सावन माह में भगवान शिव की आराधना उत्तम मानी गई है। भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए यह श्रेष्ठ माह माना जाता है। पूरे माह भक्त पूरी श्रद्धा से भगवान शिव और उनके परिवार की पूजा करते हैं। ...
समुद्रमंथन से जब विष बाहर आया, तो सभी ने कदम पीछे खींच लिए थे क्योंकि विष कोई नहीं पी सकता था। ऐसे में महादेव ने स्वयं विष (हलाहल) पिया और उन्हें नीलकंठ नाम दिया गया। ...
अमरनाथ यात्रा श्राइन बोर्ड के सारे अनुमान धरे रह गए हैं। जिस लोहे की ग्रिल का सहारा अमरनाथ के हिमलिंग को बचाने के लिए लिया गया था वह भी उसे पिघलने से इसलिए नहीं बचा पाई क्योंकि इस बार 18 फुट का हिमलिंग पिघल कर अब 2 फुट का रह गया है। ...
राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले के घाटेश्वर मंदिर से चुराई गई नटराज शिव/नटेश शिव की मूर्ति को 1998 से भी पहले चुराने की कई बार कोशिश की गई है। 2017 में पुष्टी हुई थी कि ये चुराई गई प्रतिमा भारत की है। ...
मान्यता है जो भी भक्त पूरी श्रद्धा भाव से सावन के महीने में भगवान शिव की आराधना करता है उसकी सभी तरह की मनोकामना सावन के महीने में भोले शंकर जरूर पूरी करते हैं। ...
Ardhanarishwar Shivling: भगवान शिव और मां पार्वती के अनेक मंदिरों के बारे में आपने सुना होगा और उनका दर्शन भी किया होगा। आइये आज आपको बताते हैं भगवान शिव के एक ऐसे इकलौते मंदिर के बारे में जहां शिव और मां पार्वती मिलन होता है। ...