की निगरानी में भी भूमिका निभाता है। वित्त मंत्रालय के तहत आने वाले इन छह विभागों के अलावा मुख्य आर्थिक सलाहकार का कार्यालय भी बजट में महत्वपूर्ण सुझाव देता है।

7. वी अनंत नागेश्वरन, मुख्य आर्थिक सलाहकार: उनका कार्यालय महत्वपूर्ण इनपुट प्रदान करता है, जो बजट के लिए समग्र व्यापक आर्थिक संदर्भ को परिभाषित करता है। इसमें आर्थिक विकास का पूर्वानुमान लगाना, विभिन्न क्षेत्रों (कृषि, उद्योग, सेवा) के प्रदर्शन का विश्लेषण करना और वैश्विक जोखिमों का आकलन करना शामिल है। इसके अलावा, उनका कार्यालय प्रमुख आर्थिक सुधारों, राजकोषीय नीति और वित्तीय रणनीति पर वित्त मंत्री को सलाह भी देता है। 

टॅग्स :बजटबजट 2026नरेंद्र मोदीनिर्मला सीतारमणभारत सरकारFinance Commissionबजट 2024 उम्मीदेंFinance DepartmentBudget 2024 Expectations
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारयूपी में 10 वर्ष में ऐसे बढ़ा बजट का आकार?, 8.65 लाख करोड़ रुपए में से 2.85 लाख करोड़ रुपए नहीं हुए खर्च?

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

कारोबारMP-UP Sahyog Sammelan: मप्र-उप्र मिलकर लिखेंगे विकास की नई इबारत?, बाबा विश्वनाथ की शरण में सीएम डॉ. मोहन

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारGold Rate Today: 3 अप्रैल 2026 को सोना हुआ सस्ता, 24 कैरेट सोने की कीमत ₹ 1,50,865 प्रति 10 ग्राम

कारोबारदर्द कोई समझे, रील्स से बर्बादी तक?, कैसे पर्यटक और कंटेंट क्रिएटर्स पंपोर सरसों खेतों को पहुंचा रहे हैं नुकसान?

कारोबारईरान में फिर से फंसे सैकड़ों कश्मीरी छात्र?, 7 दिन के लिए बंद अजरबैजान सीमा

कारोबारपाकिस्तान में पेट्रोल की कीमत 458.40, केरोसिन दाम 457.80 और डीजल की कीमत 520.35 रुपये प्रति लीटर?

कारोबारPetrol, Diesel Price Today: बड़े शहरों में क्या है आज का रेट, यहां देखें पूरी लिस्ट