लाइव न्यूज़ :

चीन में भारत के राजदूत विक्रम मिस्त्री ने कहा- गलवान घाटी पर चीन की सम्प्रभुता का दावा 'टिकने योग्य' नहीं

By सुमित राय | Updated: June 26, 2020 21:24 IST

चीन में भारत के राजदूत विक्रम मिस्त्री ने कहा कि गलवान घाटी पर चीन की सम्प्रभुता का दावा ‘टिकने योग्य’ नहीं है।

Open in App
ठळक मुद्देचीन में भारत के राजदूत विक्रम मिस्री ने चीन को कड़े शब्दों में चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि चीन लद्दाख में नए ढांचे बनाना बंद करे, तभी शांति स्थापित की जा सकती है।

भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख के गलवान घाटी में चल रहे विवाद के बीच चीन में भारत के राजदूत विक्रम मिस्त्री ने चीन को कड़े शब्दों में चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि वास्तविक नियंत्रण रेखा पर चीन के लिए सैन्य गतिरोध को समाप्त करने का एकमात्र तरीका है, वहां नए निर्माण बंद करना।

पीटीआई से बात करते हुए विक्रम मिस्त्री ने कहा कि गलवान घाटी पर चीन की सम्प्रभुता का दावा ‘टिकने योग्य’ नहीं है, ऐसे बढ़-चढ़ कर किए गए दावों से कोई मदद नहीं मिलने वाली है। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर यथा स्थिति को बदलने के चीन के प्रयासों का सीमा संबंधी द्विपक्षीय संबंधों पर 'प्रभाव पड़ेगा और प्रतिक्रिया होगी।'

उन्होंने कहा कि भारत ने हमेशा वास्तविक नियंत्रण रेखा के भारतीय इलाके में ही अपनी गतिविधियों को अंजाम दिया है। चीन को सीमा का उल्लंघन करने और वास्तविक नियंत्रण रेखा पर भारतीय इलाके में निर्माण का चलन बंद करना होगा। इसके साथ ही चीन को भारतीय सेना के सामान्य गश्त में अवरोध और बाधाएं उत्पन्न करना बंद करना चाहिए।

विक्रम मिस्त्री ने कहा कि जमीन पर यथास्थिति बदलने की चीन की कोशिशों से द्विपक्षीय संबंधों में दरार पैदा हो सकती है। उन्होंने कहा कि हाल ही में चीनी सेना की ओर से उठाए गए कदमों ने दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और भरोसे को काफी नुकसान पहुंचाया है। बेहतर संबंधों के लिए सीमा पर शांति बहुत जरूरी है।

लद्दाख में 15 जून को शहीद हुए थे 20 भारतीय जवान

बता दें कि सोमवार को लद्दाख के गलवान घाटी में चीनी सैनिकों के साथ खूनी झड़प में भारतीय सेना के एक कर्नल सहित 20 जवान शहीद हो गए थे। भारतीय सेना ने बताया है कि शहीद हुए जवानों में 15 जवान बिहार रेजिमेंट से थे। इसके अलावा पंजाब रेजिमेंड के 3, 81 एमपीएससी रेजिमेंट और 81 फील्ड रेजिमेंट के एक-एक जवान शहीद हुए।

मई के शुरू से एलएसी पर सैनिक और युद्ध सामग्री जुटा रहा चीन

भारत ने पूर्वी लद्दाख में गतिरोध के लिए बीजिंग को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा है कि चीन मई के शुरू से ही वास्तविक नियंत्रण रेखा पर बड़ी संख्या में सैनिक और युद्ध सामग्री जुटा रहा है और चीनी बलों का आचरण पारस्परिक सहमति वाले नियमों के प्रति पूर्ण अनादर का रहा है।

टॅग्स :लद्दाखचीनइंडिया
Open in App

संबंधित खबरें

भारतWest Asia Conflict: युद्धग्रस्त ईरान में फंसे 345 भारतीय, आर्मेनिया के रास्ते वतन लौटे; भारत की कूटनीतिक जीत

भारतPAN Card Update: घर बैठे सुधारें पैन कार्ड में मोबाइल नंबर या नाम, बस 5 मिनट में होगा पूरा काम; देखें प्रोसेस

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

विश्वअबू धाबी में रोकी गई ईरानी मिसाइलों के मलबे की चपेट में आने से घायल 12 लोगों में 5 भारतीय शामिल

भारतमाफ कीजिए मुनिश्रीजी, आप गलत बोल गए

भारत अधिक खबरें

भारतयूपी में स्थापना दिवस के जरिए लोगों के घर-घर पहुंचेगी भाजपा, लोगों को PM मोदी और योगी सरकार की उपलब्धियां बताएँगे पार्टी पदाधिकारी

भारतWATCH: बिहार के सारण जिले में जदयू के प्रखंड अध्यक्ष का एक लड़की के साथ अश्लील वीडियो वायरल, दोनों आपत्तिजनक अवस्था में थे खेत में एक लड़की नेता के पीछे भाग रही है

भारतबिहार में सत्ता हस्तांतरण को लेकर सियासी हलचल हुई तेज, 12 अप्रैल को नीतीश कुमार दे सकते हैं मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा, भाजपा में मुख्यमंत्री को लेकर जारी है मंथन 

भारत'वे बंगाल को खत्म करना चाहते हैं': ममता बनर्जी ने BJP पर साधा निशाना, चुनावों से पहले किसानों के लिए अलग से बजट का वादा किया

भारतIST की जगह 'महाकाल मानक समय'? शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने गणना ढांचे पर पुनर्विचार का दिया प्रस्ताव