नई दिल्लीः कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और द्रमुक नेता कनिमोझी ने बुधवार को बैठक की, लेकिन तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए सीट बंटवारे को लेकर फिलहाल कोई सहमति नहीं बनी है । सूत्रों का कहना है कि सोनिया गांधी के आवास 10 जनपथ पर हुई इस बैठक में सीटों को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई। सूत्रों ने बताया, “दोनों नेताओं ने उन मुद्दों पर चर्चा की जिन्हें हल करने की आवश्यकता है। हालांकि बैठक में कांग्रेस की सीटों की संख्या पर चर्चा नहीं हुई।” कांग्रेस की तमिलनाडु इकाई के नेता इस बार विधानसभा चुनाव में कम से कम 30 सीटों पर चुनाव लड़ने के साथ सत्ता में समुचित भागीदारी चाहते हैं।
लेकिन द्रमुक कांग्रेस को पिछली बार के मुकाबले ज्यादा सीट देने की इच्छुक नहीं है। कांग्रेस 2021 में 25 सीटों पर चुनाव लड़ी थी। द्रमुक नेता और मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन के कांग्रेस नेतृत्व के साथ अच्छे संबंध हैं, ऐसे में इस मुद्दे के जल्द हल किए जाने की उम्मीद की जा रही है।
कांग्रेस के कुछ नेता तमिलनाडु में अभिनेता विजय की पार्टी, तमिलागा वेट्री कषगम (टीवीके) को भी गठबंधन के लिए एक विकल्प के तौर पर मानते हैं, हालांकि सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस नेतृत्व द्रमुक के साथ ही चुनाव में जाने का इच्छुक है। तमिलनाडु में आगामी अप्रैल-मई में विधानसभा चुनाव संभावित है।
तमिलनाडु में कांग्रेस टीवीके के साथ गठबंधन करे, विजय उसे सत्ता दिलाएंगे : चंद्रशेखर
अभिनय से राजनीति में आए विजय के पिता एस ए चंद्रशेखर ने कांग्रेस से अपील की है कि वह तमिलनाडु में अपनी पुरानी प्रतिष्ठा वापस पाने के लिए उनके बेटे की टीवीके पार्टी के साथ चुनावी गठबंधन करे। चंद्रशेखर ने बुधवार को तिरुवरूर में एक विवाह समारोह में शामिल होने के बाद संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) पार्टी आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को समर्थन पर विचार कर रही है। उन्होंने कहा, ‘‘कांग्रेस का लंबा इतिहास और विरासत है... विजय उसे समर्थन देने और उसकी पुरानी प्रतिष्ठा को वापस दिलाने में मदद को तैयार हैं।
अब यह कांग्रेस पर है कि वह इस अवसर का लाभ उठाए।’’ दिग्गज फिल्म निर्माता ने सुझाव दिया कि कांग्रेस को तमिलनाडु में अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता को फिर से बनाने के लिए विजय की पार्टी के साथ चुनावी गठबंधन करना चाहिए। चंद्रशेखर ने कहा, ‘‘वे (कांग्रेस) अन्य पार्टियों को समर्थन दे रहे हैं और उनका प्रभाव कम हो रहा है।
विजय उनका समर्थन करने और उन्हें उनकी पुरानी प्रतिष्ठा वापस दिलाने में मदद करने के लिए तैयार हैं। यह कांग्रेस पर निर्भर है कि वह इस अवसर का लाभ उठाए।’’ उन्होंने दावा किया कि कई लोगों ने उनके बेटे को विधानसभा चुनाव अकेले लड़ने की सलाह दी थी, क्योंकि गठबंधन के बिना चुनाव लड़ने पर उनकी जीत निश्चित है।
पिता ने दावा किया कि उनके बेटे का चुनावी भविष्य उज्ज्वल है। विजय, हालांकि अपने जनसंपर्क कार्यक्रमों में राज्य में सत्तारूढ़ द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) की कड़ी आलोचना करते हैं और विपक्षी ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) को वैचारिक शत्रु करार देते हैं। विजय ने केंद्र में सत्तारूढ़ और राज्य में अन्नाद्रमुक की सहयोगी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की भी कड़ी आलोचना की है।
उन्होंने दावा किया कि टीवीके सत्ता में आएगी और तमिलनाडु के विकास के स्वरूप को बदल देगी। तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी (टीएनसीसी) के अध्यक्ष के. सेल्वपेरुंथगई ने चंद्रशेखर के विचार को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि उनके नेता राहुल गांधी कांग्रेस को वह सारा ‘प्रोत्साहन’ दे रहे हैं, जिसकी पार्टी को जरूरत है।
सेल्वपेरुंथगई ने बुधवार को अरक्कोनम में संवाददाताओं से कहा, ‘‘हमारे कार्यकर्ताओं को देखिए, आप देखेंगे कि वे पहले ही ऊर्जावन हैं।’’ टीएनसीसी अध्यक्ष ने दोहराया कि कांग्रेस ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) में बना रहेगा।