26 जनवरी 1950 को भारत का संविधान लागू किया गया था। देश में कानून का राज स्थापित करने के लिए संविधान को 26 नवम्बर 1949 को भारतीय संविधान सभा द्वारा अपनाया गया और 26 जनवरी 1950 को इसे एक लोकतांत्रिक सरकार प्रणाली के साथ लागू किया गया था। 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के रूप में मनाये जाने का एक वजह यह थी कि 1930 में इसी दिन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) ने भारत को पूर्ण स्वराज घोषित किया था। साल 2019 में भारत अपना 70वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। इस दिन राजधानी दिल्ली में परेड का आयोजन किया जाता है जिसमें भारतीय सशस्त्र बलों की ताकत का प्रदर्शन होता है। Read More
गणतंत्र दिवस के मौके पर देश के अलग-अलग राज्यों में स्कूलों में कई कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इन कार्यक्रमों में बच्चे हिस्सा लेते हैं और डांस, गाना, स्पीच आदि तमाम तरह की चीजें की जाती है। ...
आपको बता दें कि भारत का पहला राष्ट्रीय धव्ज 7 अगस्त, 1906 को कोलकाता के पारसी बागान स्क्वायर में फहराया गया था। भारत का तिरंगा तीन रंग का होता है और इन रंगों का अलग ही महत्व होता है। ...
आपको बता दें कि हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस इसलिए मनाया जाता है क्योंकि यह वही दिन जिस दिन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ब्रिटिश शासन के डोमिनियन स्थिति का विरोध करते हुए अंग्रजों के औपनिवेशिक शासन को खत्म करने की घोषणा की थी। ...
गणतंत्र दिवस समारोह में कर्तव्य पथ पर एक पारंपरिक मार्च पास्ट शामिल होता है जिसमें सशस्त्र बलों और अर्धसैनिक बलों के दलों द्वारा एक भव्य परेड शामिल होती है। ...
प्रशासन कहता है कि अर्द्धसैनिक बलों को नागरिकों में भरोसा कायम करने के इरादों से बुलाया गया है जबकि सच्चाई यह है कि अर्द्धसैनिक बलों की टुकड़ियों की गश्त उन्हें दहशतजदा कर रही है। ...
आपको बता दें कि रक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने पहले कहा था कि 74वां गणतंत्र दिवस समारोह पुनर्निमित सेंट्रल विस्टा एवेन्यू में होगा और सरकार ने जनता के लिए 32,000 टिकट ऑनलाइन बिक्री के लिए रखे हैं। ...