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पाकिस्तान: चार साल बाद देश लौटे नवाज शरीफ को अदालत से राहत, तोशाखाना मामले में जमानत मिली

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: October 24, 2023 21:19 IST

शरीफ इस्लामाबाद स्थित न्यायाधीश मुहम्मद बशीर की जवाबदेही अदालत में पेश हुए। अदालत ने चार साल बाद पाकिस्तान वापसी सुनिश्चित करने के लिए तोशाखाना मामले में उनकी गिरफ्तारी के आदेश को निलंबित कर दिया था।

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ठळक मुद्देनवाज शरीफ चार साल के स्व-निर्वासन के बाद लंदन से वापस आए हैंअब शरीफ के खिलाफ अदालती मामलों पर फिर से सुनवाई शुरू हो सकेगीतोशाखाना मामले में जमानत मिली

इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ चार साल के स्व-निर्वासन के बाद लंदन से वापसी पर पहली बार मंगलवार को अपने खिलाफ भ्रष्टाचार के मामलों के सिलसिले में एक स्थानीय अदालत में पेश हुए, जहां उन्हें तोशाखाना मामले में जमानत प्रदान की गई।

तीन बार के प्रधानमंत्री और पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के प्रमुख 73 वर्षीय शरीफ शनिवार को पाकिस्तान लौट आए। अब शरीफ के खिलाफ अदालती मामलों पर फिर से सुनवाई शुरू हो सकेगी, जो उनकी अनुपस्थिति के कारण रुक गई थी। शरीफ इस्लामाबाद स्थित न्यायाधीश मुहम्मद बशीर की जवाबदेही अदालत में पेश हुए। अदालत ने चार साल बाद पाकिस्तान वापसी सुनिश्चित करने के लिए तोशाखाना मामले में उनकी गिरफ्तारी के आदेश को निलंबित कर दिया था।

उपस्थिति यह प्रदर्शित करने के लिए महत्वपूर्ण थी कि शरीफ ने अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। न्यायाधीश द्वारा अदालत कक्ष में शरीफ को उपस्थित पाने के बाद उन्हें जाने की अनुमति दे दी गई। बशीर वही न्यायाधीश हैं, जिन्होंने शरीफ को एवेनफील्ड मामले में दोषी ठहराया था। अदालत ने शरीफ के गिरफ्तारी वारंट को मंगलवार तक के लिए निलंबित कर दिया था। इस मामले में पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के नेता आसिफ जरदारी और पूर्व प्रधानमंत्री यूसुफ रजा गिलानी भी सह-आरोपी हैं।

सुनवाई के दौरान, राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो (एनएबी) के अभियोजक ने दलील दी कि शरीफ ने आत्मसमर्पण कर दिया है, इसलिए उनका गिरफ्तारी वारंट रद्द किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘अगर वारंट रद्द कर दिया जाए तो मुकदमा आगे बढ़ सकता है।’’ बाद में न्यायाधीश ने 10 लाख रुपये के मुचलके पर शरीफ को जमानत प्रदान की। मामले की अगली सुनवाई 20 नवंबर के लिए सूचीबद्ध की गई। यह मामला इस आरोप पर आधारित है कि शरीफ, पूर्व राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी और पूर्व प्रधानमंत्री यूसुफ रजा गिलानी ने तोशाखाना से लक्जरी वाहन और उपहार प्राप्त किए थे। शरीफ को मंगलवार को एक और राहत उस समय मिली, जब पंजाब सरकार ने अल-अजीजिया मामले में उनकी सजा निलंबित कर दी।

‘डॉन’ अखबार की रिपोर्ट के अनुसार, पंजाब के सूचना मंत्री आमिर मीर और शरीफ के वकील अमजद परवेज ने इसकी पुष्टि की है। शरीफ को आज एवेनफील्ड और अल-अजीजिया मामलों के संबंध में इस्लामाबाद उच्च न्यायालय के समक्ष भी पेश होना है। अदालत ने उन्हें मंगलवार तक के लिए गिरफ्तारी से संरक्षण दिया था। पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने पाकिस्तान लौटने पर एवेनफील्ड अपार्टमेंट और अल-अजीजिया भ्रष्टाचार मामलों में अपनी सजा के खिलाफ लंबित अपीलों को सोमवार को नये सिरे से इस्लामाबाद उच्च न्यायालय में दायर किया था। पूर्व प्रधानमंत्री शरीफ को एवेनफील्ड और अल-अजीजिया मामलों में दोषी ठहराया गया था और तोशाखाना वाहन मामले में भगोड़ा घोषित किया गया था, जो इस्लामाबाद जवाबदेही अदालत के समक्ष लंबित है। जब शरीफ 2019 में चिकित्सा आधार पर ब्रिटेन के लिए रवाना हुए, तब वह इन मामलों में जमानत पर थे।

टॅग्स :नवाज शरीफपाकिस्तानकोर्ट
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