लाइव न्यूज़ :

कुलदीप नैयर ने आखिरी लेख में मोदी सरकार को दी थी ये सलाह, पीएम मोदी के थे आलोचक

By भाषा | Updated: August 24, 2018 06:24 IST

कुलदीप नैयर 80 से ज्यादा अखबारों के लिए 14 भाषाओं में लेख लिखे हैं। 23 अगस्त 2018 को दिल्ली में उनका निधन हो गया।

Open in App

मुंबई, 24 अगस्त:  अपने निधन से कुछ ही घंटों पहले वरिष्ठ पत्रकार कुलदीप नैयर ने एक आलेख लिखा था, जिसमें उन्होंने मोदी सरकार से कहा था कि वह पूर्वोत्तर में अपने ‘‘हिंदुत्व के दर्शन’’ थोपने की बजाय उस क्षेत्र के विकास और सुशासन पर ध्यान दे। नैयर (95) का निधन बीती रात करीब 12:30 बजे दिल्ली के एक अस्पताल में हुआ। आज सुबह ‘लोकमत टाइम्स’ के नागपुर संस्करण में ‘‘इमिग्रेंट्स ऑर वोट बैंक्स (प्रवासी या वोट बैंक)’’ शीर्षक से प्रकाशित इस आलेख में नैयर ने यह भी लिखा कि यदि अवैध प्रवासियों पर लगाम लगाने और उन्हें भारत से वापस भेजने सहित पर्याप्त उपाय नहीं किए गए तो अवैध आव्रजन भारत के लिए सुरक्षा चुनौती बना रहेगा। नैयर ने लिखा कि केंद्र सरकार को पूर्वोत्तर में लंबित अंतर-राज्यीय मुद्दे, खासकर नगालैंड, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय के साथ असम का सीमा विवाद, सुलझाने के लिए कदम उठाने चाहिए।जानेमाने पत्रकार, स्तंभकार और लेखक नैयर ने लिखा कि मिजोरम और नगालैंड के साथ मणिपुर का भी सीमा विवाद है। फिर भी देश के कुछ हिस्सों में पूर्वोत्तर के लोगों, खासकर छात्र समुदाय, को प्रताड़ित करने जैसे कई अहम मुद्दों पर पूरा क्षेत्र एकजुट रहता है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर के सात में से छह राज्यों में भाजपा की अच्छी पैठ हो गई है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं उनकी पार्टी अच्छी तरह जानती है कि इस क्षेत्र में राजनीतिक वफादारी बहुत तेजी से बदल सकती है। नैयर ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार ने पूर्वोत्तर के विकास के लिए कई उपाय किए हैं और क्षेत्र के लोगों को भावनात्मक तौर पर जोड़ने के प्रयास किए हैं। आलेख में उन्होंने लिखा, ‘‘सत्ताधारी भाजपा को याद रखना चाहिए कि पूर्वोत्तर एक बहुलवादी समाज है जहां हिंदी पट्टी की तरह ज्यादा सांप्रदायिक हिंसा नहीं होती। सबसे पहले केंद्र को अपने हिंदुत्व के दर्शन थोपने की बजाय विकास एवं सुशासन पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए।’’ उन्होंने कहा कि अगले साल होने जा रहे आम चुनावों के मद्देनजर भाजपा पूर्वोत्तर की समस्याओं की अनदेखी नहीं कर सकती। नैयर ने लिखा कि क्षेत्र की 25 लोकसभा सीटों में असम से सबसे ज्यादा 14 सदस्य होते हैं और मोदी के लिए हर सीट जीतना जरूरी है। ‘लोकमत’ अखबार के समूह संपादक दिनकर रायकर ने पीटीआई-भाषा को बताया कि समूह के मराठी अखबार ‘लोकमत’ में यह आलेख कल प्रकाशित किया जाएगा।  रायकर ने बताया कि नैयर कुछ साल तक दिल्ली में ‘लोकमत’ के ब्यूरो प्रमुख थे। वह इस समूह के अखबारों में नियमित तौर पर आलेख लिखते थे। उन्होंने कहा, ‘‘उनके कुछ आलेखों का अनुवाद मराठी में भी होगा।’’  ‘लोकमत’ से नैयर का करीबी जुड़ाव याद करते हुए रायकर ने कहा कि वह औरंगाबाद में अखबार की शुरुआत के मौके पर अतिथि के तौर पर आए थे। 

टॅग्स :कुलदीप नैयरनरेंद्र मोदी
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

कारोबारMP-UP Sahyog Sammelan: मप्र-उप्र मिलकर लिखेंगे विकास की नई इबारत?, बाबा विश्वनाथ की शरण में सीएम डॉ. मोहन

भारत अधिक खबरें

भारततमिलनाडु चुनावों के लिए BJP का टिकट न मिलने के बाद अन्नामलाई ने दिया अपना स्पष्टीकरण

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

भारतबारामती विधानसभा सीटः सुनेत्रा पवार के खिलाफ प्रत्याशी ना उतारें?, सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा- निर्विरोध जिताएं, सभी दलों से की अपील

भारत'एकनाथ शिंदे और बलात्कार के आरोपी अशोक खरात के बीच 17 बार फोन पर बातचीत हुई', अंजलि दमानिया का आरोप

भारतमोथाबाड़ी में न्यायिक अधिकारी को किया अगवा और असली आरोपी फरार?, सीएम ममता बनर्जी ने कहा- निर्दोष लोगों को परेशान कर रही एनआईए