भारतीय संसद (राज्य सभा और लोक सभा) की हर साल होने वाली तीन बैठकों को संसद सत्र कहते हैं। इन सत्रों में सभी विधायी कार्य पूरे किये जाते हैं। भारतीय संविधान के अनुसार संसद के दो सत्रों के बीच छह महीने से ज्यादा अंतराल नहीं होना चाहिए। इस वजह से हर साल संसद के कम से कम दो सत्र जरूर आयोजित होते हैं।संसद का बज़ट सत्र फ़रवरी से मई के बीच आहुत होता है। संसद का मॉनसून सत्र जुलाई से सितम्बर के बीच आहुत होता है। संसद का शीतकालीन सत्र नवंबर से दिसंबर के बीच आयोजित होता है। बज़ट सत्र के दौरान भारत सरकार अपना सालाना या अंतरिम बज़ट पेश करती है। इस बज़ट में सरकार वार्षिक आय और व्यय का लेखा-जोखा पेश करती है। Read More
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ऐलान किया कि प्रवासी भारतीयों को स्वदेश वापसी के तत्काल बाद आधार कार्ड दिया जाएगा, अब तक 180 दिन इंतजार करना पड़ता था। उन्होंने बताया कि प्रवासी भारतीयों को भारतीय शेयर बाजारों में आसान पहुंच के लिये एनआरआई पोर्टफोलियो ...
मोदी सरकार ने ज्यादा कमाई करने वालों को झटका दिया है। अब 2 से 5 करोड़ रुपये सालाना कमाने वालों पर 3 फीसदी अतिरिक्त टैक्स लगेगा और साथ ही 5 करोड़ रुपये से अधिक कमाने पर 7 फीसदी अतिरिक्त टैक्स देना होगा। ...
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को घोषणा की कि सरकार सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में 70,000 करोड़ रुपये की पूंजी डालेगी। इससे इन बैंकों की ऋण देने की क्षमता बढ़ेगी। वित्त वर्ष 2019-20 का बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि सार्वजनिक क्षे ...
विदेश में रहने वाले भारतीयों के लिए सरकार ने बड़ा ऐलान किया है। अब NRI को भारत आते ही आधार कार्ड देने की सुविधा मिलेगी, साथ ही अब उन्हें 180 दिनों तक भारत में रहने की जरूरत नहीं है। ...
चार सालों में गंगा में माल परिवहन में चार गुने की वृद्धि होगी। सीतारमण ने कहा कि भारतमाला , सागरमाला और उड़ान जैसी योजनाएं ग्रामीण - शहरी क्षेत्र के बीच के अंतर को पाटने का काम कर रही हैं और परिवहन बुनियादी ढांचे में सुधार कर रही हैं। ...
‘‘हम जो भी करते हैं, सरकार के प्रत्येक कार्य एवं प्रत्येक योजना के केन्द्र में गांव, गरीब और किसान होता है।’’ उन्होंने कहा कि जो लोग कनेक्शन नहीं लेना चाहते, उन्हें छोड़कर 2022 तक प्रत्येक ग्रामीण परिवार में बिजली कनेक्शन और स्वच्छ ईधन आधारित रसोई सु ...
राजग सरकार ने अपने पहले कार्यकाल में ‘न्यू इंडिया’ के लिए काम शुरू कर दिया था। हमने अंतिम छोर तक कार्यक्रमों को पहुंचाया। अब कार्यक्रमों की रफ्तार तेज की जाएगी और लालफीताशाही को कम किया जाएगा। ...
अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में तत्कालीन वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने भी शाम पांच बजे बजट पेश करने की अतीत की परंपरा को बदला था। उसके बाद से सभी सरकारों में बजट सुबह 11 बजे पेश किया जाता रहा है। परंपरागत भारतीय व्यापारी अपना हिसाब-किताब बही खाता में रखत ...