ज्योतिष शास्त्र में मंगल ग्रह को मेष और वृश्चिक राशि का स्वामी माना जाता है। यह मकर राशि में उच्च भाव में होता है और कर्क राशि में नीच का कहलाता है। मंगल के गोचर से चार राशियों के जातकों के जीवन में दिवाली से पहले खुशियों का उजाल हो सकता है। ...
देवगुरु बृहस्पति 18 अक्टूबर मार्गी हो गए हैं। यह गुरु की नीच राशि मानी गई है। 20 नवंबर 2021 तक बृहस्पति देव इसी स्थिति में रहेंगे, इसके बाद ये कुंभ राशि में जाएंगे। ...
सूर्य ग्रह आज कन्या राशि से तुला राशि में प्रवेश कर गए हैं। इस राशि में सूर्य देव एक माह तक (16 नवंबर 2021 तक) विराजमान रहेंगे। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार तुला राशि में आने से सूर्य कमजोर हो जाता है। यह इसकी नीच राशि मानी जाती है। सूर्य के तुला राशि म ...
सूर्य ग्रह अक्टूबर 17 को दोपहर 01:28 बजे कन्या राशि से तुला राशि में प्रवेश करेंगे और 16 नवंबर 2021 तक इसी राशि में रहेंगे। मेष सूर्य की उच्च राशि है तो तुला में यह नीच भाव में होता है। ...