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बिहारः पहली ही बारिश में धंस गई पटना की बेली रोड, सीएम नीतीश कुमार चिंतित, लिया हालात का जायजा

By एस पी सिन्हा | Updated: July 29, 2018 15:08 IST

घटना का जायजा लेने सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी पहुंचे। जहां उन्होंने घटना स्थल का निरीक्षण किया और अधिकारियों से बात कर घटना की पूरी जानकारी ली।

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पटना, 29 जुलाईःबिहार की राजधानी पटना में पहली हीं बारिश ने विकास की पोल खोलते हुए शहर की लाइफ लाइन मानी जाने वाली सडक बेली रोड को तहस नहस कर दिया है। जिसके चलते इस सडक को बंद कर देना पडा है। दरअसल, बेली रोड स्थित बीपीएससी कार्यालय के पास बेली रोड का एक बडा हिस्सा धंस गया है। 

बताया जाता है कि बेली रोड पर लोहिया पथ का कार्य चल रहा है। लगातार हो रही बारिश की वजह से निर्माणाधीन पुल के पास जम जमाव हो गया था। जिससे कारण मिट्टी कटाव होने के सडक के धंसने की बात कही जा रही है। एहतियात के तौर पर बेली रोड को हडताली मोड से शेखपुरा मोड तक बंद कर दिया गया है। वहीं, घटना का जायजा लेने सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी पहुंचे। जहां उन्होंने घटना स्थल का निरीक्षण किया और अधिकारियों से बात कर घटना की पूरी जानकारी ली।

इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि इस घटना में अगर कोई लापरवाही बरती गई है तो इसकी पूरी जांच की जायेगी। मुख्य सचिव पूरे स्थिति पर नजर बनाये हुए हैं। इसके साथ ही घटना को उन्होंने इस घटना को आगाह करने वाली घटना बताई। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह नेहरू पथ (बेली रोड) सैकडों साल पुराना है। अब तक कहीं कुछ नहीं हुआ था। सिर्फ पानी की वजह से ऐसा हुआ यह भी कहना ठीक नहीं होगा। इससे पहले और ज्यादा बारिश हुई है मगर कुछ हुआ नहीं। इस जगह से पहले सोन नदी बहती थी। बाद में नदी का रास्ता बदल गया। इसलिए जरूरी है कि इस जगह का वाटर लेवल की जांच की जाये ताकि वस्तु स्थिति का पता चल सके क्योंकि इसका कनेक्शन मेट्रो रेल से भी है। वाटर लेवल की जांच विशेषज्ञों से कराया जायेगा। साथ लोहिया पथ चक्र के विशेषज्ञों को भी पुन: इस बिंदु को ध्यान में रखते हुए जांच करने को कहा जायेगा।

वहीं, सड़क धंसने की सूचना मिलने के बाद अधिकारियों में हडकंप मच गया। आनन-फानन में कई अधिकारी मौके पर कैम्प कर रहे हैं। हालात का जायजा लेने के लिए पथ निर्माण मंत्री नंद किशोर यादव, जिलाधिकारी कुमार रवि, नगर विकास विभाग के प्रधान सचिव चैतन्य प्रसाद, परिवहन विभाग के सचिव संजय कुमार अग्रवाल, ट्रैफिक एसपी समेत कई आला अधिकारी घटना स्थल पर मौजूद है। वहीं, सडक को दुरुस्त करने का कवायद शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के सामने सबसे बडी चुनौती उक्त सडक पर यातायात व्यवस्था को जल्द से जल्द सुचारु करने की होगी। आज तड़के सुबह 4 बजे से ही इस सड़क पर परिचालन को बंद कर दिया गया है। गनीमत की बात यह है की आज रविवार होने के कारण ट्रैफिक पर दबाव कम है। नहीं, तो पटना थम जाता। अधिकारियों की मानें तो शाम तक एक तरफ से परिचालन प्रारंभ करने का प्रयास किया जा रहा है। कोशिश होगी की कल सुबह तक इस सड़क को परिचालन लायक दुरुस्त कर दिया जाये।

दूसरी ओर सड़क पर सियासत भी तेज हो गई है। राजद नेता और पूर्व मंत्री अब्दुल गफूर ने कहा कि जब से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भाजपा के साथ मिल कर सरकार बनाई है। इस तरह की गड़बडियां हो रही हैं। वहीं, आरोपों पर पलटवार करते हुए जदयू नेता अशोक चौधरी ने कहा कि विपक्ष को आरोप लगाने से पहले ये सोचना चाहिए था कि उक्त सड़क का निर्माण किसके कार्यकाल में शुरू हुआ था। सरकार बदलने से डीपीआर या कॉन्ट्रैक्टर नहीं बदलता है। 

टॅग्स :बिहारनितीश कुमार
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