लाइव न्यूज़ :

Bihar Ki Taja Khabar: क्वारंटाइन सेंटरों में प्रवासी मजदूरों की हालत देख भावुक हुए CM नीतीश कुमार, कही ये बात

By एस पी सिन्हा | Updated: May 24, 2020 18:41 IST

लॉकडाउन के दौरान बिहार सरका का कहना है कि बिहार के विकास में बिहारी श्रम को भागीदार बनाने का प्रयास जारी है। ऐसे में मुख्यमंत्री ने सभी क्वॉरंटाइन सेंटरों में रह रहे लोगों का पूरा डिटेल सर्वे कराने का निर्देश अधिकारियों को दिया है।

Open in App
ठळक मुद्देमुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पास बहुत बड़ा बाजार है और इसीलिए हमने उद्योग लगाने के लिए लोगों को प्रेरित किया है।मुख्यमंत्री ने कहा कि हम प्रयास करेंगे कि सबको यही रोजगार मिले और किसी को अकारण बिहार से बाहर नहीं जाना पड़े।

पटना: प्रवासियों से बातचीत करते हुए उनका दर्द सुनकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज भावुक हो गए। उन्होंने प्रवासियों से जब लॉकडाउन के बीच उनकी आपबीती सुनी तो उनसे रहा नहीं गया। दरअसल, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लगातार आज तीसरे दिन क्वॉरंटाइन सेंटरों का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए निरीक्षण कर रहे हैं। बिहार के 8 जिलों के 16 क्वॉरंटाइन सेंटर की मुख्यमंत्री ने तस्वीरें देखीं। 

इस दौरान वह प्रवासियों से बातचीत भी करते रहे, लेकिन आज तीसरे दिन की तस्वीर सबसे अलग थी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने तमाम प्रवासियों को यह भरोसा दिया कि राज्य में रोजगार सृजन पर सरकार नए सिरे से फोकस कर रही है। भागलपुरी सिल्क सहित मुंगेर में कपड़ा उद्योग की संभावनाओं को देखते हुए नए सिरे से वहां रोजगार पैदा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा बिहार में कपड़ा, जूता, बैग, फर्नीचर और साइकिल उद्योगों से जुड़ी असीम संभावनाओं को देखते हुए राज्य सरकार इन क्षेत्रों में मजदूरों को रोजगार मुहैया कराना चाहती है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पास बहुत बड़ा बाजार है और इसीलिए हमने उद्योग लगाने के लिए लोगों को प्रेरित किया है। प्रवासियों की दुख-तकलीफ सुनने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों को बाहर काफी कष्ट का सामना करना पड़ा। हम प्रयास करेंगे कि सबको यही रोजगार मिले और किसी को अकारण बिहार से बाहर नहीं जाना पड़े। सरकार सबके रोजगार के लिए नीति बनाकर काम कर रही है। 

बिहारी श्रम को बिहार के विकास में भागीदार बनाने का प्रयास जारी है। इसके लिए मुख्यमंत्री ने सभी क्वॉरंटाइन सेंटरों में रह रहे प्रवासियों का पूरा डिटेल सर्वे कराने का निर्देश अधिकारियों को दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कौन प्रवासी कहां से आया? क्या रोजगार करता था? उनको यहां कैसे रोजगार उपलब्ध कराए जा सकते हैं ताकि वह बाहर ना जाए। इसकी पूरी डिटेल रिपोर्ट तैयार होनी चाहिए।

टॅग्स :कोरोना वायरस लॉकडाउनकोरोना वायरसबिहारनीतीश कुमार
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टबिहार के मोतिहारी जिले में जहरीली शराब कांड में मरने वालों की संख्या हुई 10, कई लोगों की स्थिति अभी भी गंभीर

भारतबिहार में CM नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग को लेकर महिलाओं ने शुरू किया सत्याग्रह

क्राइम अलर्टबिहार की राजधानी पटना से सटे खगौल में अपराधियों ने खुद को कस्टम अधिकारी बताकर स्वर्ण व्यापारियों से लूटा 16 किग्रा सोना

भारतWATCH: बिहार के सारण जिले में जदयू के प्रखंड अध्यक्ष का एक लड़की के साथ अश्लील वीडियो वायरल, दोनों आपत्तिजनक अवस्था में थे खेत में एक लड़की नेता के पीछे भाग रही है

भारतबिहार में सत्ता हस्तांतरण को लेकर सियासी हलचल हुई तेज, 12 अप्रैल को नीतीश कुमार दे सकते हैं मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा, भाजपा में मुख्यमंत्री को लेकर जारी है मंथन 

भारत अधिक खबरें

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों

भारतउच्च शिक्षा और अनुसंधान की चुनौतियां

भारतआदिवासी खेल: नई प्रतिभाओं की तलाश में एक सार्थक पहल

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं