संसद का शीतकालीन सत्र 18 नवंबर से शुरू होने जा रहा है और सत्र के दौरान नागरिकता विधेयक पेश करने की सरकार की योजना, जम्मू-कश्मीर की स्थिति, आर्थिक सुस्ती और बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव होने की संभावना है. शीतकालीन सत्र 13 दिसंबर तक चलेगा. नागरिकता (संशोधन) विधेयक को पारित कराने के अलावा इस सत्र के दौरान दो अहम अध्यादेशों को कानून में परिवर्तित कराना भी सरकार की योजना में शामिल है. Read More
Parliament Winter Session Live: वंदे मातरम् की 150 वर्ष की यात्रा अनेक पड़ावों से गुजरी है, लेकिन जब वंदे मातरम् के 50 वर्ष हुए, तब देश गुलामी में जीने के लिए मजबूर था। ...
विधेयक का मकसद यह पता लगाना है कि लोकतंत्र में प्राथमिकता किसकी होनी चाहिए - वह मतदाता जो अपने प्रतिनिधि को चुनने के लिए घंटों धूप में खड़ा होता है, या वह राजनीति, जिसके व्हिप का पालन करने के लिए प्रतिनिधि मजबूर हो जाता है।” ...
समाज सेवा की रही है, समाज के प्रति समर्पित होकर जितना कुछ अपने युवाकाल से लेकर अबतक वो करते रहे हैं, वो हम सभी समाज सेवा के प्रति रुचि रखने वाले लोगों के लिए प्रेरणा है, मार्गदर्शन है। ...
Parliament winter session: संसद देश के लिए क्या सोच रही है, संसद देश के लिए क्या करना चाहती है, संसद देश के लिए क्या करने वाली है, इन मुद्दों पर केंद्रित होना चाहिए। ...
मेरा सभी दलों से आग्रह है कि शीतकालीन सत्र में पराजय की बौखलाहट को मैदान नहीं बनना चाहिए और ये शीतकालीन सत्र विजय के अहंकार में भी परिवर्तित नहीं होना चाहिए। ...