लाइव न्यूज़ :

शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया चार पैसे चढ़ा

By भाषा | Updated: June 25, 2021 10:56 IST

Open in App

मुंबई, 25 जून घरेलू शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच भारतीय रुपया शुक्रवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले चार पैसे चढ़कर 74.14 पर पहुंच गया।

अंतरबैंक विदेशी मुद्रा बाजार में घरेलू इकाई डॉलर के मुकाबले 74.15 पर खुली और फिर बढ़त के साथ 74.14 पर आ गई, जो पिछले बंद के मुकाबले चार पैसे की बढ़त दर्शाता है। हालांकि, इस दौरान रुपये ने 74.19 का निचला स्तर भी देखा।

रुपया गुरुवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 74.18 पर बंद हुआ था।

वैश्विक तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड वायदा 0.16 प्रतिशत बढ़कर 75.68 डॉलर प्रति बैरल हो गया।

इसबीच छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर की स्थिति को दर्शाने वाला डॉलर सूचकांक 0.05 प्रतिशत की गिरावट के साथ 91.76 पर आ गया।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारतWB Elections 2026: सुवेंदु अधिकारी या समिक भट्टाचार्य? अगर BJP जीतती है तो बंगाल का CM कौन होगा? अमित शाह ने दिया जवाब

भारतदेश के सबसे अनुभवी नेताओं में से एक हैं नीतीश कुमार?, पीएम मोदी ने दी बधाई, लिखा-फिर संसद में देखना बहुत सुखद

भारतउद्धव ठाकरे गुट के 9 में से 8 सांसदों के साथ उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के साथ गुप्त बैठक?, शिवसेना के स्वामित्व और चिह्न पर 24 अप्रैल को फैसला?

भारतनीतीश कुमार ने राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली, 14 फरवरी को देंगे बिहार के सीएम पद से इस्तीफा?

पूजा पाठतैयार हो जाइए! इस तारीख से शुरू होगा अमरनाथ यात्रा रजिस्ट्रेशन, ऐसे करें ऑनलाइन और ऑफलाइन आवेदन

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारकिसान को 9000, महिला को 3000 और ग्रेजुएट युवा को 3,000 रुपये?, भाजपा का 'संकल्प पत्र' जारी, अमित शाह ने खेला दांव, वीडियो

कारोबारनेपाल में पेट्रोल 17, किरोसिन-डीजल 25 रुपया महंगा?, सिलेंडर की कीमत में 100 रुपये की बढ़ोतरी, नई दरें 10 अप्रैल से लागू

कारोबारAgricultural Land Tax Rules: बिना टैक्स चुकाए कैसे बेचें अपनी कृषि भूमि? जानें टैक्स बचाने के कानूनी रास्ते

कारोबारPetrol-Diesel Price Today: ग्लोबल टेंशन के बीच तेल कंपनियों ने जारी किए नए दाम, जानें आज कितनी ढीली होगी जेब

कारोबारसावधानीपूर्वक निवेश से ठोस संपत्ति की ओर: निश्चित आय वालों का भूखंड की ओर बढ़ता रुझान