लाइव न्यूज़ :

सपा-बसपा की जुदा हुई राय, जानिए- मायावती ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में क्या कहा

By रामदीप मिश्रा | Updated: June 4, 2019 12:14 IST

गठबंधन की हार को लेकर कहा है कि समाजवादी पार्टी के लोगों को खुद में सुधार लाने की आवश्यकता है और बीएसपी कैडर की तरह बीजेपी की घोर जातिवादी, सांप्रदायिक व जनविरोधी नीतियों से प्रदेश व देश के लोगों को मुक्ति दिलाने की आवश्यकता है।

Open in App
ठळक मुद्देमायावती ने कहा है कि उत्तर प्रदेश में होने वाले वाले उपचुनाव में वह अकेले ही मैदान में उतरेगी। इस चुनाव में एसपी से गठबंधन नहीं रहेगा।मायावती का कहना है कि कन्नौज में डिंपल, बदायूं में धर्मेंद यादव और फिरोजाबार में अक्षय यादव की हार हमें सोचने पर मजबूर करती है। इनकी हार का हमें भी बहुत दुख है। मायावती ने कहा कि अखिलेश यादव और उनकी पत्नी डिंपल यादव ने उन्हें बहुत इज्जत दी और उन्होंने भी उन्हें परिवार सदस्य माना है।

बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) और समाजवादी पार्टी (सपा) के बीच हुए गठबंधन में दरार पड़ना शुरू हो गई हैं। मंगलवार (4 मई) को बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने सपा को चेतावनी दे दी है कि अगर वह अपनी पार्टी की खामियों में सुधार नहीं करते हैं तो आने वाले दिनों में बीएसपी अकेले ही आगे बढ़ेगी। आइए आपको बताते हैं मायावती के प्रेस कॉन्फ्रेंस की कुछ महत्वपूर्ण बातें...

- मायावती ने कहा है कि उत्तर प्रदेश में होने वाले वाले उपचुनाव में वह अकेले ही मैदान में उतरेगी। इस चुनाव में एसपी से गठबंधन नहीं रहेगा।

- उनका कहना था कि लोकसभा चुनाव के बाद कहा कि सपा का वोट बीएसपी में गया है। ये बातें सोचने पर मजबूर करती हैं। यादव समाज के लोगों ने ही समाजवादी पार्टी को वोट नहीं दिया, ऐसे में उनसे बसपा के लिए उम्मीद करना ही बेकार है। 

- मायावती का कहना है कि कन्नौज में डिंपल, बदायूं में धर्मेंद यादव और फिरोजाबार में अक्षय यादव की हार हमें सोचने पर मजबूर करती है। इनकी हार का हमें भी बहुत दुख है। साफ है कि इन यादव बाहुल्य सीटों पर भी यादव समाज का वोट एसपी को नहीं मिला।

- मायावती ने तीन जून को दिल्ली में हुई समीक्षा बैठक का जिक्र करते हुए कहा कि समीक्षा बैठक में पाया गया है कि जिस उद्देश्य के साथ समाजवादी पार्टी से गठबंधन किया गया था उसमें सफलता नहीं मिली है। 

- गठबंधन की हार को लेकर कहा है कि समाजवादी पार्टी के लोगों को खुद में सुधार लाने की आवश्यकता है और बीएसपी कैडर की तरह बीजेपी की घोर जातिवादी, सांप्रदायिक व जनविरोधी नीतियों से प्रदेश व देश के लोगों को मुक्ति दिलाने की आवश्यकता है। इसका एक मौका समाजवादी पार्टी के लोगों ने गवां दिया है। लेकिन आगे इसी हिसाब से तैयारी करने की जरूरत है। 

- मायावती ने आगे कहा कि यदि मुझे लगेगा कि सपा प्रमुख अपने राजनीतिक कार्यों को करने के साथ-साथ अपने लोगों को निष्ठ भी बनाने में कामयाब हो जाते हैं तो जरूर आगे हम लोग साथ मिलकर चल सकते हैं। अगर वे किसी कारणवश इस काम में सफल नहीं हो पाते हैं तो हम लोगों का अकेले ही चलना बेहतक होगा। अभी ये परमानेंट ब्रेक नहीं लगा।  

- मायावती ने कहा कि अखिलेश यादव और उनकी पत्नी डिंपल यादव ने उन्हें बहुत इज्जत दी और उन्होंने भी उन्हें परिवार सदस्य माना है।

- उन्होंने कहा कि यह सारी बात मीडिया के सामने इस वजह से रखनी पड़ी है कि लोकसभा चुनाव के बाद कल हमने उत्तर प्रदेश की समक्षी बैठक बुलाई थी। उस बैठक को गलत तरीके से पेश किया, जिसकी वजह से आज मैंने सारी स्थिति स्पष्ट कर दी है।   

टॅग्स :मायावतीबहुजन समाज पार्टी (बसपा)समाजवादी पार्टीअखिलेश यादवउत्तर प्रदेश
Open in App

संबंधित खबरें

भारतयूपी में स्थापना दिवस के जरिए लोगों के घर-घर पहुंचेगी भाजपा, लोगों को PM मोदी और योगी सरकार की उपलब्धियां बताएँगे पार्टी पदाधिकारी

क्राइम अलर्टरिजवान अहमद को दिल्ली पुलिस ने उठाया?, मोबाइल, लैपटॉप की जांच, 2017 मुंबई बम विस्फोट को लेकर कार्रवाई

ज़रा हटकेVIRAL: बुलडोजर पर सवार होकर पहुंची विधायक, वायरल हुआ अनोखा अंदाज

भारतलखनऊ सहित यूपी के 17 शहरों में कूड़े का अंबार?, मतदान करने असम गए हजारों सफाईकर्मी, 12 अप्रैल को लौंटेगे?

ज़रा हटकेVIDEO: फर्रुखाबाद में दिल दहला देने वाला हादसा, Thar से दबकर बुजुर्ग महिला की मौत

भारत अधिक खबरें

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं

भारतLadki Bahin Yojana Row: महाराष्ट्र में 71 लाख महिलाएं अयोग्य घोषित, विपक्ष ने किया दावा, सरकार की जवाबदेही पर उठाए सवाल

भारतयूपी बोर्ड ने 2026-27 के लिए कक्षा 9 से 12 तक NCERT और अधिकृत पुस्तकें अनिवार्य कीं

भारतपाकिस्तान के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ के कोलकाता पर हमले की धमकी वाले बयान पर सोशल मीडिया पर 'धुरंधर' अंदाज़ में आई प्रतिक्रिया