लाइव न्यूज़ :

भारतीय रेलवे का बडे़ पैमाने पर निजीकरण, 500 ट्रेनें और 750 स्टेशन को प्राइवेट कंपनियों के हाथों में सौपने को तैयार मोदी सरकार

By रामदीप मिश्रा | Updated: February 6, 2020 15:17 IST

Indian Railways Privatization: रेल मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि योग्यता के आधार पर मसौदे में छूट और रियायत समझौते पर प्रतिक्रिया लेने के लिए नीति आयोग और भारतीय रेलवे की वेबसाइटों पर मसौदे को अपलोड किया गया है। 

Open in App
ठळक मुद्देदेश की नरेंद्र मोदी सरकार भारतीय रेलवे की 500 ट्रेनों और 750 रेलवे स्टेशनों के रख-रखाव को प्राइवेट कंपनियों के हाथों में देने की तैयारी में है। सरकार रेलवे के बड़े पैमाने पर निजीकरण की योजना बना रही है।

देश की नरेंद्र मोदी सरकार भारतीय रेलवे की 500 ट्रेनों और 750 रेलवे स्टेशनों के रख-रखाव को प्राइवेट कंपनियों के हाथों में देने की तैयारी में है। इसके लिए खाका तैयार करने की बात कही जा रही है। सरकार रेलवे के बड़े पैमाने पर निजीकरण की योजना बना रही है। यहां तक की निजी कंपनियों से डिब्बे और इंजन को भी खरीदने की योजना है। कहा जा रहा है कि इस योजना को 2025 तक अमली जामा पहनाया जा सकता है। 

टीओआई की रिपोर्ट के अनुसार, इस तरह के प्रस्तावों को नेशनल इन्फ्रास्ट्रक्चर पाइपलाइन में शामिल किया गया है, जिसे अगले पांच वर्षों के लिए तैयार किया गया है। अभी तक रेल मंत्रालय ने सार्वजनिक रूप से कहा है कि सरकार निजी कंपनियों को 100 चिन्हित मार्गों पर 150 ट्रेन चलाने की अनुमति देना चाहती है।

मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि योग्यता के आधार पर मसौदे में छूट और रियायत समझौते पर प्रतिक्रिया लेने के लिए नीति आयोग और भारतीय रेलवे की वेबसाइटों पर मसौदे को अपलोड किया गया है। 

रेल मंत्रालय ने भारतीय रेलवे स्टेशनों डेवेलॉपमेंट निगम लिमिटेड (IRSDC), रेल भूमि विकास प्राधिकरण (RLDA) और अन्य केंद्रीय सरकारी एजेंसियों के माध्यम से रेलवे स्टेशनों के पुनर्विकास को लेकर सरलीकृत प्रक्रियाओं के माध्यम से और लंबे समय तक पट्टे देने के लिए योजना बनाई है।

वहीं,  IRSDC और RLDA रेलवे स्टेशनों के सामाजिक-आर्थिक व्यवहार का अध्ययन कर रही है। इस अध्ययन के रिजल्ट के आधार पर इन 750 रेलवे स्टेशनों के पुनर्विकास के लिए चरणबद्ध तरीके से कार्य करने की योजना बनाई जा रही है। स्टेशनों को दोबारा इस बात को ध्यान में रखते हुए विकसित किया जाएगा कि सुविधायों के लिहाज से आने जाने वाले यात्रियों को परेशानी न हो और भीड़भाड़ रहित वातावरण रहे।

टॅग्स :भारतीय रेलनरेंद्र मोदी
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

ज़रा हटकेVIRAL VIDEO: जब ट्रेन में जवानों के लिए 'देवदूत' बना टीटीई, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ दिल जीतने वाला पल

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

भारत अधिक खबरें

भारतघायल हूं इसलिए घातक हूं?, राघव चड्डा ने एक्स पर किया पोस्ट, मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया गया झूठ भी सच लगने लगता, वीडियो

भारत‘फ्यूचर सीएम ऑफ बिहार’?, निशांत कुमार को मुख्यमंत्री बनाओ, जदयू कार्यकर्ताओं ने पटना में लगाए पोस्टर

भारतअल्पसंख्यकों पर हमला करने वाले लोगों के साथ सीएम विजयन?, राहुल गांधी ने कहा- 140 में से 100 सीट जीतकर बनाएंगे सरकार?, भाजपा 0 पर आउट?

भारतआप इधर-उधर क्यों घूम रहे हैं?, स्कूल क्यों नहीं जाते?, तो जवाब देते कि बहुत दूर, सीएम योगी ने कहा- अब भैंस के साथ नहीं खेलते बच्चे?, वीडियो

भारतअल्केमिस्ट एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी प्राइवेट लिमिटेड केस से अलग हुए सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश न्यायमूर्ति केवी विश्वनाथन, आखिर कारण