अनुराग कश्यप हमेशा ही अपनी बात को खुलकर रखने के लिए जाने जाते हैं। चुनाव हो या मॉब लिंचिंग अनुराग हर मुद्दे पर अपनी बात कहते हैं। रिसेंटली मॉब लिंचिंग को लेकर लिखे गए खत से सहमती जताने के बाद अनुराग को लगातार ट्रोल किया जा रहा है।
अनुराग ने एक बार फिर से मोदी सरकार को आड़े हाथों लिया है। अपने ट्वीटर अकाउंट पर अनुराग ने ट्वीट करके लिखा, 'यदि एक पत्र उन्हें इतना प्रभावित कर सकता है कि उन्हें झूठे आख्यानों को खोदकर रखने और सही चीजों के लिए आवाज उठाने वाले हस्ताक्षरकर्ताओं पर लगातार आरोपों को लगाने के लिए एक पूरी ट्रोल सेना की आवश्यकता होती है, तो कल्पना करें कि अगर हम शासन के प्रत्येक स्वयं सेवक पर सवाल उठाने लगे तो क्या होगा?'
बता दें अनुराग कश्यप इससे पहले भी मॉब लिंचिंग पर बातें रखते आए हैं। उनके ट्वीट देखकर आपको इस बात का अंदाजा हो जाएगा कि मॉब लिंचिंग के खिलाफ कानून बनाने को लेकर अनुराग अपनी बात रख रहे हैं।
किस किस ने लिखा लेटर
अदूर गोपालकृष्णन, मणि रत्नम, अनुराग कश्यप, बिनायक सेन, सौमित्र चटर्जी, अपर्ण सेन, कोंकणा सेन शर्मा, रेवती, श्याम बेनेगल, शुभा मुद्गल, अनुपम रॉय जैसी 49 हस्तियों के हस्ताक्षर से जारी की गई चिट्ठी में एंटी नेशनल और अर्बन नक्सल का टैग लगाने पर भी चिंता जताई गई है। साथ ही कहा गया है कि देश में एक ऐसा माहौल होना चाहिए जहां असहमति को कुचला नहीं जाना चाहिए।
हाल ही में अनुराग को जान से मारने की धमकी भी मिल चुकी हैं। अपने ट्विटर पर उन्होंने शेयर किया था कि उन्होंने पीएम मोदी को खत लिखा है। जिसके बाद एक ट्विटर यूजर ने अनुराग को जान से मारने की धमकी दी है। उसने हाल में अपनी रायफल और शॉटगन की सफाई की है और वह अनुराग से आमने-सामने मिलने का इंतजार कर रहा है।
इसके बाद अनुराग ने इस बात की गुहार मुंबई पुलिस से लगाई है। अनुराग ने इस मामले ने मुंबई पुलिस ने तुरंत शिकायत दर्ज करवाई है। इस पर मुंबई पुलिस ने ट्वीट करके कहा है कि साइबर पुलिस स्टेशन इस पर इस अकाउंट की डीटेल्स भेजी जा चुकी हैं। आपसे निवेदन है कि आप अपने नजदीकी पुलिस स्टेशन में इसके खिलाफ एक शिकायक दर्ज कराए ताकि इस पर कानूनी कार्यवाही की जा सके।