उत्तर प्रदेश में स्थित प्रयागराज भारत के प्राचीन शहरों में से एक है। हिंदू धर्म के मुताबिक प्रयागराज एक तीर्थ स्थल है। प्रयागराज से पहले इसका नाम इलाहाबाद था। ऐतिहासिक उल्लेख की बात करें तो इस शहर का इलाहाबाद नाम अकबर ने 1583 में दिया था। साल 2018 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इलाहाबाद का नाम प्रयागराज करने का ऐलान कर दिया है।दरअसल, गोमुख से इलाहाबाद तक जहां कहीं भी कोई सहायक नदी गंगा से मिलती है उस स्थान को प्रयाग कहा गया है, जैसे- देवप्रयाग, कर्णप्रयाग, रुद्रप्रयाग आदि। इस तरह जहां गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती का संगम है उसे प्रयागराज कहा जाएगा। इसे संगम नगरी, कुंभ नगरी और तीर्थराज भी कहा गया है। Read More
प्रयागराज में दिवंगत व्यक्ति की आत्मा की शांति के लिए अस्थि विसर्जन और पिंडदान जैसे अंतिम संस्कारों के लिए आए लोग अब यहां कोरोना वायरस के चलते हुए लॉकडाउन की वजह से फंस गए हैं। ऐसे में लोग अपने घरों को वापस नहीं जा पा रहे हैं। ...
विज्ञप्ति के मुताबिक, अभी तक कुल 23 संदिग्धों के नमूने जांच के लिए अधिकृत लैब भेजे गए थे जिसमें से 19 व्यक्तियों की रिपोर्ट नेगेटिव प्राप्त हुई है और एक व्यक्ति की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है जिसे कोविड एल-1 अस्पताल, कोटवा एट बनी के पृथक वार्ड में रखा गया ...
लॉकडाउन के कारण जिन गरीबों को और जरूरतमंदों को खाना नहीं मिल पा रहा उनके लिए पुलिस की मदद संजीवनी का काम कर रही है। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में पुलिस खुद खाना तैयार कर लोगों तक पहुंचा रही है। इस सेवा के लिए पुलिस गरीबों से एक भी पैसा नहीं ले रही है ...
सम्मेलन के मुख्य अतिथि रेल मंत्री पीयूष गोयल होंगे और सम्मेलन में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह, स्थानीय सांसद रीता बहुगुणा जोशी, फूलपुर से सांसद केशरी ...